गया जी : रेल मंत्रालय की पत्रिका में डीडीयू मंडल की उपलब्धियों को मिली जगह, समयपालन और नए प्रयोगों की हुई सराहना

ट्रेन की सांकेतिक तस्वीर | Prabhat Khabar Network
रेल मंत्रालय की आधिकारिक पत्रिका 'भारतीय रेल' ने पूर्व मध्य रेल के डीडीयू मंडल की उपलब्धियों का बखान किया है. 'रुद्रास्त्र' मालगाड़ी के सफल संचालन, 180 किमी/घंटा की हाई-स्पीड ट्रायल और शत-प्रतिशत समयपालन के साथ डीडीयू मंडल ने देशभर में पहला स्थान हासिल किया है.
रेल मंत्रालय की आधिकारिक पत्रिका 'भारतीय रेल' के जुलाई 2026 वार्षिक अंक में पूर्व मध्य रेल के पंडित दीन दयाल उपाध्याय (डीडीयू) मंडल की उल्लेखनीय उपलब्धियों को प्रमुखता से स्थान दिया गया है.
पत्रिका में प्रकाशित पूर्व मध्य रेल के महाप्रबंधक छत्रसाल सिंह के संदेश में मंडल की परिचालन क्षमता, तकनीकी नवाचार, माल परिवहन और समयपालन के क्षेत्र में किए गए उत्कृष्ट कार्यों का विशेष उल्लेख किया गया है. इससे स्पष्ट होता है कि डीडीयू मंडल पूर्व मध्य रेल की प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है.
'रुद्रास्त्र' मालगाड़ी और हाई स्पीड ट्रायल
पत्रिका में डीडीयू मंडल की सबसे बड़ी उपलब्धियों में सात अगस्त 2025 को संचालित 'रुद्रास्त्र' मालगाड़ी का विशेष उल्लेख किया गया है. भारतीय रेल में पहली बार छह खाली बॉक्सन रेक, कुल 354 वैगन और सात इंजनों को जोड़कर लगभग 4.5 किलोमीटर लंबी मालगाड़ी का सफल संचालन किया गया था.

यह ट्रेन गंजख्वाजा स्टेशन से डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डीएफसी) होते हुए सोननगर और आगे सामान्य ब्रॉडगेज रेलमार्ग पर गढ़वा रोड की दिशा में सफलतापूर्वक चलाई गई थी. वहीं दूसरी तरफ 'मिशन रफ्तार' के तहत डीडीयू मंडल में किए गए हाई स्पीड ट्रायल को भी पत्रिका में प्रमुखता दी गई है. 25 मार्च 2026 को डीडीयू-गया-धनबाद रेलखंड पर विशेष ट्रेन के माध्यम से 180 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से सफल स्पीड ट्रायल किया गया.
इससे पहले चार अप्रैल 2025 को डीडीयू-गया ग्रैंड कॉर्ड रेलखंड पर 160 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से परीक्षण सफल रहा था. इन परीक्षणों ने भविष्य में तेज गति वाली रेल सेवाओं के संचालन के लिए आवश्यक आधारभूत संरचना और तकनीकी दक्षता को प्रमाणित किया.
समयपालन में देशभर में पहला स्थान
डीडीयू मंडल की परिचालन उत्कृष्टता का ताजा उदाहरण 26 जुलाई 2026 को देखने को मिला, जब मंडल ने संचालित 159 मेल एवं एक्सप्रेस ट्रेनों का शत-प्रतिशत समयपालन सुनिश्चित करते हुए भारतीय रेल के सभी मंडलों में पहला स्थान हासिल किया. वर्ष 2025-26 के दौरान भी मंडल ने कई अवसरों पर 100 प्रतिशत समयपालन का रिकॉर्ड बनाकर यात्री सेवा और परिचालन प्रबंधन में अपनी श्रेष्ठता साबित की.

पूमरे जीएम छत्रसाल सिंह का संदेश
पूमरे के महाप्रबंधक छत्रसाल सिंह ने अपने संदेश में नई ट्रेन सेवाओं के विस्तार, माल व यात्री परिचालन, राजस्व वृद्धि, अधोसंरचना विकास, यात्री सुरक्षा, डिजिटल पहल और तकनीकी उन्नयन जैसे क्षेत्रों में पूर्व मध्य रेल की उपलब्धियों का उल्लेख किया.
उन्होंने कहा कि इन सफलताओं के पीछे सभी मंडलों, निर्माण इकाइयों और विभिन्न विभागों का समन्वित प्रयास है. डीडीयू मंडल ने परिचालन दक्षता, तकनीकी नवाचार और उत्कृष्ट यात्री सेवा के माध्यम से इस सामूहिक सफलता में महत्वपूर्ण योगदान दिया है.

यही कारण है कि रेल मंत्रालय की आधिकारिक पत्रिका में मंडल की उपलब्धियों को प्रमुख स्थान मिला है, जो भविष्य में भी सुरक्षित, आधुनिक और विश्वसनीय रेल सेवाओं के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है.
Also Read : डीडीयू रेल मंडल में ट्रैफिक विभाग के 44 रेलकर्मियों का तबादला, गया जंक्शन के कई अधिकारी भी बदले
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










