साहब, कभी कोंजाली गांव झांक लीजिये, क्या है जिंदगी
Published by : VIKASH NATH Updated At : 14 Sep 2025 8:06 PM
साहब, कभी कोंजाली गांव झांक लीजिये. कैसे लोग रहते हैं
महीपाल सिंह, पालकोट साहब, कभी कोंजाली गांव झांक लीजिये. कैसे लोग रहते हैं. एकबार देखिये. चलने लायक सड़क नहीं है. कीचड़ भरे रास्ते से होकर लोग सफर करते हैं. यह कहना, पालकोट प्रखंड के बंगरु पंचायत स्थित कोंजाली गांव के ग्रामीणों की है. गांव की सड़क कीचड़मय होने से तीन सौ लोगों को आवागमन में समस्या हो रहा है. गांव की प्रेमदानी मिंज ने कहा कि हमारे गांव का मुख्य पथ है. इसी पथ से हम गांव के लोग बाहर जाते हैं और ऐसा हाल हो गया है कि आने जाने में बहुत मुश्किल हो रहा है. शारदा देवी ने कहा कि हमारे गांव की मुख्य पथ को हमारे पंचायत जनप्रतिनिधि ध्यान नहीं देते हैं. ध्यान नहीं देने के कारण सड़क पर कीचड़ जमा हो गया है. गत मंगलवार को हमारे गांव की महिला तालाब में डूब गयी थी. पर कीचड़ की वजह से 108 एंबुलेंस गांव नहीं पहुंचा और महिला को ले जाने में बहुत कठिनाई हुई और उसकी मौत हो गयी. प्रशासन पहल करे. गांव की महिला सह वार्ड सदस्य रवीना एक्का ने कहा कि मैं अपने पंचायत सचिव को आवेदन दे दी हूं. बहुत जल्द रोड की समस्या का निराकरण हो जायेगा. संदीप तिर्की ने कहा कि रोड नहीं रहने से दुख तकलीफ में भारी समस्या हो रही है. अधिकारी लोग को मालूम होने से हमारे गांव का मुख्य पथ का निराकरण जरूर करेंगे. रामदेव सिंह ने बताया कि यह रोड की समस्या तीन वर्ष से है. इसी पथ से रोजाना दर्जनों स्कूली बच्चे हमारे गांव से पालकोट या अन्य जगहों पढ़ाई करने जाते हैं. अगर हमारे पंचायत की मुखिया का ध्यान होगा, तो हमारे गांव की मुख्य पथ का निराकरण होगा.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










