बेनीपुर. प्रशासनिक उदासीनता के कारण सड़क जाम की समस्या बेनीपुरवासियों के लिए नियति सी बनकर रह गयी है. सामान्य लोगों को कौन कहे, प्रशासानिक पदाधिकारी, राजनेता, विद्यालय जाने वाले बच्चों के साथ-साथ एम्बुलेंस को भी नित्य जाम में फंसकर घंटो समय बर्बाद करना पड़ रहा है. बेनीपुर-दरभंगा पथ के भारत चौक से लेकर बेनीपुर बस स्टैंड, हटिया गाछी, अंबेडकर चौक, आशापुर टावर चौक, मझौड़ा, धरौड़ा व बहेड़ा बाजार में अस्थायी अतिक्रमणकारियों के कारण सड़क जाम होना आम बात है. नगर व अंचल प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने की महज खानापूरी की जाती है. अतिक्रमण हटाने आये पदाधिकारियों की गाड़ी निकलते ही पुनः फुटपाथी अतिक्रमणकारी व टेम्पो चालकों का सडक किनारे व सड़क पर पूर्व की भांति साम्राज्य स्थापित हो जाता है. परिणाम स्वरुप अगले ही दिन से वही हाल हो जाता है. इसके लिए बाजार के स्थायी दुकान मालिक भी कम जिम्मेदार नहीं हैं. वे अपनी दुकान के आगे दैनिक किराये पर ठेला-खोमचा लगवाते हैं. इससे भीषण जाम की समस्या उत्पन्न हो जाती है. इधर, बरुणा-रसियारी पथ के बेनीपुर में मिलान स्थल व आशापुर टावर चौक पर जाम लगना रूटीन वर्क बना हुआ है. यहां आमलोगों के साथ-साथ कई बार पदाधिकारी, राजनेता, स्कूली बस के साथ-साथ एम्बुलेंस को भी घंटो फंसे रहना पड़ता है. हालांकि उच्चाधिकारी व राजनेता के आगमन के समय पुलिस प्रशासन पूर्ण सक्रियता दिखाती है. उनलोगों के आगमन के समय से दो घंटा पूर्व से ही सड़कों पर पुलिस की पहरा लगा दिया जात है. वहीं वीआइपी कार्यक्रम समाप्त होने के बाद आमलोगों को फिर से जाम में जूझना पड़ता है. प्रचंड धूप व पछिया हवा के झोंके में जाम में फंसने वालों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. इस संबंध में पूछने पर एसडीओ शंभुनाथ झा ने बताया कि नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी व सीओ को पुलिस बल के साथ त्वरित कार्यवाही करते हुए पुन: अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया गया है.
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