मुंगेर सदर अस्पताल ने हासिल किया कायाकल्प सर्टिफिकेट, अब NQAS की तैयारी तेज

Published by : Pratyush Prashant Updated At : 21 May 2026 1:17 PM

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Munger Sadar Hospital: मुंगेर सदर अस्पताल ने स्वच्छता और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है. केंद्रीय टीम के असेसमेंट में क्वालीफाई करने के बाद अस्पताल को कायाकल्प सर्टिफिकेट मिला है, जिससे स्वास्थ्य विभाग में उत्साह का माहौल है.

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Munger Sadar Hospital: मुंगेर से अमित झा की रिपोर्ट. मुंगेर सदर अस्पताल ने स्वास्थ्य सेवाओं और स्वच्छता व्यवस्था को लेकर बड़ी सफलता हासिल करते हुए कायाकल्प सर्टिफिकेट प्राप्त कर लिया है. जनवरी 2026 में केंद्रीय टीम द्वारा किये गये मूल्यांकन में अस्पताल ने नेशनल स्तर पर क्वालीफाई किया था, जिसके बाद यह सर्टिफिकेशन मिला है. अब अस्पताल प्रबंधन ने अगला लक्ष्य NQAS यानी नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड सर्टिफिकेशन को बनाया है और उसकी तैयारी भी शुरू कर दी गयी है.

केंद्रीय टीम के असेसमेंट में मिली सफलता

सदर अस्पताल प्रबंधक तौसीफ हसनैन ने बताया कि जनवरी 2026 में कायाकल्प योजना के तहत केंद्रीय टीम ने अस्पताल का निरीक्षण और मूल्यांकन किया था. इस दौरान अस्पताल की साफ-सफाई, संक्रमण नियंत्रण, मरीजों को मिलने वाली सुविधाएं और बायो-मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट की जांच की गयी थी.

अस्पताल ने सभी मानकों पर बेहतर प्रदर्शन करते हुए नेशनल स्तर पर क्वालीफाई किया और अब आधिकारिक रूप से कायाकल्प सर्टिफिकेट हासिल कर लिया है.

क्या है कायाकल्प योजना?

कायाकल्प योजना भारत सरकार द्वारा 15 मई 2015 को शुरू की गयी थी. इसका उद्देश्य सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में साफ-सफाई, संक्रमण नियंत्रण और स्वच्छ वातावरण को बढ़ावा देना है.

इस योजना के तहत अस्पतालों का आंतरिक और बाहरी मूल्यांकन किया जाता है. जो अस्पताल 70 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करते हैं, उन्हें कायाकल्प पुरस्कार और प्रोत्साहन राशि दी जाती है.

योजना का मकसद मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना और सरकारी अस्पतालों के प्रति लोगों का भरोसा मजबूत करना है.

अब NQAS सर्टिफिकेशन पर फोकस

कायाकल्प सर्टिफिकेट मिलने के बाद अब मुंगेर सदर अस्पताल NQAS सर्टिफिकेशन की तैयारी में जुट गया है. अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि मरीजों को और बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम किया जा रहा है.

अस्पताल प्रशासन का दावा है कि आने वाले दिनों में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और आधारभूत सुविधाओं में और सुधार देखने को मिलेगा.

मरीजों में बढ़ेगा भरोसा

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का मानना है कि इस उपलब्धि से मरीजों का सरकारी अस्पतालों पर भरोसा बढ़ेगा. साथ ही अस्पताल की छवि भी बेहतर होगी.

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लेखक के बारे में

By Pratyush Prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

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