शिक्षा समाज को दिशा प्रदान करती है : डॉ सतीशचंद्र

Published by : HARIBANSH KUMAR Updated At : 11 Sep 2025 5:22 PM

विज्ञापन

गया कॉलेज : प्रबंधन विभाग में शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन

विज्ञापन

गया कॉलेज : प्रबंधन विभाग में शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन

संवाददाता, गया जी. गया कॉलेज के प्रबंधन विभाग में गुरुवार को शिक्षक–सम्मान समारोह का आयोजन किया गया. एमबीए सत्र 2024–26 के विद्यार्थियों ने उत्साह और गरिमा के शिक्षकों का सम्मान जताया. इस अवसर पर प्राचार्य डॉ सतीश सिंहचंद्र ओएसडी (व्यावसायिक पाठ्यक्रम) डॉ विनोद कुमार सिंह, बर्सर डॉ मार्कण्डेय पांडेय, वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ जावेद अशरफ्र, डॉ सुशांत मुखर्जी व विभागाध्यक्ष डॉ अम्बरीष नारायण मुख्य रूप से उपस्थित थे. कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर किया गया. इसके बाद विद्यार्थियों ने स्वागत गान, कविता, भाषण, गीत और विभिन्न प्रस्तुतियों से गुरुक्ष-शिष्य परंपरा को जीवंत किया. इन प्रस्तुतियों ने शिक्षकों के प्रति आदर और कृतज्ञता थी. कॉलेज के प्राचार्य डॉ सतीशचंद्र ने कहा कि शिक्षक वह दीपक हैं, जो स्वयं जलकर भी दूसरों का मार्ग आलोकित करता है. विद्यार्थियों के जीवन में शिक्षकों का योगदान अविस्मरणीय है. शिक्षा का दान ही वह अमूल्य उपहार है, जो समाज को स्थायी दिशा प्रदान करती है. उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए गुरुजनों के आदर और स्मरण का महत्व रेखांकित किया. प्रबंधन विभागाध्यक्ष डॉ अम्बरीष नारायण ने कहा कि हमारे विद्यार्थियों ने जिस श्रद्धा और आदर के साथ इस कार्यक्रम का आयोजन किया है. वह पूरे कॉलेज के लिए गर्व की बात है. उन्होंने विद्यार्थियों की लगन और सहभागिता की सराहना करते हुए समारोह की सफलता का श्रेय उन्हें दिया. विभाग के अन्य सभी शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मियों को सम्मानित किया गया. इनमें अमृता सिन्हा, अजीत राज, प्रेमपति चखैयार, डॉ सुजीत पाठक, डॉ फारूख हैयात, दीपचंद गुप्ता, डॉ अमित कुमार सहित संतोष कुमार सिंह, नीरज कुमार, सैयद खान, शाहिदा, कामिनी, उमेश, शीला व लालेश्वर शामिल रहे.

शिक्षक-विद्यार्थी का रिश्ता ज्ञान, संस्कार और मूल्यों से बंधा

सम्मानित शिक्षकों व शिक्षकेत्तर कर्मियों ने भी अपने विचार साझा किये. विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों और उनके आदर–भाव ने इस समारोह को यादगार बना दिया. कार्यक्रम ने संदेश दिया कि शिक्षक-विद्यार्थी का रिश्ता केवल कक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जीवनभर की एक मजबूत डोर है, जो ज्ञान, संस्कार और मूल्यों से बंधी होती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
HARIBANSH KUMAR

लेखक के बारे में

By HARIBANSH KUMAR

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन