बंदरा: पीयर थाना क्षेत्र के बड़गांव निवासी सुनील कुमार श्रीवास्तव अपने बेटे की तलाश में चार दिन पहले मलेशिया के लिए रवाना हो गये. उन्होंने मलेशिया में दो माह पूर्व गायब हुए अपने बेटे उदय रंजन की तलाश के लिए विदेश मंत्रालय के अधिकारियों से गुहार लगायी थी. सुनील श्रीवास्तव का छोटा बेटा उदय रंजन (20) मलेशिया में मर्चेंट नेवी में काम करता था.
13 जून को उदय के एक दोस्त ने मलेशिया से पिता को फोन कर बताया कि उदय रंजन का पैर फिसलने से नदी में गिर गया है. तब से लापता है. मलेशिया में उदय रंजन के गायब होने की खबर मिलने के बाद से पूरा परिवार सदमे में है. परिवारवालों ने डीएम से गुहार लगायी कि उनके बेटे का पता लगाया जाये. साथ ही विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को भी पत्र भेजकर पूरे मामले पर संज्ञान लेने की अपील की. उदय ने पर्सनल सर्वाइवल टेक्निक्स, एलीमेंट्री फर्स्ट एड, पर्सनल सेफ्टी एंड सोशल रिस्पाॅन्सिब्लिटीज और सिक्युरिटी ट्रेनिंग फॉर सी फेयर्स विथ डिजाइनेटेड सिक्युरिटीज की डिग्री ली और पिछले साल अगस्त में मलेशिया चला गया.
पिछले छह जून को उसने मलेशिया में ही योंग हिंग ग्रैवल एस डी एनबीएचडी जलानलैनंग शिवू में योंग हिंग 12 जहाज पर बतौर सुपरवाइजर काम शुरू की. उदय की बरामदगी के लिए परिजनों ने गोवा की राज्यपाल मृदुला सिन्हा सांसद अजय निषाद से भी गुहार लगायी थी.
सांसद ने विदेश मंत्री को मामले से अवगत कराते हुए हरसंभव सहायता करने की बात कही थी. इधर, कुछ दिन के बाद ही सुनील मेल पर एक सूचना मिली कि मलेशिया स्थित भारतीय दूतावास के सहयोग से इस घटना की जांच की गयी, लेकिन उदय रंजन का कोई सुराग नहीं मिलने के कारण आगे की कार्रवाई रोक दी गयी है. इसके बाद सुनील ने मर्चेंट नेवी ऑफिसर्स एसोसिएशन के अफसरों की मदद से बेटे की तलाश में मलेशिया गये हैं.
