कैमूर में वित्त रहित शिक्षकों का प्रदर्शन, नियमित वेतन-पेंशन की मांग को लेकर समाहरणालय तक पदयात्रा

Updated:
विज्ञापन

शिक्षकों का बड़ा प्रदर्शन

Bihar Unaided Teachers Protest : कैमूर जिला मुख्यालय में शनिवार को वित्त रहित शिक्षकों और शिक्षकेत्तर कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया. राज्यव्यापी महाआंदोलन के पांचवें चरण के तहत आयोजित इस प्रदर्शन में नियमित वेतनमान, पेंशन, सेवा सुरक्षा, कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा और सामाजिक सुरक्षा की मांग उठाई गई.

विज्ञापन

Bihar Unaided Teachers Protest : कैमूर जिला मुख्यालय में शनिवार को वित्त रहित शिक्षकों और शिक्षकेत्तर कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया. राज्यव्यापी महाआंदोलन के पांचवें चरण के तहत आयोजित इस प्रदर्शन में नियमित वेतनमान, पेंशन, सेवा सुरक्षा, कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा और सामाजिक सुरक्षा की मांग उठाई गई. प्रदर्शन के बाद समाहरणालय तक पदयात्रा निकालकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया.

आपके शहर में

विज्ञापन

Kaimur News : वित्त रहित शिक्षा नीति समाप्त करने की मांग

बिहार प्रदेश कांग्रेस सेवा दल के नेतृत्व में आयोजित आंदोलन में वित्त रहित शिक्षा नीति समाप्त करने और वित्त रहित शिक्षण संस्थानों के समायोजन की मांग की गई. प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वर्षों से शिक्षा व्यवस्था को मजबूती देने वाले शिक्षकों को अब तक नियमित वेतनमान और अन्य सुविधाओं से वंचित रखा गया है.

सांसद बोले- शिक्षकों को सम्मान मिलेगा तभी मजबूत होगी शिक्षा व्यवस्था

धरना को संबोधित करते हुए सासाराम के सांसद मनोज कुमार ने कहा कि वित्त रहित शिक्षक लंबे समय से बिहार की शिक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं, लेकिन सरकार ने अब तक उनके साथ न्याय नहीं किया है. उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था तभी मजबूत होगी, जब शिक्षकों को सम्मान, नियमित वेतनमान, पेंशन, सेवा सुरक्षा, कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा और सामाजिक सुरक्षा मिले. उन्होंने यह भी कहा कि वित्त रहित शिक्षकों की आवाज अब संसद से लेकर सड़क तक मजबूती से उठाई जाएगी.

कांग्रेस सेवा दल ने आंदोलन को बताया सफल

बिहार प्रदेश कांग्रेस सेवा दल के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संजय यादव ने कहा कि अरवल, भोजपुर, बक्सर और रोहतास के बाद कैमूर में भी आंदोलन को व्यापक समर्थन मिला है. उन्होंने कहा कि जब तक सरकार वित्त रहित शिक्षकों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.

Bhabhua News : मुख्यमंत्री के नाम सौंपा गया ज्ञापन

धरना समाप्त होने के बाद शिक्षकों, शिक्षकेत्तर कर्मचारियों, कांग्रेस सेवा दल के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने समाहरणालय तक पदयात्रा निकाली. इसके बाद जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया. ज्ञापन में वित्त रहित शिक्षा नीति समाप्त करने, शिक्षण संस्थानों के समायोजन, नियमित वेतनमान, पेंशन, सेवा सुरक्षा, कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा और सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की गई.

बड़ी संख्या में शिक्षक और शिक्षा प्रेमी हुए शामिल

कार्यक्रम में जिला अध्यक्ष राधेश्याम कुशवाहा, हरीश तिवारी, विभिन्न वित्त रहित महाविद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षक, शिक्षकेत्तर कर्मचारी, कांग्रेस सेवा दल के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में शिक्षा प्रेमी मौजूद रहे.

Also Read : कैमूर में पुलिस का मेगा ऑपरेशन, हत्या के प्रयास समेत 32 गिरफ्तार, हथियार और भारी मात्रा में शराब बरामद

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन