आइएमए भवन में हार्ट पर सेमिनार
जमशेदपुर : किसी व्यक्ति की मेन धमनी में ब्लॉक हो जाने पर उसकी सर्जरी ही एक मात्र इलाज है. दवा से इसे ठीक नहीं किया जा सकता है. उसका इंडोवैस्कुलर स्टंट ड्राफ्टिंग विधि से ऑपरेशन किया जाता है.
उक्त बातें साकची स्थित आइएमए भवन में हार्ट पर आयोजित सेमिनार में उपस्थित बीएम बिड़ला हार्ट रिसर्च सेंटर के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ ललित कपूर ने कहीं. उन्होंने कहा कि इस दौरान धमनी के साइज बढ़ने से इसके फटने का डर रहता है. यह बीमारी सबसे ज्यादा बुढ़ापा में होती है.
उन्होंने उपस्थित डॉक्टरों को बताया कि 65 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को तीन प्रतिशत, जबकि सिगरेट पीने वालों में छह प्रतिशत बीमारी होने का चांस रहता है. समारोह के मुख्य वक्ता को आईएमए की ओर से एमजीएम अस्पताल के अधीक्षक डॉ. विजय शंकर दास ने स्मृति चह्नि देकर सम्मानित किया. इस दौरान मुख्य रूप से डॉक्टर ए सी अखौरी, डॉ मृत्युंजय सिंह, डॉ संतोष गुप्ता, डॉ जी सी मांझी,डॉ. मिंटू अखौरी सिन्हा,डॉ. विनीता सहाय सहित अन्य कई डॉक्टर मौजूद थे.
