ePaper

गुमला को बाल विवाह मुक्त जिला बनाने का संकल्प

Updated at : 16 Jan 2026 10:51 PM (IST)
विज्ञापन
गुमला को बाल विवाह मुक्त जिला बनाने का संकल्प

अनुमंडल स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन

विज्ञापन

गुमला. जिला प्रशासन व जिला समाज कल्याण विभाग के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार को गुमला अनुमंडल में सामाजिक कुरीति निवारण योजना एवं बाल विवाह मुक्त झारखंड अभियान के तहत अनुमंडल स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया. इसमें गुमला अनुमंडल के सभी प्रखंडों से आंगनबाड़ी सेविका व सहायिका, सहिया, पंचायत सचिव, मुखिया, महिला पर्यवेक्षक, सीडीपीओ, बीडीओ (बिशुनपुर, घाघरा, भरनो, सिसई), अंचलाधिकारी समेत बड़ी संख्या में विभागीय पदाधिकारी व जनप्रतिनिधि उपस्थित थे, मुख्य अतिथि अनुमंडल पदाधिकारी राजीव नीरज, डीएसपी वीरेंद्र टोप्पो, गुमला एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सुरेश प्रसाद यादव थे. जिला समाज कल्याण पदाधिकारी गुमला की आरती कुमारी ने कार्यशाला के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि राज्य सरकार व जिला प्रशासन बाल विवाह व डायन प्रथा जैसी सामाजिक कुरीतियों के उन्मूलन के लिए पूरी सक्रियता के साथ निरंतर कार्य कर रहे हैं. कहा कि प्रशासनिक प्रयासों के साथ-साथ सभी विभागों, जनप्रतिनिधियों व समुदाय की एकजुट भागीदारी से ही इन कुरीतियों पर प्रभावी रोक संभव है. कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह पर आधारित जागरूकता फिल्म का प्रदर्शन किया गया. इसके बाद अनुमंडल पदाधिकारी गुमला द्वारा सभी उपस्थित प्रतिभागियों को बाल विवाह एवं डायन प्रथा के विरुद्ध शपथ दिलायी गयी, जिसमें सभी ने अपने-अपने क्षेत्रों में सतत निगरानी, समय पर सूचना साझा करने व प्रशासन के साथ समन्वय बना कर कार्य करने का संकल्प लिया. इसके बाद मिशन शक्ति, राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं, बाल विवाह एवं सामाजिक कुरीतियों पर आधारित फिल्मों के माध्यम से प्रतिभागियों को जानकारी दी गयी.

बाल विवाह समाज के लिए एक गंभीर चुनौती : एसडीओ

एसडीओ राजीव नीरज ने कहा कि बाल विवाह समाज के लिए एक गंभीर चुनौती है. जिसके विरुद्ध जिला प्रशासन पूरी प्रतिबद्धता एवं समन्वय के साथ कार्य कर रहा है. उन्होंने सभी अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों व प्रतिभागियों से अपील की कि वे आपसी एकजुटता के साथ प्रशासन का सहयोग करें तथा मिली जानकारी को समाज तक पहुंचायें. सहायक निदेशक (समाज कल्याण विभाग) ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा बाल विवाह मुक्त झारखंड के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए विभिन्न योजनाएं व अभियान संचालित किये जा रहे हैं.

लोग अपने सोच में बदलाव लायें : एसडीपीओ

एसडीपीओ सुरेश प्रसाद यादव ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा लागू कानूनों व अभियानों को सफल बनाने के लिए समाज के सोच में बदलाव और हितधारकों की एकजुटता आवश्यक है. उन्होंने मिशन शक्ति एवं बाल विवाह रोकथाम से जुड़े प्रावधानों की जानकारी दी. डीएसपी वीरेंद्र टोप्पो ने कहा कि बाल विवाह एवं सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध जिला प्रशासन सजगता के साथ कार्य कर रहा है. बीडीओ अरुण कुमार सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन सभी प्रखंडों में योजनाबद्ध एवं सक्रिय रूप से बाल विवाह रोकथाम के लिए कार्य कर रहा है.

डायन प्रथा के खिलाफ हुई खुली परिचर्चा

कार्यक्रम के बाद बाल विवाह, डायन प्रथा, मिशन शक्ति एवं राज्य योजनाओं पर विस्तृत सत्र एवं खुली परिचर्चा हुई. इसमें जिले की चुनौतियों व आगे की कार्य योजना पर विचार-विमर्श किया गया. कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथियों एवं मंचासीन अधिकारियों को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया तथा धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यशाला का समापन किया गया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola