ePaper

Muzaffarpur News: जिले में हिंसक हुए कुत्ते, 100 से अधिक लोगों को काटा

Updated at : 10 Nov 2024 11:11 AM (IST)
विज्ञापन
Muzaffarpur News

Muzaffarpur News: छठ पूजा के दौरान जिले में कुत्ते का आतंक देखने को मिला। इस दौरान करीब 100 लोग इसके शिकार हुए। शहरी क्षेत्र में भी दो दर्जन से अधिक लोगों को कुत्ते ने काटा। अस्पताल में इंजेक्शन लेने के लिए लंबी कतार दिखी।

विज्ञापन

Muzaffarpur News: छठ पूजा में हिंसक हुए कुत्तों ने 100 से अधिक लोगों को काट लिया. कुत्ते हर घंटे में दो लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं. छठ पूजा के दौरान भी जिले भर में सौ से अधिक लोग इनके निशाने पर आये. शनिवार को सदर अस्पताल में इंजेक्शन लेने वाले की लंबी कतार लगी थी. शहरी क्षेत्र में भी दो दर्जन लोगों को कुत्तों ने काट लिया. सिकंदरपुर से आये राजू कुमार ने बताया कि छठ घाट से लौटने के दौरान वे शिकार बने. शुक्रवार को भी वह इंजेक्शन लेने आये थे. लेकिन लौटना पड़ा. रोजाना करीब 34 से 45 लोग आते हैं। वैक्सीन लेने सदर अस्पताल में रोजाना करीब 34 से 45 लोग वैक्सीन लगवाने आते हैं. अस्पताल प्रबंधन की मानें तो अस्पताल में रेबीज के इंजेक्शन के लिए चार्ज नहीं हैं. जबकि, बाहर इंजेक्शन की कीमत अधिक लेकर दी जाती हैं. 

लगते हैं तीन एंटी रेबीज के इंजेक्शन

विशेषज्ञों की मानें तो कुत्ते के काटने पर तीन एंटी रेबीज के इंजेक्शन लगते हैं. अगर कुत्ते ने किसी को जगह-जगह पर गंभीर रूप से काटा है और वह ब्रेन के नजदीक है तो ऐसे में रेबिज इन गोलो ग्लोब्यूलिन इंजेक्शन लगाना जरूरी हो जाता है. इस इंजेक्शन को जहां-जहां काटने का निशान होता है, वहां वहां इन्फेक्शन को ब्लॉक करने के लिए तुरंत लगाना पड़ता है. नौ माह में छह हजार लोगों को बनाया शिकार. सरकारी अस्पताल के आंकड़ों पर गौर करें तो नौ महीनों में कुत्ते के शिकार हुए 6000 से ज्यादा लोग सदर अस्पताल एंटी रैबीज वैक्सीन लगवाने पहुंचे हैं. 

गलियों में नजर आ रहे आवारा कुत्ते

शहरी क्षेत्र में घूमने वाले आवारा कुत्तों को पकड़ने का जिम्मा नगर निगम का है, लेकिन काफी समय से निगम के अधिकारी इसपर संजीदा नहीं हैं. शहर में प्रमुख सड़क व चौराहों समेत अधिकांश गलियों में आवारा कुत्ते नजर आ रहे हैं. संख्या अधिक होने से लोगों को कुत्तों के हमला करने का डर रहता है. कई इलाके तो ऐसे हैं जहां रात में गलियों से निकलना दुश्वार हो जाता है. सदर अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की भीड़ लगनी शुरू हो जाती है.

विज्ञापन
Aniket Kumar

लेखक के बारे में

By Aniket Kumar

अनिकेत बीते 4 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. राजस्थान पत्रिका और न्यूजट्रैक जैसे मीडिया संस्थान के साथ काम करने का अनुभव. एंटरटेनमेंट, हाईपरलोकल और राजनीति की खबरों से अधिक जुड़ाव. वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ कार्यरत.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन