Cyber Crime Bihar: केवाला से नकली फिंगरप्रिंट बनाकर उड़ा रहे थे रुपये, 17 साइबर ठग गिरफ्तार

एडीजी जितेंद्र सिंह गंगवार ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि पूर्णिया के कसबा और अमौर में अब तक इस मामले में 17 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. 28 जनवरी को कसबा थाना क्षेत्र से 10, जबकि अमौर थाना क्षेत्र से 24 मार्च को दो, दो मई को दो और सात मई को तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है.
साइबर अपराधी आम लोगों को फंसाने के लिए के नये-नये तरीके अपना रहे हैं. बिहार पुलिस ने सोमवार को जिस साइबर अपराधी गैंग का खुलासा किया है, उसके काम करने का तरीका बिल्कुल नया है. यह गिरोह केवाला (जमीन के दस्तावेज) के जरिये नकली फिंगरप्रिंट बनाकर लोगों के रुपये निकाल लेता था. पुलिस मुख्यालय के एडीजी जितेंद्र सिंह गंगवार ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि पूर्णिया के कसबा और अमौर में अब तक इस मामले में 17 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. 28 जनवरी को कसबा थाना क्षेत्र से 10, जबकि अमौर थाना क्षेत्र से 24 मार्च को दो, दो मई को दो और सात मई को तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस का दावा है कि इस गिरोह के सभी सदस्य अब पकड़े जा चुके हैं.
एडीजी के अनुसार, यह अपराधी केवाला को आनलाइन डाउनलोड कर आधार कार्ड की जानकारी लेते थे. इसके बाद आधार कार्ड प्राप्त कर फिंगरप्रिंट की जानकारी ले लेते थे. इस फिंगरप्रिंट को रबर शीट पर छपवाकर नकली फिंगरप्रिंट तैयार कराया जाता था. इसके बाद संबंधित व्यक्ति के आधार से जुड़े खाते से अवैध निकासी की जाती थी. पूछताछ में यह जानकारी मिली कि पूर्णिया के साइबर अपराधियों ने अपराध की यह तकनीक झारखंड के जामताड़ा से सीखी थी.
बैंकों में चोरी और लूट की घटना नहीं हो, इसके लिए पुलिस मुख्यालय ने राज्य के सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों की बैंक शाखाओं की सुरक्षा ऑडिट करने का निर्देश दिया है. वहीं, राज्य के सभी जिलों में विशेष रिकवरी टीम बनायी है. इसका काम चोरी और छीने गये मोबाइल व अन्य डिजीटल उपकरणों को बरामद कर उसके मालिक तक वापस पहुंचाए. बक्सर जिले में पिछले साल से अभी तक 1159 मोबाइल फोन बरामद कर वापस लौटाए गए हैं. दानापुर में 20 चोरी के मोबाइल पुलिस ने बरामद किए हैं. मोबाइल के बाद जल्द ही लैपटॉप को भी लेकर भी यह अभियान चलाया जायेगा.
एडीजी ने बताया कि साइबर ठगी की तत्काल सूचना के लिए इओयू ने हेल्पलाइन नंबर 1930 जारी किया है. यह काल सेंटर 24 घंटे काम करता है. अप्रैल में हेल्पलाइन नंबर पर 40 हजार से अधिक काल आये. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए साइबर अपराधियों से एक करोड़ 94 लाख 12 हजार 362 रुपये बचाये.
Also Read: बिहार के हर जिले में होगा अब एक साइबर पुलिस थाना, 660 पदों पर होगी नियुक्ति
पटना के मरांची थाना क्षेत्र में पॉलिसी की राशि भुगतान के नाम पर 28 लाख की ठगी मामले में आर्थिक अपराध इकाई ने दिल्ली और यूपी से साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है. इओयू ने दिल्ली के रोहिणी से आकाश कुमार चांदवानी और उत्तरप्रदेश के गाजियाबाद से कपिल त्यागी को गिरफ्तार किया है. दोनों के पास से 12 एटीएम कार्ड, आधा दर्जन मोबाइल फोन बरामद किये गये हैं. दोनों कई राज्यों में लोगों को चपत लगा चुके हैं.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




