बिहार चुनाव 2020 : पूर्वी चंपारण में कहीं सीधी तो कहीं त्रिकोणीय लड़ाई, जानें किन सीटों पर बागियों ने दलीय प्रत्याशियों को सांसत में डाला

Author : Prabhat Khabar News Desk Published by : Prabhat Khabar Updated At : 30 Oct 2020 7:45 AM

विज्ञापन

इन सीटों पर सिंचाई, गन्ने की खेती, नीलगाय के आतंक, पुल, स्वास्थ्य सेवा, प्रस्तावित प्रखंड आदि मुख्य मुद्दा है.

विज्ञापन

पूर्वी चंपारण के छह विधानसभा क्षेत्रों में द्वितीय चरण में तीन नवंबर को मतदान होना है. इन सीटों पर सिंचाई, गन्ने की खेती, नीलगाय के आतंक, पुल, स्वास्थ्य सेवा, प्रस्तावित प्रखंड आदि मुख्य मुद्दा है. कहीं सीधी तो कहीं त्रिकोणीय लड़ाई है. कुछ सीटों पर बागी प्रत्याशियों ने दलीय प्रत्याशियों को सांसत में डाल रखा है…

गोविंदगंज : लोजपा के खिलाफ भाजपा व कांग्रेस

एतिहासिक व धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण गोविंदगंज विधानसभा क्षेत्र का अरेराज शिव मंदिर प्रसिद्ध है. इलाके के लोग गंडक के बाढ़ से परेशान हैं. अरेराज के समुचित विकास को लोग मुद्दा बना रहे हैं. गंडक नदी पर बांध का मरम्मत, गांव स्तर पर बंद पड़ी स्वास्थ्य सेवाएं, गन्ना किसानों की समस्या और मलाही को प्रखंड का दर्जा मुख्य मुद्दा है.

लोजपा, भाजपा और कांग्रेस में त्रिकोणीय मुकाबले के अासार हैं. इस बार भाजपा के सुनील मणि तिवारी और कांग्रेस के ब्रजेश कुमार आमने-सामने हैं. लोजपा ने राजू तिवारी को उतारा है.

कुल वोटर: 266864

2015 में

लोजपा: राजू तिवारी – 74685

कांग्रेस : ब्रजेश कुमार – 46765

मुद्दा

  • गंडक पर बांध की मरम्मत

  • मलाही को प्रखंड का दर्जा

  • गन्ना किसानों की समस्याएं

केसरिया : हर दल से बागी हैं चुनाव मैदान में

विश्व प्रसिद्ध बौद्ध स्तूप को ले चर्चित केसरिया विधान सभा पर सबकी नजर है, जहां बागियों ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया है. दलीय प्रत्याशी में जदयू की शालिनी मिश्रा और राजद से संतोष कुशवाहा हैं. वहीं, राजद से बेटिकट डाॅ राजेश, जदयू के बागी पूर्व विधायक महेश्वर सिंह और बीजेपी के बागी रामशरण यादव ने चुनावी मुकाबले को दिलचस्प बना दिया है.

इलाके में बौद्ध स्तूप का विकास, गंडक के बाढ़ से मुक्ति, सिंचाई सुविधा के साथ खजुरिया का प्रखंड न बनना प्रमुख चुनावी मुद्दा है. यहां 267388 वोटर हैं. 2015 के चुनाव में राजद के डॉ राजेश कुमार ने भाजपा के राजेंद्र प्रसाद गुप्ता को 15947 मतों से हराया था. इस बार चुनाव में ऊंट किस करवट बैठेगा कहना मुश्किल है.

कुल वोटर: 267388

2015 में

डॉ राजेश कुमार (राजद) – 62902

राजेंद्र प्रसाद गुप्ता (भाजपा) : 46955

मुद्दा

  • खजुरिया को प्रखंड बनाना

  • खेतों तक पानी पहुंचाना

  • बौद्ध स्तूप का विकास

हरसिद्धि : राजद व भाजपा के पुराने चेहरे

हरसिद्धि विधानसभा क्षेत्र की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार सब्जी की खेती और व्यावसायिक धंधा है. हरसिद्धि में वैसे तो लड़ाई भाजपा-राजद में आमने-सामने की दिख रही है,लेकिन रालोसपा भी इसे त्रिकोणीय बनाने के लिए प्रयासरत है.

यहां राजद ने पुराने प्रत्याशी के बजाय नये चेहरे को उतारा है. वहीं, भाजपा ने पुराने खिलाड़ी को ही मैदान में उतारा है. वर्ष 2010 में भाजपा के कृष्णनंदन पासवान जीते थे. वहीं ,2015 के चुनाव में जनता ने राजद के राजेंद्र राम को अपना प्रतिनिधि चुना था. भाजपा ने राजद को 10267 वोट से हराया था.

कुल वोटर: 267529

2015 में

राजेंद्र राम को 75203 वोट

कृष्णनंदन को 64936 वोट मिले

मुद्दा

  • नीलगाय के आतंक से मुक्ति

  • व्यवसाय व सब्जी के लिए मार्केट

  • बंद पड़े नलकूपों का जीर्णोद्धार

मधुबन : भाजपा को चुनौती दे रहे राजद, जाप

पूर्व के नक्सल प्रभावित मधुबन विधानसभा क्षेत्र में शांति के बयार व विकास कार्यों के बीच चुनावी जंग में कुल 12 प्रत्याशी मैदान में है. यहां भाजपा के राणा रणधीर सिंह व राजद के मदन प्रसाद के बीच लड़ाई को मधुबन के ही पूर्व विधायक व जाप के प्रत्याशी शिवजी राय त्रिकोणात्मक बना रहे हैं.

257846 वोटर वाले मधुबन विस में जीत किसकी होगी यह तो मतदाता तय करेंगे. इस विधानसभा क्षेत्र में सिंचाई, मधुबन से कुडवा पथ का जीर्णोद्धार, चोरमा-बैरगनिया फोरलेन व चोरमा मन पर पुल के शीघ्र निर्माण का मुद्दा जनता उछाल रही है. वर्ष 2015 के चुनाव में भाजपा के राणा रंधीर ने जदयू के शिवजी 16222 मतों से हराया था.

कुल वोटर: 257846

2015 में

राणा रंधीर (भाजपा) – 61054

शिवजी राय (जदयू) – 44832

कल्याणपुर : चुनाव का गणित उलझा

2010 में परिसमन के क्रम में 12 वें विधानसभा के रूप में कल्याणपुर को विस सीट का दर्जा मिला . यह पहले केसरिया में था. वर्तमान में 256449 वोटर यहां के प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे.

वर्तमान विधायक भाजपा के सचिंद्र सिंह, राजद के मनोज यादव, बसपा के बदीउज्जमा सहित अन्य लड़ाई को त्रिकोणीय बनाने में प्रयासरत हैं. इस सीट पर मोर गांव का विकास जहां मोरों का झुंड निवास करता है, स्वास्थ्य, शिक्षा व सिंचाई मूल मुद्दा है. पुरण छपरा को प्रखंड का दर्जा दिलाने के मुद्दे को भी लोग उछाल रहे हैं.

कुल वोटर: 256449

2015 में

सचिंद्र प्रसाद सिंह (भाजपा)- 50060

रजिया खातून (जदयू) – 38572

मुद्दा

  • मोर गांव का विकास

  • पुरन छपरा को प्रखंड बनाना

  • स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार

पीपरा : जदयू व भाकपा में मुकाबला

भले ही पीपरा को विधान सभा का दर्जा मिला, लेकिन आज तक प्रखंड का दर्जा न मिलना चुनावी मुद्दा बना हुआ है. भाजपा के वर्तमान विधायक श्यामबाबू यादव व भाकपा के राजमंगल प्रसाद के बीच के मुकाबले को निर्दलीय व जदयू के बागी पूर्व मंत्री अवधेश कुशवाहा ने रोचक बना दिया है.

इस विधानसभा क्षेत्र में 339104 वोटर फैसला करेंगे कि पीपरा का प्रतिनिधि कौन होगा. इस क्षेत्र का मुख्य मुद्दा पीपरा को प्रखंड बनाना, बंद पड़े सीप बटन उद्योग शुरू करना, मधु प्रसोसिंग प्लांट की स्थापना.

कुल वोटर: 339104

2015 में

श्यामबाबू प्रसाद यादव (भाजपा) – 65552

कृष्ण चंद्र (जदयू) – 61622

मुद्दा

  • पिपरा को प्रखंड बनाना

  • सीप बटन उद्योग शुरू करना

  • लीची की खेती को बढ़ावा देना

Posted by Ashish Jha

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन