प्रतिनिधि, नवादा सदर साइबर ठगी के मामले दिन-प्रतिदिन नये-नये हथकंडों और तरकीबों के साथ सामने आ रहे हैं. ऐसा ही एक अजीबो-गरीब मामला नगर थाना क्षेत्र के पार नवादा मुहल्ले से सामने आया है, जहां साइबर अपराधियों ने बैंक प्रक्रिया की जटिलताओं का फायदा उठाते हुए पीड़ित के खाते से दोबारा बड़ी रकम उड़ा ली. पीड़ित अरविंद कुमार गुप्ता ने बताया कि बीते पांच सितंबर को उनके बैंक खाते से 12 हजार रुपये और 17 सितंबर को 40 हजार रुपये की अवैध निकासी कर ली गयी थी. घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करायी, जिसके बाद ठगी गयी कुल 52 हजार रुपये की राशि होल्ड कर दी गयी. पीड़ित के अनुसार, होल्ड राशि वापस पाने के लिए वे बैंक पहुंचे, जहां बैंक कर्मियों ने केवाइसी अपडेट कराने और ‘नो डेबिट’ हटाने से संबंधित फॉर्म भरकर जमा करने को कहा. सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद 31 अक्टूबर को जब वे कैश काउंटर पर राशि निकालने पहुंचे, तो यह कहकर लौटा दिया गया कि जब तक ‘नो डेबिट’ पूरी तरह नहीं हटेगा, भुगतान संभव नहीं है. निराश होकर पीड़ित बैंक से लौट आए, लेकिन अगले ही दिन उनके मोबाइल पर मैसेज आया कि खाते से 52 हजार रुपये की निकासी हो चुकी है. यह सूचना मिलते ही पीड़ित के होश उड़ गये. इसके बाद से अबतक वो बैंक का चक्कर काटते रहे. अंत में हारकर 9 जनवरी को घटना से आहत अरविंद कुमार गुप्ता ने साइबर थाना पहुंचकर लिखित आवेदन दिया है. उन्होंने राशि की बरामदगी के साथ-साथ कथित रूप से राशि निकालने वाले शुभम और गौरीशंकर के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है. साइबर थाना पुलिस ने शुक्रवार को कांड दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है. पुलिस का कहना है कि सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है और दोषियों की पहचान कर आगे की कार्रवाई की जायेगी. यह घटना न केवल बैंकिंग व्यवस्था की खामियों की ओर इशारा करती है, बल्कि आम लोगों के लिए भी गंभीर चेतावनी है कि साइबर अपराध अब और अधिक शातिर हो चुके हैं और बैंकिंग लेनदेन के दौरान विशेष सतर्कता बरतना जरूरी है.
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