बिहार के अनिबंधित कारखानों पर कार्रवाई करेगी सरकार, मजदूरों को देना होगा उनका अधिकार, हेल्पलाइन नंबर जारी

Updated:
विज्ञापन

श्रम संसाधन विभाग ने कारखानों में काम करने वाले श्रमिकों के स्वास्थ्य व सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए राज्य के अनिबंधित कारखानों पर सख्ती से कार्रवाई करने निर्देश अधिकारियों को दिया है. वहीं,राज्य के निबंधित कारखानों में काम करने वाले श्रमिकों को नियमानुसार सुविधा मिले, इसके लिए तीन माह पर कारखाना मालिकों से ऑनलाइन रैंडम ब्योरा मांगने के संबंध में निर्देश जारी किया है, ताकि कारखानों में काम कर रहे श्रमिक सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण में काम कर सकें. विभाग स्तर पर शिकायत व सुझाव के लिए हेल्पलाइन नंबर 7482934604 जारी किया है. वहीं, अब तक 165 कारखानों पर कार्रवाई के लिए निर्देश दिया गया है.

विज्ञापन

श्रम संसाधन विभाग ने कारखानों में काम करने वाले श्रमिकों के स्वास्थ्य व सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए राज्य के अनिबंधित कारखानों पर सख्ती से कार्रवाई करने निर्देश अधिकारियों को दिया है. वहीं,राज्य के निबंधित कारखानों में काम करने वाले श्रमिकों को नियमानुसार सुविधा मिले, इसके लिए तीन माह पर कारखाना मालिकों से ऑनलाइन रैंडम ब्योरा मांगने के संबंध में निर्देश जारी किया है, ताकि कारखानों में काम कर रहे श्रमिक सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण में काम कर सकें. विभाग स्तर पर शिकायत व सुझाव के लिए हेल्पलाइन नंबर 7482934604 जारी किया है. वहीं, अब तक 165 कारखानों पर कार्रवाई के लिए निर्देश दिया गया है.

आपके शहर में

विज्ञापन

निगरानी करने को लेकर हुई विभागीय बैठक

विभाग वैसे उद्योगों पर कार्रवाई करने के लिए निगरानी कर रहा है, जो श्रम कानून के तहत श्रमिकों को लाभ नहीं देंगे. उन पर कार्रवाई की जायेगी. विभाग में हुई बैठक में श्रम कानूनों के तहत मजदूरों को मिलने वाले लाभ के प्रावधान पर चर्चा की गयी और अधिकारियों को कहा गया कि कारखाने में काम करने वाले श्रमिकों को किसी भी लाभ से वंचित नहीं रखा जाये. इसकी सख्ती से निगरानी की जाये.

लगभग 10 हजार निबंधित कारखाने

विभाग में श्रम कानूनों को लेकर विभागीय बैठक में यह बात सामने आयी है कि 10 हजार निबंधित कारखानों में लगभग 14 लाख मजदूर काम कर रहे हैं, लेकिन उनमें से मात्र दो लाख लोगों को ही इएसआइसी का लाभ मिल रहा है. ऐसे कारखानों को भी चिह्नित करने का निर्देश दिया गया है.

Also Read: बिहार: जिला पर्षद चुनाव में उम्मीदवार को अपना समर्थन देगी भाजपा, जानें कैसे होगा प्रत्याशी का चयन
मजदूरों के लिए यह सुविधा जरूरी

– मजदूरों की मेडिकल जांच .

– सेफ्टी ऑफिस .

– महिला व पुरुषों के लिए अलग-अलग बाथरूम.

– कैंटीन की सुविधा.

-10 या उससे अधिक मजदूर वाले कारखानों को इएसआइसी से जोड़ा जाये.

– मजदूरों को पैसा मिलने में परेशानी न हो.

– सुरक्षा के लिए मॉक ड्रील का आयोजन.

अनिबंधित कारखानों को चिह्नित करने का निर्देश

राज्य में अनिबंधित कारखानों को चिह्नित करने का निर्देश दिया गया है. वहीं, श्रमिकों को कारखानों में जो भी लाभ मिलना है. अगर उसे कारखाना मालिकों की ओर से नहीं दिया जा रहा है, तो इसकी शिकायत श्रमिकों को करना चाहिए. जांच में पकड़े जाने पर सख्त कार्रवाई होगी. जिवेश कुमार, मंत्री, श्रम संसाधन विभाग.

Posted By: Thakur Shaktilochan

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन