– भवानीपुर गुरुद्वारा में हस्तलिखित ग्रंथ के दर्शन किये, सिखगुरु के प्राचीन इतिहास से रूबरू हुए बरारी गुरुद्वारा भवानीपुर गुरु बाजार काढ़ागोला साहिब में ग्यारह हजार किमी की तीर्थ यात्रा बुलेट बाइक से पंजाब के कपूरथला के प्रभ सिंह के पहुंचने पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान रंजीत सिंह ने गुरु की आशीष शिरोपा देकर सम्मानित किया. मीत प्रधान अर्जन सिंह ने तीर्थ यात्री श्रद्धालु को सिख गुरुओं के प्राचीनतम इतिहास से अवगत करा बताया कि सरदार नगर भवानीपुर 90 एकड़ में बसा हुआ विशाल गांव था जो गंगा में समा गया. कई बार कटाव के बाद काढ़ागोला में भवानीपुर गुरुद्वारा भवन बनाया गया. प्रखंड क्षेत्रों के गुरुद्वारा के बारे में अवगत कराया. गुरूद्वारा के हेडग्रंथी भाई सुरजीत सिंह ने तीर्थयात्री श्रद्धालु को हस्तलिखित ग्रंथ दर्शन कराया. बाइक तीर्थयात्री श्रद्धालु प्रभ सिंह ने बताया कि पंजाब, सुलतानपुर, हरियाणा, उप्र होकर से गुरुतेग बहादुर ऐतिहासिक गुरुद्वारा लक्ष्मीपुर में पहुंचा. जहां से स्थानीय गुरु इतिहास को दर्शन करने भवानीपुर पहुंचा. वहां गुरू के चरण रज कांतनगर गुरुद्वारा के बारे पता चला. सोमवार को कांतनगर, भण्डारतल आदि गुरुद्वारा का दर्शन करने जाना है. मौके पर जगदीप सिंह हनी, लक्की सिंह, रोहित सिंह, बलविंदर सिंह, प्रभात रंजन ठाकुर, सुबोद साह, महफूज आलम आदि मौजूद रहे.
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