समानांतर फोरलेन पुल : गंगा का जलस्तर बढ़ने से निर्माण कार्य ठप
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 27 Jul 2024 2:49 AM
विक्रमशिला सेतु के समानांतर में बन रहे फोरलेन पुल का निर्माण कार्य ठप हो गया है. यह काम गंगा का जलस्तर बढ़ने से ठप हुआ है.
फोरलेन पुल के सुपर स्ट्रक्चर के डिजाइन को मिली मंजूरी -गंगा का पानी कम होने पर अब नवंबर में पिलरों का निर्माण कार्य शुरू होने का आसार – 26 पिलरों पर चल रहा काम, गंगा की धार में 9 पिलर है वरीय संवाददाता, भागलपुर विक्रमशिला सेतु के समानांतर में बन रहे फोरलेन पुल का निर्माण कार्य ठप हो गया है. यह काम गंगा का जलस्तर बढ़ने से ठप हुआ है. अब पानी कम होने पर यानी, नवंबर में गंगा में पिलरों का निर्माण कार्य शुरू होने के आसार हैं. फोरलेन पुल के सुपर स्ट्रक्चर का डिजाइन यानि ड्राइंग को मोर्थ से मंजूरी मिल चुकी है. वहीं, कार्य एजेंसी एसपी सिंगला के अधिकारी का दावा है कि गंगा वाले हिस्से को छोड़कर पिलरों का काम चल रहा है. इधर, तकरीबन 4.445 किलोमीटर लंबा बनने वाले पुल के गंगा की धार सहित 40 पिलरों में 26 पिलरों यानी, पिलर संख्या 6 से 34 नंबर तक का पाइलिंग पूरा हो चुका है. गंगा की धार को छोड़ अन्य पिलरों के ढलाई करायी जायेगी. एसपी सिंगला के अनुसार गंगा का जलस्तर बढ़ने के कारण निर्माण कार्यों में समस्या खड़ी हो रही है. इसलिए जलस्तर कम होने पर गंगा में अब नवंबर में निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है. पुल का सुपर स्ट्रक्चर के डिजाइन को मोर्थ की मंजूरी मिल चुकी है. ड्राइंग में मामूली फेरबदल रूटीन वर्क का हिस्सा है. सूबे में पुल ढहने की घटना के बाद से बरती जा रही सावधानी यह पुल करीब 995 करोड़ की लागत बन रहा है. अगुवानी पुल सहित सूबे में एक के बाद एक कर कई पुलों के ढहने के बाद समानांतर पुल के निर्माण कार्य में सावधानी बरती जा रही है. यही नहीं, निर्माण में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरतने की भी हिदायत दी गयी है. यही वजह है कि समानांतर पुल के सुपर स्ट्रक्चर की डिजाइन में मोर्थ और निर्माण कराने वाली कार्य एजेंसी किसी तरह का रिस्क नहीं लेना चाहती है. इन घटनाओं के बाद सुपर स्ट्रक्चर की डिजाइन तैयार करने में सावधानी बरती गयी. आइटीआइ महिला काॅलेज के पास बन रहा यार्ड आइटीआइ महिला काॅलेज के पास यार्ड का भी निर्माण कराया जा रहा है. इस पुल के 68 पाये होंगे. पुल के स्पैन की लंबाई 100 मीटर होगी, जिससे कार्गो जहाज निकल सके. पुल का फाउंडेशन 50 मीटर गहराई में दिया जा रहा है. सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए फाउंडेशन को अधिक गहराई ढ़ाला जायेगा. 40 फाउंडेशन का निर्माण कराया जा रहा है.
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