दो वर्षों में जब्त 1063 मोटरसाइकिलों का नहीं मिल रहा कोई भी दावेदार

Published at :27 Mar 2018 2:16 AM (IST)
विज्ञापन
दो वर्षों में जब्त 1063 मोटरसाइकिलों का नहीं मिल रहा कोई भी दावेदार

जिले में कई बाईक चोर गिरोह सक्रिय सासाराम नगर : जिले में शराब के धंधेबाज चोरी के वाहनों का काफी इस्तेमाल कर रहे है. शायद यही कारण है कि पिछले दो वर्षों में वाहन चोरी की घटनाओं में बेतहासा वृद्धी हुई है. खासकर बाईक चोरी की घटनाओं से पुलिस की परेशानी बढ़ती जा रही है. […]

विज्ञापन

जिले में कई बाईक चोर गिरोह सक्रिय

सासाराम नगर : जिले में शराब के धंधेबाज चोरी के वाहनों का काफी इस्तेमाल कर रहे है. शायद यही कारण है कि पिछले दो वर्षों में वाहन चोरी की घटनाओं में बेतहासा वृद्धी हुई है. खासकर बाईक चोरी की घटनाओं से पुलिस की परेशानी बढ़ती जा रही है. शराबबंदी के बाद धंधेबाजों के पास से जब्त बाइकों की पुलिस पहचान नहीं कर सकी है. इतना ही नहीं शराब लदे बड़े वाहन, पिकअप, लग्जरी कार, कंटेनर व ट्रक के कागजात भी जांच में फर्जी निकल रहे है. जिले में रोज कहीं न कहीं से एक-दो बाइकें चोरी हो रही है. पुलिस के आंकड़ों पर नजर डाले तो चोरी गयी सौ बाईकों में दो बाइक भी बरामद नहीं कर पाती है.
वहीं, विभिन्न थानों में धंधेबाजों के पास से जब्त बाईकों की भरमार है. जानकारों का कहना है कि अगर पुलिस जब्त बाईकों का सत्यापन कराये तो चोरी गयी बाइकें कई थाना परिसर से ही बरामद हो सकती है.
जब्त वाहनों का नहीं होता सत्यापन
शराबबंदी के बाद अब तक जिले में पुलिस व उत्पाद विभाग ने करीब 1063 बाइकें जब्त की है. पकड़े जाने पर धंधेबाज तो अपनी जमानत करा जेल से छूट जाते हैं. लेकिन, जब्त वाहनों की तरफ देखते भी नहीं है. पुलिस भी जब्त वाहनों का सत्यापन नहीं कराती है. पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि शुरू में जब्त की गयी बाइकों का डीटीओ कार्यालय से सत्यापन कराया जा रहा था. जांच में बाइक पर लगा नंबर प्लेट लगातार फर्जी निकल रहा था. इससे साबित होता है कि चोरी की बाइक खरीद कर धंधेबाज शराब का धंध करते है.
जब्त बड़े वाहनों के कागजात भी जांच में निकले फर्जी
पुलिस करायेगी वाहनों का सत्यापन
किसी तरह का गैरकानूनी काम करनेवाले चोरी के वाहनों का ही इस्तेमाल करते है. शराब के धंधे से जुड़े लोग नि:संदेह चोरी के वाहनों का ही इस्तेमाल कर रहे है. इसकी पुष्टि हो रही है. शराब सेवन करने वाले लोगों से जो वाहन पकड़ी जाती है वह तो उनका ही होता है जांच में इसकी पुष्टि भी होती है. लेकिन धंधेबाजों से जब्त वाहनों को असली ऑनर का पता नहीं चलता है. पुलिस थाने में जब्त धंधेबाजों के वाहनों का ढंग से सत्यापन करायेगी. ताकि जिनका वाहन है उनको मिल सके.
कुमार एकले, डीआईजी, शाहाबाद प्रक्षेत्र
बाइक चोरी में किशोर पकड़े जा रहे, सरगना तक नहीं पहुंची पुलिस
जिले में शराब के धंधे से जुड़े लोग बाइक चोरी कर रहे है. या अपने लोगों से बाइक की चोरी करा रहे है. चोरी की बाइक से धंधेबाज शराब ढाे रहे है. पहाड़ी व ग्रामीण क्षेत्रों में धंधेबाजों के पास से जो बाइक पुलिस व उत्पाद विभाग जब्त की है. अधिकता बाईकें चोरी की ही निकली है. इसकी पुष्टि अब पुलिस के अधिकारी भी करने लगे है.
जानकारों की माने तो जिला मुख्यालय में बाइक चोरी की घटना को अंजाम देने के लिए तीन टीमें सक्रिय है. जिसमें नाबालिग हैं जो हजार-पांच सौ रुपये के लिए बाइक चोरी कर शराब के धंधेबाजों को सौंप देते है. हाल के दिनों में बाइक चोरी के मामले में पुलिस कई नाबालिग किशोरों को पकड़ी है. कभी सरगना तक पुलिस नहीं पहुंच सकी है. सूत्र बताते हैं कि ऐसा ही एक टीम मॉडल थाना क्षेत्र के मुहल्ला फजलगंज में सक्रिय है. जिसमें आधा दर्जन नाबालिग बच्चे है. जिसका सरगना शराब तस्कर बताया जाता है. बाइक चोरी की घटना पर अंकुश लगाना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन