इपीएफ का लाभ नहीं देनेवाले एनजीओ संचालक को नोटिस

Updated at :03 Feb 2017 1:31 AM
विज्ञापन
इपीएफ का लाभ नहीं देनेवाले एनजीओ संचालक को नोटिस

अब तक नहीं खुला एनजीओ के सफाइकर्मियों का खाता मुंगेर : कर्मचारी भविष्य निधि (इपीएफ) एवं बैंक खाते के माध्यम से कर्मचारियों के भुगतान को लेकर अब तक स्वयंसेवी संस्था व संवेदक ने अपने कर्मियों का खाता नहीं खुलवाया है. इस संदर्भ में नगर आयुक्त एसके पाठक ने निगम के अधीन कार्यरत चार एनजीओ संचालक […]

विज्ञापन

अब तक नहीं खुला एनजीओ के सफाइकर्मियों का खाता

मुंगेर : कर्मचारी भविष्य निधि (इपीएफ) एवं बैंक खाते के माध्यम से कर्मचारियों के भुगतान को लेकर अब तक स्वयंसेवी संस्था व संवेदक ने अपने कर्मियों का खाता नहीं खुलवाया है. इस संदर्भ में नगर आयुक्त एसके पाठक ने निगम के अधीन कार्यरत चार एनजीओ संचालक को नोटिस भेजा है और एक सप्ताह के अंदर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है. अन्यथा एकरारनामा को रद्द करते हुए विधि सम्मत कार्रवाई की जायेगी.
मानदेय भुगतान के िलए किया था आंदोलन : निगम के अधीन कार्यरत महिला विकास संस्थान, महिला निकेतन, नोवेल्टी वेलफेयर सोसाइटी एवं सफल एजुकेशन ने सफाइकर्मियों का बैंक खाता नहीं खुलवाया है. जबकि दिसंबर माह में एनजीओ कर्मियों ने इपीएफ एवं बैंक खाते के माध्यम से मानदेय भुगतान की मांग को लेकर आंदोलन किया था. इस पर एनजीओ संचालकों ने अपने कर्मियों को इपीएफ एवं बैंक खाता के माध्यम से भुगतान का आश्वासन दिया था.
एनजीओ संचालकों ने जनवरी माह तक कर्मियों का खाता खोलने का समय मांगा था. लेकिन फरवरी प्रारंभ होने के बावजूद अबतक कर्मियों का खाता नहीं खोला गया है. जिसके कारण एनजीओ में कार्यरत कर्मचारियों को इपीएफ का लाभ नहीं मिल रहा. विदित हो कि निगम के अधीन लगभग 250 एनजीओ कर्मी कार्यरत हैं.
कर्मचारियों को मिलना है इपीएफ का लाभ
विदित हो कि विगत 23 दिसंबर को कर्मचारी भविष्य निधि के सहायक आयुक्त आरपी राय ने निगम कार्यालय में बैठक के दौरान बताया था कि स्वयंसेवी संस्था एवं संवेदक द्वारा यदि 20 से अधिक श्रमिक या मजदूर से काम कराते हैं तो उन्हें इपीएफ की राशि देनी होगी. वर्ष 2011 के सरकारी नियमानुसार स्वयंसेवी संस्था को सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत इपीएफ का भुगतान करना जरूरी है. इसके लिए कर्मचारी भविष्य निधि कार्यालय से इपीएफ के लिए कोड लेना होगा तभी आप कर्मियों की इपीएफ राशि की कटौती के साथ भुगतान की प्रक्रिया में आ सकते हैं.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन