ePaper

उर्वरक बिक्री की जांच में प्रखंडों में पहुंची टीम, 30 वरीय पदाधिकारियों ने की 86 दुकानों में जांच की

Updated at : 07 Aug 2022 6:00 AM (IST)
विज्ञापन
उर्वरक बिक्री की जांच में प्रखंडों में पहुंची टीम, 30 वरीय पदाधिकारियों ने की 86 दुकानों में जांच की

पूरे जिले के 18 प्रखंडों के 265 खुदरा दुकानदारों के द्वारा उर्वरक का वितरण किया जा रहा है. प्रत्येक खुदरा दुकानों पर मजिस्ट्रेट के रूप में कृषि को-ऑर्डिनेटर को तैनात किया गया है. जिला पदाधिकारी ने बताया कि निरीक्षण के क्रम में जो भी अनियमितता पाई जाएगी. वैसे दुकानदारों के विरुद्ध कार्रवाई होगी.

विज्ञापन

उर्वरक वितरण में पारदर्शिता बरतने को लेकर डीएम कुंदन कुमार के निर्देश पर 30 वरीय पदाधिकारियों के द्वारा जिले के 86 खुदरा दुकानदारों के प्रतिष्ठान का औचक निरीक्षण किया गया. इस कार्रवाई से जहां किसानों ने राहत की सांस ली. वही माफियाओं में हड़कंप मच गया है. जानकारी के अनुसार पूरे जिले के 18 प्रखंडों के 265 खुदरा दुकानदारों के द्वारा उर्वरक का वितरण किया जा रहा है. प्रत्येक खुदरा दुकानों पर मजिस्ट्रेट के रूप में कृषि को-ऑर्डिनेटर को तैनात किया गया है. जिला पदाधिकारी ने बताया कि निरीक्षण के क्रम में जो भी अनियमितता पाई जाएगी. वैसे दुकानदारों के विरुद्ध उर्वरक अधिनियम 1985 के अधीन सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी. कालाबाजारी की शिकायत मिलने पर जीरो टॉलरेंस नीति के उल्लंघन की प्राथमिकी भी दर्ज होगी. किसी भी सूरत में दोषी बख्शे नहीं जाएंगे. इधर जिला प्रशासन के द्वारा गठित टीम के द्वारा दुकानों का औचक निरीक्षण किए जाने से जहां किसानों ने राहत की सांस ली. वही कालाबाजारी करने वाले दुकानदारों पर अंकुश लगा है. दूसरी ओर जिले के 33 थोक उर्वरक विक्रेताओं में से तीन थोक उर्वरक विक्रेताओं के स्टॉक पंजी आदि की जांच पटना से आई टीम के द्वारा की गई. जिससे सभी थोक उर्वरक विक्रेताओं के साथ साथ खुदरा उर्वरक विक्रेताओं में हड़कंप मचा रहा.

आवंटन के अनुरूप नहीं मिल रहा यूरिया

जिले में आवंटन के अनुरूप यूरिया नहीं मिलने के कारण किसानों को काफी परेशानी हो रही है. विभागीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जुलाई माह में 12000 मेट्रिक टन यूरिया की आवश्यकता थी. लेकिन जुलाई माह में तीन हजार मैट्रिक टन ही यूरिया जिले को प्राप्त हुई. जबकि जिले में सूबे के 70 फीसदी गन्ने की खेती होती है. जिले के कुल रकबा का 80 फीसदी रकबा खेती होती है. जिले में 1.42 लाख हेक्टेयर धान की खेती, 2.25 लाख हेक्टेयर में गन्ने की खेती हुई है. वही मक्का दलहनी और सब्जी की फसलों की खेती 22000 हेक्टेयर में हुई है. ऐसे में जिले को अतिरिक्त यूरिया की आवश्यकता है.

जिले में आयेगी दो रैक यूरिया

जिले में यूरिया की किल्लत पर विराम लग जाएगी. 2 दिनों के अंदर इफको कंपनी की एक रैक और डॉक्टर फसल की एक रैक यूरिया बेतिया रैक पॉइंट पर पहुंच जाएगी. इफको यूरिया को पैक्स, स्वावलंबी समितियों, बिस्कोमान, इफको के विक्रय सेंटर, फार्म ओ वाले प्राइवेट खुदरा दुकानदारों के बीच वितरण किया जाएगा. वही डॉक्टर फसल यूरिया की एक रैक बेतिया रैक पॉइंट पर मंगलवार तक लग जाएगी. दो रैक यूरिया पश्चिम चंपारण को मिलने से यूरिया की किल्लत शीघ्र दूर हो जाएगी. जिला कृषि पदाधिकारी विजय प्रकाश ने बताया चार दिनों के अंदर जिले को और अतिरिक्त यूरिया का आवंटन प्राप्त होगा. फिलहाल अभी 2000 मैट्रिक टन यूरिया का वितरण 265 खुदरा दुकानदारों के द्वारा की जा रही है. जिसके वितरण की जांच सभी वरीय पदाधिकारियों के द्वारा की जा रही है. उन्होंने सभी थोक उर्वरक विक्रेताओं, खुदरा उर्वरक विक्रेताओं के स्टॉक पंजी, वितरण पंजी, किसानों का फीडबैक आदि की जांच की.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन