पश्चिम चंपारण में बगीचे में लटका मिला प्रेमी जोड़े का शव, शादी की चल रही थी तैयारी, मचा कोहराम
Published by : Paritosh Shahi Updated At : 01 Jun 2025 6:29 PM
सांकेतिक तस्वीर
Bihar News: मृतक की पहचान सिसवनिया पंचायत के बरवा गांव के मंगनी सहनी के सोलह वर्षीय इकलौते पुत्र नीपु के रूप में हुई है. वहीं किशोरी की पहचान नगर पंचायत के ढढवा गांव नथु महतो के पंद्रह वर्षीय पुत्री आरती के रूप में हुई है.
Bihar News: पश्चिम चंपारण जिले के लौरिया थानाक्षेत्र के सिसवनिया पंचायत के बरवा शेख सरेह के बगीचे में पेड़ से लटकते हुए एक किशोर और किशोरी का शव मिला है. दोनों एक ही फंदे से लटके हुए थे. ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों के शवों को नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. ग्रामीणों के मुताबिक मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा है. फिलहाल पुलिस छानबीन में जुट गई है.
हर बिंदु पर हो रही जांच
फोरेसिंक टीम भी मौके पर पहुंच छानबीन की है. थानाध्यक्ष रमेश कुमार शर्मा ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध लग रहा है. पुलिस हर पहलू पर सुक्ष्मता से जांच कर रही है. शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच बेतिया भेजवाया जा रहा है.
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प्रेम करते थे दोनों, शादी कराने का हो रहा था प्रयास
ग्रामीणों ने बताया कि नीपू और आरती एक दूसरे से प्रेम करते थे. नीपू के पिता मजदूरी करने बाहर गये हैं और आरती के पिता राजमिस्त्री का काम करते हैं. दोनों परिवारों को इस प्रेम संबंध के बारे में जानकारी थी और दोनों की शादी के लिए दोनों परिवारों में सकारात्मक प्रयास हो रहा था. ऐसे में अब दोनों की संदिग्ध हालत में मौत के बाद सनसनी फैल गई है.
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हत्या या आत्महत्या में उलझा मामला
ग्रामीणों की माने तो दोनों की हत्या कर शव लटकाया गया है. जबकि कुछ लोग इसे प्रेमी युगल के सुसाइड करने की बात कह रहे हैं. पुलिस का कहना है कि पोस्मार्टम रिपोर्ट के बाद ही इसका खुलासा हो सकेगा. बता दें कि आरती शनिवार की देर शाम से लापता थी. परिवार के लोग उसकी खोजबीन कर रहे थे. बाद में उसका शव मिलने की सूचना पर भारी भीड़ जमा हो गई.
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By Paritosh Shahi
परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.
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