ePaper

अनुमंडल अस्पताल तोड़फोड़ कांड में पुलिस सख्त, आधा दर्जन से अधिक उपद्रवी चिह्नित

Updated at : 17 Jan 2026 10:31 PM (IST)
विज्ञापन
अनुमंडल अस्पताल तोड़फोड़ कांड में पुलिस सख्त, आधा दर्जन से अधिक उपद्रवी चिह्नित

डुमरांव अनुमंडलीय अस्पताल में हुई तोड़फोड़ की घटना को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है.

विज्ञापन

डुमरांव. डुमरांव अनुमंडलीय अस्पताल में हुई तोड़फोड़ की घटना को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है. अस्पताल प्रबंधक अफरोज आलम के बयान पर डुमरांव थाना में 10 से 15 अज्ञात उपद्रवियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी है. वहीं, वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने तोड़फोड़ और सुरक्षा गार्ड से बदसलूकी में शामिल आधा दर्जन से अधिक उपद्रवियों को चिन्हित कर लिया है. उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. अस्पताल प्रबंधन की ओर से दर्ज करायी गयी प्राथमिकी के आधार पर पुलिस ने सरकारी कार्य में बाधा, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, ड्यूटी पर तैनात बिहार होमगार्ड जवान के साथ बदसलूकी सहित कई संगीन धाराओं में मामला दर्ज किया है. पुलिस सूत्रों के अनुसार, चिन्हित आरोपियों के अलावा अन्य उपद्रवियों की पहचान के लिए वायरल वीडियो, सीसीटीवी फुटेज, टावर डंपिंग और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के माध्यम से जांच तेज कर दी गई है. एंबुलेंस की देरी बनी विवाद की वजह : अस्पताल प्रबंधक ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि शुक्रवार की शाम करीब चार बजे सड़क दुर्घटना में घायल करण दुबे और भोला दुबे को इलाज के लिए अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया था. प्राथमिक उपचार के बाद करण दुबे की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर किया गया. रेफर के बाद एंबुलेंस उपलब्ध कराने में कुछ देरी हुई, क्योंकि उस समय अस्पताल की सभी एंबुलेंस अन्य मरीजों को लाने-ले जाने में व्यस्त थीं. इसी देरी को लेकर घायल के परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हो गये. अस्पताल परिसर में जमकर की गयी तोड़फोड़ : आरोप है कि 10 से 15 की संख्या में पहुंचे आक्रोशित लोगों ने अस्पताल परिसर में जमकर तोड़फोड़ की, तीन गेटों को क्षतिग्रस्त कर दिया और स्ट्रेचर तोड़ डाला. उपद्रवियों ने डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को खोजकर उनके साथ मारपीट करने की भी कोशिश की, जिससे भयभीत होकर सभी कर्मियों को जान बचाने के लिए छिपना पड़ा. स्थिति इतनी बिगड़ गई कि प्रभारी उपाधीक्षक (डीएस) को भी अपनी जान बचाने के लिए एसडीएम कार्यालय कक्ष में शरण लेनी पड़ी. इस दौरान ड्यूटी पर तैनात बिहार होमगार्ड जवान के कॉलर में हाथ डालकर उसे धक्का देने का भी आरोप है. वायरल वीडियो में धमकी तोड़फोड़ की घटना से जुड़े वायरल वीडियो में उपद्रवियों द्वारा अस्पताल को फूंकने और डॉक्टरों को नाम लेकर धमकी देने की बातें सामने आई हैं. घटना के बाद अस्पताल के डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों में भय का माहौल व्याप्त है. पुलिस ने किया स्थल निरीक्षण : डुमरांव थाना पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर क्षतिग्रस्त सरकारी संपत्तियों का आकलन किया है. पुलिस प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी और अस्पताल परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जायेगा. हादसे की पृष्ठभूमि बताया जाता है कि बड़का ढकाईच गांव निवासी करण दुबे अपने कुछ साथियों के साथ बाइक से लौट रहे थे, तभी चौकियां गांव के पास एक ट्रक की चपेट में आ गये. इस हादसे में करण दुबे गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि अन्य को भी चोटें आयी. सभी घायलों को तत्काल अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया था. सुरक्षा बढ़ाने की मांग : घटना के बाद डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों ने अस्पताल परिसर में सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है. उनका कहना है कि सीमित संसाधनों और अत्यधिक दबाव के बावजूद वे लगातार मरीजों की सेवा कर रहे हैं, ऐसे में इस तरह की घटनाएं बेहद चिंताजनक हैं. यदि सुरक्षा व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे. इधर, प्रभारी उपाधीक्षक ने भी अस्पताल की सुरक्षा तत्काल प्रभाव से बढ़ाने की मांग की है. पुलिस प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि आपात स्थिति में संयम बनाए रखें और कानून अपने हाथ में न लें. पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्यकर्मियों पर हमला किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जायेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
AMLESH PRASAD

लेखक के बारे में

By AMLESH PRASAD

AMLESH PRASAD is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन