मधेपुरा के जनसुनवाई में पहुंचे 44 मामले, DM ने अधिकारियों को दिए तुरंत निपटाने के निर्देश

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जनसुनवाई में लोगों से समस्या जानते हुए मधेपुरा के DM

Madhepura News: मधेपुरा में जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान एक बार फिर आम लोगों की समस्याएं प्रशासन के सामने खुलकर सामने आईं. जिलाधिकारी ने सभी मामलों को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को तय समय सीमा में समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.

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मधेपुरा से रजत कुमार की रिपोर्ट

Madhepura News: जिला प्रशासन ने आम लोगों की समस्याओं के समाधान का मजबूत संदेश दिया जब डीएम अभिषेक रंजन की अध्यक्षता में समाहरणालय कार्यालय कक्ष में आयोजित जनसुनवाई में कुल 44 मामलों पर सुनवाई हुई.

जनसुनवाई से प्रशासन और जनता के बीच नया भरोसा पैदा हुआ

जनसुनवाई के दौरान डीएम ने हर आवेदक की बात ध्यान से सुनी और संबंधित विभागों के अधिकारियों को मामलों का त्वरित और प्रभावी निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. उन्होंने स्पष्ट किया कि आम जनता की समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी आवेदनों का निपटान निर्धारित समय सीमा के भीतर पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ किया जाएगा. डीएम ने कहा कि यह कार्यक्रम प्रशासन और आमजन के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का प्रभावी माध्यम है, जिससे समस्याओं को तुरंत संज्ञान में लेकर समाधान की दिशा में कार्रवाई की जा सकती है.

कठोर निर्देश और जवाबदेही का माहौल कायम किया गया

डीएम अभिषेक रंजन ने अधिकारियों को आदेश दिया कि जनसुनवाई से संबंधित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि जिन मामलों में विलम्ब या अव्यवस्था पाई गई, उन पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी और आवश्यकतानुसार जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. इससे एक स्पष्ट संदेश गया कि प्रशासन मामलों को टालने का प्रतिरोध नहीं करेगा.

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जनसहभागिता और सुशासन को बल मिलेगा

जिला प्रशासन जनसहभागिता, पारदर्शिता और सुशासन की भावना के साथ आम लोगों की समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए लगातार प्रयासरत है. अधिकारी आश्वस्त कर रहे हैं कि जनसुनवाई में उठाए गए मुद्दों का ट्रैक रखा जाएगा और समय पर कार्रवाई की रिपोर्ट सार्वजनिक की जाएगी, जिससे नागरिकों का विश्वास बढ़ेगा. इस पहल से स्थानीय नागरिकों को सरकारी प्रक्रियाओं में सक्रिय भागीदारी का अवसर मिलेगा और समस्याओं के स्थायी समाधान की उम्मीद बढ़ेगी.

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Madhepura News: आगे की कार्रवाई का रोडमैप

प्रशासन ने बताया कि सभी 44 आवेदनों का विवरण संबंधित विभागों को भेज दिया गया है और प्रत्येक मामले के लिए समयसीमा निर्धारित की गई है. जनता अब अधिकारियों से अपेक्षा रखेगी कि वादे शब्दों तक सीमित न रहें और निर्धारित अवधि में ठोस परिणाम दिखें.

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Pratyush Prashant

लेखक के बारे में

By Pratyush Prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

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