ePaper

बिहार के गया में बाढ़ का कहर! मोरहर-बुढ़िया नदी उफनी, सैकड़ों घर डूबे, गांव-शहर का संपर्क टूटा

Updated at : 16 Jul 2025 3:34 PM (IST)
विज्ञापन
bihar flood alert| Flood wreaks havoc in Bihar's Gaya! Morhar-Budhiya river overflows, hundreds of houses submerged

प्रतीकात्मक तस्वीर

Bihar Flood Alert: गया में भारी बारिश ने तबाही मचा दी है. मोरहर और बुढ़िया नदी उफान पर हैं, जिससे शेरघाटी समेत कई इलाकों में बाढ़ का पानी घुस गया है. सैकड़ों घर डूब गए, खेत बर्बाद हो गए और गांव-शहर का संपर्क टूट गया. 5000 से ज्यादा लोग प्रभावित हैं और प्रशासन राहत कार्य में जुटा है.

विज्ञापन

Bihar Flood Alert: गया जिले में बाढ़ ने विकराल रूप ले लिया है. शेरघाटी से गुजरने वाली मोरहर और बुढ़िया नदी उफान पर है, जिससे शेरघाटी, फतेहपुर, परैया और बोधगया के दर्जनों गांव जलमग्न हो गए हैं. लगातार बारिश के कारण नदियों का जलस्तर 50 से 60 सेंटीमीटर अधिक पहुंच चुका है. कई गांवों में पुलिया और सड़क बह गई हैं, जिससे गांवों का संपर्क शहर से पूरी तरह टूट गया है.

बिजली लाइन भी नदी में बही, कोर्ट परिसर भी डूबा

शेरघाटी कोर्ट की ओर जाने वाली बिजली लाइन भी नदी में बह गई, जिससे कोर्ट परिसर अंधेरे में डूबा हुआ है. शेरघाटी शहर से फतेहपुर, पलकिया, शेरपुर को जोड़ने वाली सड़क की पुलिया बहने से लोग फंसे हैं. बाढ़ ने गोपालपुर, मोहम्मदपुर, मंझार, जगदीशपुर समेत आधा दर्जन गांवों को अपनी चपेट में ले लिया है. करीब पांच बीघा खेत पानी में बह गए और शेष खेत डूब चुके हैं. बोधगया प्रखंड के बसतपुर, मोराटाल, छाज, सलोंजा में भी पानी भर गया है.

दलित बस्तियों में घुसा बुढ़िया नदी का पानी

बुढ़िया नदी का पानी किनारे बसे दलित बस्तियों में घुस गया है. करीब 30 घर बह गए या बर्बाद हो गए. लोग खुले आसमान में रहने को मजबूर हैं. भूख, प्यास और बीमारी की आशंका से पीड़ित परिवार प्रशासन से मदद की गुहार लगा रहे हैं. पीड़ितों का कहना है कि उनके पास अब ना घर है, ना खाना, ना कपड़ा.

दो-दो घंटे पर मॉनिटरिंग की जा रही नदी का जलस्तर- डीएम

डीएम शशांक शुभंकर ने बताया कि जिले में सभी नदियों के जलस्तर की दो-दो घंटे पर मॉनिटरिंग की जा रही है. बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अधिकारी लगातार कैंप कर रहे हैं. सामुदायिक किचन चालू कर पीड़ितों को भोजन मुहैया कराया जा रहा है. झारखंड में भारी बारिश का असर गया में भी दिख रहा है. फल्गु नदी का जलस्तर भी बढ़ा है. प्रशासन ने पूरी स्थिति पर नजर रखते हुए 24 घंटे अलर्ट जारी किया है. मगर ग्रामीणों का दर्द है कि जब तक स्थायी राहत नहीं मिलेगी, तब तक उनका जीवन संकट में ही रहेगा.

Also Read: बिहार में मानसून ने पकड़ी रफ्तार! सहरसा में कोसी नदी उफान पर, जमुई में तेज बहाव में बहने लगा ऑटो

विज्ञापन
Abhinandan Pandey

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन