बक्सर: निर्जला एकादशी पर उमड़ा आस्था का सैलाब, गंगा स्नान कर रखा 24 घंटे का उपवास

Edited by Rajeev Kumar
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गंगा स्नान के लिए रामरेखा घाट पर उमड़े श्रद्धालु.

Buxar News : श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने घाटों पर सुरक्षा के इंतजाम किए थे. यातायात को सुगम बनाने के लिए ट्रैफिक पुलिस भी मुस्तैद रही.

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बक्सर से ओंकार नाथ मिश्र की रिपोर्ट
Buxar News : निर्जला एकादशी के पावन अवसर पर आस्था की डुबकी लगाने के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा. गुरुवार को अहले सुबह से ही रामरेखा घाट समेत गंगा के अन्य घाटों पर भक्तों की भीड़ जुटने लगी. श्रद्धालुओं ने हर-हर गंगे के जयकारों के साथ पवित्र स्नान किया और 24 घंटे का कठिन निर्जल व्रत रखा.

रामरेखा घाट बना आस्था का केंद्र

ज्योतिषाचार्य पं मुन्ना जी चौबे ने बताया कि ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को निर्जला एकादशी के नाम से जाना जाता है. मान्यता है कि इस दिन बिना जल ग्रहण किए व्रत रखने से साल भर की सभी एकादशियों का पुण्य मिल जाता है. इसी आस्था के साथ सुबह 4 बजे से ही रामरेखा घाट, नाथ बाबा घाट, सती घाट और सिद्धाश्रम घाट पर महिला-पुरुष, बुजुर्ग और बच्चों की लंबी कतारें दिखीं. श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाकर सूर्य देव को अर्घ्य दिया और भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना की.

श्रद्धालुओं ने किया दान-पुण्य

व्रत रखने वाले श्रद्धालुओं ने घाटों पर ब्राह्मणों को अन्न, वस्त्र, जल से भरे घड़े, पंखा और फल का दान किया. आचार्यों ने बताया कि निर्जला एकादशी पर दान का विशेष महत्व है. भीषण गर्मी में जल से भरे घड़े और पंखा दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है. महिला श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण कर दान पुण्य किया.

सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने घाटों पर सुरक्षा के इंतजाम किए थे, ताकि श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित किया जा सके. यातायात को सुगम बनाने के लिए ट्रैफिक पुलिस भी मुस्तैद रही. भारी वाहनों को शहर से बाहर ही रोक दिया गया था.

मंदिरों में पूजा-अर्चना के लिए उमड़े श्रद्धालु.

मंदिरों में किए दर्शन-पूजन

गंगा स्नान के बाद श्रद्धालु रामरेखाघट स्थित श्री रामेश्वर नाथ मंदिर व श्रीराम जानकी मंदिर मंदिर, नाथ बाबा मंदिर व चरित्रवन स्थित श्री लक्ष्मीनारायण पहुंचे और अपने आराध्य की पूजा की. पूरे दिन कई मंदिरों में भजन-कीर्तन का दौर चलता रहा.

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राजीव कुमार कंटेंट राइटर राजीव कुमार प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं. खबरों के संपादन के क्षेत्र में उनके पास तीन साल का अनुभव है. प्रभात खबर डिजिटल के पटना कार्यालय से जुड़ने से पहले वे भागलपुर में हिंदुस्तान और दैनिक भास्कर अखबार की संपादकीय टीम में काम कर चुके हैं. बिहार की राजनीतिक, सामाजिक जीवन से जुड़ी घटनाओं की अच्छी समझ रखते हैं. विशेषज्ञता राजीव कुमार खास तौर पर राजनीति की खबर,ब्रेकिंग न्यूज, रियल टाइम खबरें और मौसम की खबर समेत रिसर्च आधारित खबरें करते हैं. इसके अलावा वह हर तरह के इवेंट का पल-पल का लाइव कवरेज भी करते हैं. सोशल मीडिया एक्स हैंडल पर नजर बनाएं रखते है. खासकर राजनीति से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस रखते है. बिहार की राजनीति पर हमेशा नजर रहती है. पत्रकारिता अनुभव राजीव कुमार ने पत्रकारिता में मास्टर डिग्री हासिल करने के बाद हिंदुस्तान जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में पत्रकारिता का शुरुआती ज्ञान लिया, यहां हेडलाइन, ब्रेकिंग न्यूज, लाइव कवरेज,खबर की थीम,खबरों में तथ्य आदि के बारे में बारीकी से समझा. करीब एक साल तक हिंदुस्तान अखबार में काम करने बाद दैनिक भास्कर में काम करने का मौका मिला.दैनिक भास्कर में जिले से जुड़ी खबर, लोकल खबर समेत कई खबरों की जानकारी मिली.करीब दो साल तक दैनिक भास्कर में काम करने के बाद प्रभात खबर डिजिटल में पारी की शुरुआत की. शिक्षा/पुरस्कार मूल रूप से बिहार के पूर्वी चंपारण के बाबा सोमेश्वरनाथ नगरी रहने वाले राजीव कुमार ने महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में पारास्नातक की डिग्री हासिल किया. दैनिक भास्कर में काम करने के दौरान बेतहर हेडिंग और एनओडी पैकेज पर दो-दो पुरस्कार प्राप्त है.

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