राज्य सरकार के एक फैसला ने 50 से अधिक लोगों की छिनी नौकरी, जानें क्या है पूरा मामला

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सांकेतिक तस्वीर (AI GENERATED)

पूर्वी सिंहभूम जिले में अचानक 50 से अधिक सरकारी अफसरों और कर्मचारियों की नौकरी चली गई है. राज्य सरकार के एक फैसले ने विभिन्न विभागों में कार्यरत इन युवाओं को रातोंरात बेरोजगार कर दिया है. इस अप्रत्याशित घटनाक्रम से जिला प्रशासन में गहरा प्रशासनिक संकट पैदा हो गया है.

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जमशेदपुर: राज्य सरकार के एक फैसले ने पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन की पूरी व्यवस्था को हिलाकर रख दिया है. एक दिन पहले तक विभिन्न सरकारी कार्यालयों में अफसर और कर्मचारी बनकर दायित्व संभाल रहे लोग 24 घंटे के भीतर बेरोजगार हो गए. जेपीएससी और झारखंड संयुक्त प्रवेश परीक्षा से चयनित होकर पूर्वी सिंहभूम जिले में पदस्थापित व प्रशिक्षण ले रहे 50 से अधिक अधिकारियों व कर्मचारियों ने बुधवार से कार्यालय आना बंद कर दिया है.

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नौकरी गंवाने वाले इन युवाओं का आक्रोश रांची स्थित प्रोजेक्ट भवन स्थित सचिवालय के बाहर भी देखने को मिला. वर्षों बाद नए अधिकारियों और कर्मियों के आने से जिले में विकास कार्यों को गति मिली थी, लेकिन इस अप्रत्याशित घटनाक्रम से जिला प्रशासन के सामने गहरा प्रशासनिक संकट खड़ा हो गया है.

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कौन-कौन थे शामिल?

विभिन्न विभागों के दर्जनों अफसर व कर्मी नदारद कार्यालय आना बंद करने वालों में जमशेदपुर प्रखंड सह अंचल में मार्च 2026 से ट्रेनिंग ले रहे 10 प्रशिक्षु उपसमाहर्ता (डिप्टी कलेक्टर) शामिल हैं. इसके अलावा जमशेदपुर जिला कोषागार में 7 और घाटशिला उपकोषागार में प्रशिक्षण ले रहे 6 वाणिज्य कर पदाधिकारी (सेल्स टैक्स अफसर), राजस्व विभाग के 7 सीआइ, खाद्य आपूर्ति विभाग के 12 मार्केटिंग ऑफिसर व प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी (बीएसओ), 8 प्रखंड कल्याण पदाधिकारी तथा प्रखंडों में पदस्थापित श्रम पदाधिकारी शामिल हैं.

जिला प्रशासन पर असर, फिर बनी प्रभार वाली स्थिति

सरकार के इस फैसले का जमशेदपुर जिला प्रशासन के कामकाज पर व्यापक असर पड़ा है. बड़ी संख्या में अधिकारियों व कर्मियों के अचानक हटने से विभागों में एक बार फिर 'प्रभार' वाली स्थिति बन गई है. कई महत्वपूर्ण विभागों का काम प्रभावित होने से विकास योजनाओं को समय पर पूरा करने की चुनौती खड़ी हो गई है. नई व्यवस्था बनने तक आम जनता को भी अपने कार्यों के लिए परेशानियों से जूझना पड़ेगा. फिलहाल जिला प्रशासन पूर्व के नोटिफिकेशन को रद्द करने संबंधी आधिकारिक पत्र का इंतजार कर रहा है.

आदेश मिलते ही उसका पूरी तरह अनुपालन किया जाएगा: उपायुक्त

झारखंड सरकार से झारखंड लोक सेवा आयोग से चयनित नव नियुक्त व ट्रेनिंग ले रहे अधिकारियों और कर्मचारियों को लेकर आगे की कार्रवाई को लेकर विभागीय आदेश अब तक नहीं मिला है. आदेश मिलते ही उसका पूरी तरह अनुपालन किया जाएगा.

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Sanjeev Bhardwaj

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