पत्नी के साथ बिहार पहुंचे गौतम अदाणी, सारण में दुनिया के सबसे बड़े ग्रामीण आई हॉस्पिटल नेटवर्क की रखी नींव

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gautam adani

अपनी पत्नी के साथ सारण पहुंचे गौतम अदाणी

Bihar News: सारण के मस्तीचक में अदाणी समूह की ओर से ग्रामीण नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए एक बड़ी परियोजना की शुरुआत की गई है. गौतम अदाणी और प्रीति अदाणी की मौजूदगी में हुए भूमिपूजन को ग्रामीण स्वास्थ्य क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा.

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Bihar News: (आनंद तिवारी, सारण) पटना सहित पूरे बिहार के ग्रामीण क्षेत्रों में नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत और आधुनिक बनाने की दिशा में अदाणी समूह ने एक बड़ा कदम उठाया है. समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी अपनी पत्नी प्रीति अदाणी के साथ रविवार को सारण जिले के मस्तीचक पहुंचे.

गायत्री मंदिर में पूजा के बाद हुआ भूमिपूजन

मस्तीचक पहुंचने के बाद गौतम अदाणी और प्रीति अदाणी ने सबसे पहले गायत्री मंदिर में पूजा-अर्चना की. इसके बाद वे भूमिपूजन के लिए बनाए गए पंडाल में पहुंचे, जहां अखंड ज्योति आई हॉस्पिटल के भव्य विस्तार और नई योजनाओं की आधारशिला रखी गई.

अस्पताल प्रबंधन के अनुसार यह परियोजना देश ही नहीं बल्कि दुनिया के सबसे बड़े ग्रामीण स्वास्थ्य अभियानों में से एक मानी जा रही है.

‘सेवा ही साधना है’ से प्रेरित है यह पहल

यह पूरा सहयोग अदाणी समूह के चेयरमैन के ‘सेवा ही साधना है’ के मूल मंत्र से प्रेरित बताया जा रहा है. वर्ष 2022 में अपने 60वें जन्मदिन पर उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा और कौशल विकास के लिए 60,000 करोड़ रुपये के दान की घोषणा की थी. बाद में उनके पुत्र के विवाह अवसर पर भी 10,000 करोड़ रुपये के अतिरिक्त सामाजिक योगदान की घोषणा की गई थी. इसी सामाजिक प्रतिबद्धता के तहत बिहार में यह बड़ी परियोजना शुरू की गई है.

अखंड ज्योति आई हॉस्पिटल के पदाधिकारियों के अनुसार, Adani Foundation और अखंड ज्योति आई हॉस्पिटल मिलकर इस महत्वाकांक्षी परियोजना को आगे बढ़ा रहे हैं. इसका उद्देश्य उत्तर और मध्य भारत के पिछड़े और ग्रामीण क्षेत्रों तक सस्ती, सुलभ और उच्च गुणवत्ता वाली नेत्र चिकित्सा सेवाएं पहुंचाना है.

गांव-गांव तक पहुंचेगी यह पहल

इस परियोजना के पूरा होने के बाद यह नेटवर्क दुनिया के सबसे बड़े ग्रामीण नेत्र चिकित्सा केंद्रों में शामिल हो जाएगा. इसमें लोगों को कम खर्च में इलाज के साथ-साथ आधुनिक प्रशिक्षण सुविधाएं भी मिलेंगी. साथ ही मोबाइल वैन के जरिए गांव-गांव तक नेत्र जांच और उपचार सेवाएं पहुंचाई जाएंगी, जिससे दूर-दराज के लोगों को भी सीधा लाभ मिलेगा.

ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं में आएगा बड़ा बदलाव

इस पहल के जरिए वर्ल्ड-क्लास ट्रेनिंग और किफायती स्वास्थ्य सेवाओं को एक साथ जोड़कर सुदूर ग्रामीण इलाकों तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है. इससे बिहार समेत पूरे क्षेत्र में नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद जताई जा रही है.

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Abhinandan Pandey

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

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