दशहरा के बाद झारखंड सरकार बुलाएगी विधानसभा का विशेष सत्र, 1932 खतियान और आरक्षण का बिल होगा पेश

Updated at : 24 Sep 2022 8:36 AM (IST)
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दशहरा के बाद झारखंड सरकार बुलाएगी विधानसभा का विशेष सत्र, 1932 खतियान और आरक्षण का बिल होगा पेश

दुर्गा पूजा के बाद झारखंड सरकार विधानसभा का विशेष सत्र बुला सकती है. जहां 1932 खतियान आधारित स्थानीय नियोजन नीति और ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण का बिल पेश किया जायेगा. कई विधायक चाहते हैं कि इस बिल को जल्द से जल्द कानूनी जामा पहनाया जाए.

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रांची: दुर्गा पूजा के तुरंत बाद राज्य सरकार विधानसभा का विशेष सत्र बुलायेगी. इस सत्र में 1932 खतियान आधारित स्थानीय नियोजन नीति और ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण का बिल पेश किया जायेगा. राज्य सरकार इसकी तैयारी कर रही है. विभागों को आवश्यक निर्देश दिया गया है. इसी बीच विधायकों से राय भी ली गयी है. विधायक चाहते हैं कि जल्द इस बिल को पेश कर इसे कानून का रूप दिया जाये.

हालांकि बिल पेश करने के बाद सरकार इसे नौवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए केंद्र सरकार के पास भेजेगी. सूत्रों ने बताया कि 29 सितंबर को कैबिनेट की बैठक है. इसमें विधानसभा का विशेष सत्र आयोजित करने का प्रस्ताव आ सकता है. इसी में तिथि तय होगी. ज्ञात हो कि दशहरा पांच अक्तूबर को समाप्त हो रहा है. सरकार 15 अक्तूबर के बीच किसी भी दिन विशेष सत्र की तिथि घोषित कर सकती है.

14 सितंबर को कैबिनेट में आया था प्रस्ताव : 

सीएम हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में 14 सितंबर को हुई कैबिनेट की बैठक में 1932 खतियान आधारित स्थानीयता का प्रस्ताव पारित हुआ था. वहीं, ओबीसी का 27% आरक्षण किये जाने के साथ-साथ आदिवासी व अनुसूचित जाति का आरक्षण भी बढ़ाया गया था. साथ ही इसे नौवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए केंद्र से आग्रह करने की बात कही गयी थी.

कैबिनेट में कहा गया था कि राज्य में आरक्षण का दायरा बढ़ाकर 77% आरक्षण करने के प्रस्ताव को भी नौवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए केंद्र को भेजा जायेगा. कैबिनेट द्वारा एससी का आरक्षण 10 से बढ़ाकर 12% करने, एसटी का 26 से बढ़ाकर 28% करने और ओबीसी का आरक्षण 14 से बढ़ाकर 27% करने का प्रस्ताव पारित किया गया था. इडब्ल्यूएस के आरक्षण में कोई बदलाव नहीं हुआ था.

क्या है प्रावधान : 

जानकार बताते हैं कि सरकार को स्थानीय नियोजन नीति और आरक्षण के लिए विधानसभा में बिल पारित करना होगा. सरकार चाहती है कि जल्द विधानसभा में बिल पेश किया जाये. नवरात्र के कारण सरकार अभी विशेष सत्र नहीं बुला रही है, लेकिन नवरात्र समाप्त होते ही कभी भी विशेष सत्र बुला सकती है.

आंगनबाड़ी केंद्रों को मिलेगा बिजली-पानी : हेमंत

रांची. राज्य के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को सुसज्जित किया जायेगा. यहां बिजली-पानी और शौचालय समेत सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करायी जायेंगी. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को आंगनबाड़ी सेविका और सहायिकाओं को यह भरोसा दिलाया. उन्होंने यह भी कहा कि आपके सुरक्षित भविष्य के लिए मानदेय एवं सुविधाओं को लेकर सरकार आगे भी ठोस निर्णय लेती रहेगी.

दुर्गा पूजा के पहले ही 10 माह का बकाया मानदेय का भुगतान कर दिया जायेगा. सीएम ने बोनस देने की बात भी कही. इस अवसर पर सेविका- सहायिकाओं ने राज्य सरकार द्वारा चयन एवं मानदेय (अन्य शर्तों सहित ) नियमावली – 2022 को मंजूरी देने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रति आभार जताते हुए स्वागत और अभिनंदन किया.

ढोल-नगाड़ों से गूंजा सीएम आवास :

इसके पूर्व दोपहर में आंगनबाड़ी सेविकाएं ढोल-नगाड़ों के साथ मोरहाबादी से एक जुलूस के रूप में सीएम आवास पहुंची. सभी झूम रहे थे. लोक नृत्य करते हुए एक-दूसरे को अबीर-गुलाल भी लगा रहे थे. सीएम हेमंत को फुल-मालाओं से लाद दिया गया.

रिपोर्ट- सुनील चौधरी

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Sameer Oraon

लेखक के बारे में

By Sameer Oraon

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

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