शिक्षा विभाग की नई पहल, स्कूलों में अनिवार्य होंगे हेल्पलाइन नंबर; सीधे दर्ज होंगी शिकायतें

Updated:
विज्ञापन
education

सांकेतिक तस्वीर

Buxar News: बक्सर के सभी सरकारी स्कूलों में हेल्पलाइन नंबर 14417 और 18003454417 अनिवार्य रूप से लिखे जाएंगे. शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों की व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए एक बड़ा निर्णय लिया है. इससे छात्र और अभिभावक सीधे शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी शिकायतें दर्ज करा सकेंगे.

विज्ञापन

Buxar News:(संतोष कांत) बक्सर में शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों की व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए एक बड़ा निर्णय लिया है. अब जिले के सभी सरकारी स्कूलों की दीवारों पर शिक्षा विभाग के केंद्रीकृत कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर बड़े अक्षरों में लिखना अनिवार्य होगा.

31 मई तक की डेडलाइन, लापरवाही पर कार्रवाई

प्राथमिक शिक्षा निदेशक के आदेश के अनुसार सभी प्रारंभिक, माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों को यह कार्य 31 मई 2026 तक पूरा करना होगा. निर्धारित समय सीमा के बाद निरीक्षण में जिन स्कूलों में यह नंबर अंकित नहीं पाया जाएगा, वहां के प्रधानाध्यापक और संबंधित कर्मियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी.

प्रमुख स्थान पर लिखे जाएंगे हेल्पलाइन नंबर

आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि टोल-फ्री नंबर 14417 और 18003454417 को स्कूल परिसर के मुख्य द्वार या प्रमुख दीवार पर इस तरह अंकित किया जाएगा कि वह दूर से भी स्पष्ट दिखाई दे. इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि छात्र, अभिभावक और आम नागरिक बिना किसी बाधा के अपनी शिकायत सीधे दर्ज करा सकें.

किन मामलों में दर्ज होगी शिकायत

इस हेल्पलाइन के माध्यम से छात्र और अभिभावक सीधे राज्य मुख्यालय तक अपनी शिकायत पहुंचा सकेंगे। मुख्य रूप से निम्नलिखित मामलों पर कार्रवाई की जाएगी–

  • शिक्षकों की अनुपस्थिति या देर से आना
  • कक्षाओं में पढ़ाई की लापरवाही
  • मिड-डे मील की गुणवत्ता में कमी
  • स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की कमी
  • छात्रवृत्ति, पोशाक, साइकिल और किताब वितरण में अनियमितता

निगरानी की जिम्मेदारी शिक्षा विभाग को

जिला शिक्षा कार्यालय ने सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे नियमित रूप से स्कूलों का औचक निरीक्षण करें और यह सुनिश्चित करें कि सभी स्कूलों में निर्धारित समय सीमा के भीतर हेल्पलाइन नंबर लिख दिए जाएं.

शिकायतों पर सीधे राज्य स्तर से कार्रवाई

शिक्षा विभाग के अनुसार, इस व्यवस्था का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि शिकायतें दबाई नहीं जा सकेंगी और सीधे राज्य मुख्यालय तक पहुंचेंगी. शिकायत मिलने पर तुरंत जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.

बिचौलिया व्यवस्था पर लगेगा अंकुश

अधिकारियों का कहना है कि इस पहल से ग्रामीण इलाकों में शिकायतों को दबाने की प्रवृत्ति और बिचौलिया संस्कृति पर रोक लगेगी. साथ ही शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा मिलेगा. यह कदम सरकारी स्कूलों की कार्यप्रणाली में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिससे छात्रों और अभिभावकों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है.

Also Read:सासाराम में कूड़े की आग ने लिया विकराल रूप, बस तक पहुंची लपटें; इलाके में दहशत

विज्ञापन
Ragini Sharma

लेखक के बारे में

By Ragini Sharma

वर्तमान में मैं, रागिनी शर्मा पटना स्थित प्रभात खबर डिजिटल की टीम के साथ कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हूं. यहां मैं बिहार के विभिन्न जिलों से जुड़ी अहम खबरों, राजनीतिक-सामाजिक मुद्दों और ट्रेंडिंग विषयों पर काम कर रही हूं. मेरा उद्देश्य हर खबर को सरल, सटीक और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करना है, ताकि पाठक न सिर्फ जानकारी प्राप्त करें बल्कि उससे जुड़ाव भी महसूस करें और डिजिटल पत्रकारिता को और अधिक सार्थक बनाया जा सके.

पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान ही मैंने प्रिंट और डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. अपने कॉलेज के समय में हिंदुस्तान के साथ इंटर्नशिप के दौरान मुझे पहली बार वेब पोर्टल पर खबर लिखने और डिजिटल न्यूज राइटिंग का व्यावहारिक अनुभव मिला. इसी दौरान मैंने न्यूज़ लेखन, हेडलाइन स्ट्रक्चर और डिजिटल स्टोरी प्रेजेंटेशन की बुनियादी समझ विकसित की.

इसके बाद वर्ष 2025 में पत्रकारिता में ग्रेजुएशन पूरा करने के साथ ही मैंने अपने प्रोफेशनल करियर की शुरुआत की. डिजिटल मीडिया में मेरी पहली भूमिका फर्स्ट बिहार झारखंड के साथ रही, जहाँ मैंने एंकरिंग और ग्राउंड रिपोर्टिंग के माध्यम से बिहार के जमीनी मुद्दों को कवर किया. इस दौरान मैंने राज्य की राजनीति, सामाजिक सरोकारों और आम जनता से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर सक्रिय रूप से रिपोर्टिंग की.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन