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hajipur news. 100 जीविका समूहों में केनरा बैंक ने बांटा चार करोड़ का लोन

Updated at : 25 Jun 2025 11:02 PM (IST)
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hajipur news. 100 जीविका समूहों में केनरा बैंक ने बांटा चार करोड़ का लोन

केनरा बैंक की ओर से रूडसेट, हाजीपुर में मेगा क्रेडिट लिंकेज सह ऋण वितरण समारोह का आयोजन हुआ, इसमें जिले के हाजीपुर, जंदहा, गोरौल और भगवानपुर प्रखंड के करीब 100 जीविका स्वयं सहायता समूहों के बीच करीब चार करोड़ रुपये का लोन वितरण किया गया

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हाजीपुर. केनरा बैंक की ओर से रूडसेट, हाजीपुर में मेगा क्रेडिट लिंकेज सह ऋण वितरण समारोह का आयोजन हुआ. इसमें जिले के हाजीपुर, जंदहा, गोरौल और भगवानपुर प्रखंड के करीब 100 जीविका स्वयं सहायता समूहों के बीच करीब चार करोड़ रुपये का लोन वितरण किया गया. कार्यक्रम का उद्घाटन केनरा बैंक के सहायक महाप्रबंधक राजीव कुमार पांडेय, सहायक महाप्रबंधक बालाजी एस, एलडीएम रेणु सिन्हा, एसपीएम जीवन झा, जीविका की डीपीएम वंदना कुमारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर व केनरा बैंक के संस्थापक अम्मेंबल सुब्बाराव पाई के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया.

कार्यक्रम का संचालन संकाय सदस्य ठाकुर सोनू कुमार सिंह ने किया. संबोधित करते हुए सहायक महाप्रबंधक ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों की अवधारणा एकता, दृढ़ संकल्प और सामूहिक विकास की भावना का प्रतीक है. इन समूहों ने न केवल अपने सदस्यों के जीवन में सुधार किया है, बल्कि अपने समुदाय में दूसरों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बने हैं. उन्होंने कहा की केनरा बैंक अपने स्थापना काल से ही सामाजिक व ग्रामीणों के आर्थिक उत्थान हेतु संकल्पित है. महिलाएं ऋण का उपयोग अपनी आय को बढ़ाने में करें एवं समय पर ऋण वापसी करें. जिससे बैंकों का भरोसा आप पर बनी रहे. यह ऋण वितरण समारोह कार्यक्रम भी उसी की दिशा में एक पहल है. उन्होंने कहा कि केनरा बैंक का उद्देश्य जरूरतमंदों को ऋण मुहैया कराकर स्वरोजगार काे बढ़ावा देना है. जिससे कि राज्य में उद्योग धंधों का विस्तार हो सके और लोग आत्मनिर्भर हो सकें.

राशि का व्यावसायिक कार्यों में उपयोग कर महिलाएं बनेगी आत्मनिर्भर

जीविका दीदियों को उत्साहवर्धन करते हुए एलडीएम ने कहा कि इस तरह के मेगा ऋण वितरण कार्यक्रम जिले में रोजगार के बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगा. आज सभी जीविका दीदियां इस ऋण राशि को व्यवसायिक कार्य में लगाकर खुद को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अग्रसर होंगी, यह बहुत हीं सुखद बात है. कहा कि जीविका दीदियों ने अपने आप को आत्मनिर्भर बनाकर एक अलग पहचान बनाई है.

जीविका के लक्ष्य को पूरा करने में बैंकों का रहा है अहम योगदान

डीपीएम ने कहा कि जीविका मुख्यत: निर्धन ग्रामीण महिलाओं के आजीविका संवर्धन का कार्यक्रम है. इसे बैंकों तथा वित्तीय संस्थाओं के सहयोग के बिना पूरा करना संभव नहीं है. जीविका के लक्ष्यों को प्राप्त करने में जिला व राज्य स्तर पर बैंकों का बहुत ही विशेष योगदान रहा है. आज बहुत बड़े पैमाने पर जीविका की दीदियां स्वरोजगार से जुड़ कर अपनी आय में वृद्धि कर रही हैं. जिससे उनके घरों में खुशहाली आ रही हैं. साथ ही उनका जीवन स्तर ऊपर उठ रहा है. बैंकों का ऋण वापस करने में जीविका दीदियों का क्रेडिट अच्छा रहा है. इसलिए उन्हें ऋण देने में बैंकों को खुशी होती है. कार्यक्रम में रितेश रंजन, हेमकांत कुमार, केनरा बैंक के हरप्रसाद, मांनसिंहपुर बिझरौल, हिलालपुर बिठौली, कुंवारी, असोई , मांगणपुर तथा जंदाहा के शाखा प्रबंधक, जीविका के राज कुमार महतो, श्वेता रंजन, उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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Shashi Kant Kumar

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By Shashi Kant Kumar

Shashi Kant Kumar is a contributor at Prabhat Khabar.

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