छात्र आंदोलन से SIR और माइनिंग बिल तक, कांग्रेस ने प्रेस वार्ता कर केंद्र और बीजेपी पर निशाना

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प्रेस वार्ता में मौजूद कांग्रेस के नेता/ Prabhat Khabar Network

झारखंड कांग्रेस ने प्रेस वार्ता में छात्र आंदोलन, SIR और माइनिंग संशोधन कानून को लेकर केंद्र सरकार और बीजेपी पर तीखा हमला बोला. पार्टी ने छात्र आंदोलनों के मुद्दों और निर्वाचन आयोग पर गंभीर आरोप लगाए.

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नवीन शर्मा की रिपोर्ट

रांची: झारखंड कांग्रेस मुख्यालय में सोमवार को आयोजित प्रेस वार्ता में पार्टी ने छात्र आंदोलन, SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) और माइनिंग संशोधन कानून को लेकर केंद्र सरकार और बीजेपी पर जमकर निशाना साधा. प्रेस वार्ता में झारखंड कांग्रेस प्रदेश प्रभारी के. राजू, प्रदेश अध्यक्ष समेत प्रदेश सह प्रभारी, मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की, विधायक दल के नेता प्रदीप यादव, मंत्री दीपिका पांडेय सिंह और इरफान अंसारी मौजूद रहे.

छात्र आंदोलन पर साफ किया अपना स्टैंड

प्रदेश प्रभारी के. राजू ने कहा कि झारखंड में छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है. राहुल गांधी ने पूरे देश में छात्रों के मुद्दों को लेकर आवाज उठाई है और छात्रों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझने का काम किया है. उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा भी राहुल गांधी ने संसद में गंभीरता से उठाया था. के. राजू ने कहा कि झारखंड में आंदोलन कर रहे छात्रों के साथ भी राहुल गांधी का यही स्टैंड है . कांग्रेस की कोशिश है कि जल्द से जल्द छात्रों का आंदोलन खत्म हो और उनकी समस्याओं का समाधान निकले. उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से बातचीत के बाद चार सदस्यीय मंत्रियों की कमेटी बनाई गई थी और सरकार छात्रों के मुद्दों को गंभीरता से देख रही है.

80 फीसदी मांगों पर बनी सहमति'

विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने कहा कि छात्रों के आंदोलन के साथ कांग्रेस पूरी तरह खड़ी है. उन्होंने दावा किया कि छात्रों की करीब 80 प्रतिशत मांगों पर पहले ही सहमति बन चुकी है, लेकिन बीजेपी इस मुद्दे पर राजनीति करना चाहती है. उन्होंने कहा कि परीक्षा में गड़बड़ी के मामलों को लेकर सरकार गंभीर है. साथ ही उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास के कार्यकाल में छात्र आंदोलनों के दौरान हुए लाठीचार्ज का भी जिक्र किया.

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सरकार का प्रयास हर हाल में छात्रों से हो बातचीत

मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि हर हाल में छात्रों के साथ बातचीत के जरिए समाधान निकले. उन्होंने बताया कि JPSC की 14वीं परीक्षा और अन्य बैकलॉग परीक्षाओं को रद्द करने के मुद्दे पर सहमति बनी है. TDPL की ओर से आयोजित परीक्षा को लेकर भी सहमति बनी है.

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CBI जांच की मांग पर सहमति नहीं

हालांकि, JSSC CGL परीक्षा रद्द करने और CBI जांच की मांग पर सहमति नहीं बन पाई. दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि JSSC CGL का रिजल्ट कोर्ट के निर्देश के बाद जारी हुआ है और करीब एक साल से अभ्यर्थी नौकरी भी कर रहे हैं. परीक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर सरकार की ओर से पहल की जा रही है.

SIR को लेकर निर्वाचन आयोग पर हमला

प्रदेश प्रभारी के. राजू ने SIR को लेकर भी निर्वाचन आयोग और बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि कांग्रेस की कोशिश है कि हर मतदाता के वोट का अधिकार सुरक्षित रहे. उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी SIR के जरिए वोट के अधिकार को खत्म करने की कोशिश कर रही है.

मुलाकात के लिए नहीं दिया समय

के. राजू ने कहा कि मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से मुलाकात के लिए समय मांगा गया था, लेकिन अभी तक समय नहीं दिया गया है. उन्होंने दावा किया कि बड़ी संख्या में मतदाताओं के फॉर्म पेंडिंग हैं और बिना फॉर्म कलेक्ट किए भी बड़ी संख्या में नाम पेंडिंग में रखे गए हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि निर्वाचन आयोग बीजेपी के दबाव में काम कर रहा है और SIR की प्रक्रिया जल्दबाजी में पूरी की जा रही है.

विशेष कैंप लगाकर लोगों का नाम जोड़े

मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि कई आदिवासी समाज के लोग SIR का प्रपत्र भरने से इनकार कर रहे हैं. उन्होंने निर्वाचन आयोग से ऐसे इलाकों में विशेष कैंप लगाकर लोगों का नाम मतदाता सूची में जोड़ने की मांग की.

माइनिंग संशोधन बिल को लेकर केंद्र पर हमला

कांग्रेस नेताओं ने माइनिंग संशोधन बिल को लेकर भी केंद्र सरकार पर हमला बोला. के. राजू ने कहा कि इस कानून को लेकर राज्यों से चर्चा नहीं की गई, जो बेहद गलत है. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने खनन के मामले में राज्य सरकार के अधिकारों को खत्म करने का काम किया है. के. राजू ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर राष्ट्रपति से मुलाकात करेगी और आग्रह करेगी कि इस बिल को कानून का रूप न दिया जाए.

माइनिंग संशोधन बिल को संघीय ढांचे पर प्रहार

प्रदीप यादव ने माइनिंग संशोधन बिल को संघीय ढांचे पर प्रहार बताया. उन्होंने कहा कि राज्यों से राय नहीं लेना इस बात का संकेत है कि केंद्र सरकार की मंशा स्पष्ट नहीं है. उन्होंने कहा कि 18 अगस्त को कांग्रेस इस मुद्दे पर बड़ा निर्णय लेगी और जिला स्तर पर आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी.

बिल के खिलाफ बड़े आंदोलन

मंत्री इरफान अंसारी ने भी माइनिंग बिल के खिलाफ बड़े आंदोलन की बात कही . उन्होंने दावा किया कि इस कानून से राज्य को करीब 15 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हो सकता है और इसका असर मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना समेत युवाओं से जुड़ी योजनाओं पर पड़ सकता है.

18 अगस्त को आंदोलन की रणनीति पर फैसला

कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि छात्र आंदोलन, SIR और माइनिंग संशोधन बिल तीनों मुद्दों को लेकर पार्टी आगे भी आंदोलन करेगी. 18 अगस्त को माइनिंग कानून के खिलाफ पार्टी की रणनीति और जिला स्तर पर आंदोलन की रूपरेखा तय करने की बात कही गई है.


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शेखर सुमन

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