कारगिल विजय दिवस शौर्य, बलिदान व राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक

Updated:
विज्ञापन
कारगिल विजय दिवस शौर्य, बलिदान व राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक

कारगिल विजय दिवस शौर्य, बलिदान व राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक

विज्ञापन

मुंगेर. बेकापुर में स्थित विजय चौक पर शनिवार की शाम कारगिल विजय दिवस पर श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन किया गया. उपस्थित जनसमूह ने पुष्प अर्पित कर व कैंडल जला कर राष्ट्रगान के साथ वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी. भारत माता की जय, वंदे मातरम और वीर शहीद अमर रहें के नारे गूंज रहे थे. मौके पर विधायक प्रणव कुमार यादव, महापौर कुमकुम देवी मुख्य रूप से मौजूद थी. वक्ताओं ने कहा कि यह दिन उन वीर जवानों को समर्पित है, जिन्होंने 1999 के कारगिल युद्ध में अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी थी. मुंगेर का विजय चौक गर्व का प्रतीक है, जो देश का पहला कारगिल विजय स्तंभ है. इस स्तंभ का निर्माण युद्ध के केवल 19 दिन बाद 15 अगस्त 1999 को कर उसे राष्ट्र को समर्पित किया गया था. इस ऐतिहासिक स्तंभ पर बिहार एवं झारखंड (तत्कालीन बिहार) के 21 वीर शहीदों के नाम स्वर्णाक्षरों में अंकित हैं. अध्यक्षता संजय कुमार बबलू ने की और संचालन कौशल किशोर पाठक ने किया. मौक पर गुजरात की सोनल बेन तेजश, फाल्गुनी व्यास, विजय चौक प्रबंध समिति के सचिव सनत कुमार, हेमंत सिंह, प्रेम वर्मा, आकाश कुमार, सुमेधा आर्या, निर्मल जैन सहित अन्य मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Birendra Kumar Sing

लेखक के बारे में

By Birendra Kumar Sing

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन