बैंक का लोन लेकर चुकता नहीं करने वाले 53 ऋणियों के विरुद्ध केस दर्ज

उनके लिए अंतिम मौका दिया जा रहा है.
कुटुंबा. पंजाब नेशनल बैंक कुटुंबा से ब्याज पर लोन लेकर चुकता नहीं करने वाले ऋणियों को अब काफी महंगा पड़ सकता है. इसके प्रति बैंक प्रबंधन पूरी तरह से सख्त हो गया है. बैंक अधिवक्ता ने लापरवाह ॠणियों के विरुद्ध कार्रवाई शुरू कर दी है. पीएनबी कुटुंबा के शाखा प्रबंधक निरंजन गौतम ने बताया कि विभिन्न क्षेत्र के कई ऐसे लोग हैं, जिन्होंने ने बैंक से लोन ले रखा है. उनके खाते एनपीए हो जाने के बाद उन्हें बैंक के रुपये वापस करने के लिए बार-बार नोटिस भेजा गया. इसके बावजूद वे लोग ऋण समझौता शिविर में आने से परहेज करते रहे. वैसे 53 ॠणियों के विरुद्ध बैंक ने पीडीआर के तहत कोर्ट में नीलाम पत्र दाखिल किया है. इसके लिए उन्हें नीलाम शाखा से नोटिस भेजा जा रहा है. नोटिस प्राप्त करने के पश्चात अगर वे कोर्ट फीस व अधिवक्ता फीस के साथ लोन की राशि वापस कर देते हैं, तो कुछ हद तक गुंजाइस की संभावना है. अन्यथा कोर्ट एनबीडब्ल्यू वारंट निर्गत कर उन्हें गिरफ्तार करा सकता है. इसके बाद केस से जुड़े सभी तरह के खर्च के साथ उनसे बैंक का रुपये वसूल किया जायेगा. उन्होंने बताया कि इसके अलावा बैंक ने 50 और वैसै ॠणियों को चिह्नित किया है, जिन्होंने बैंक के रुपये लेकर पुनः कभी भी बैंक वापस नहीं आये है. इस तरह के लोनी के लिए बैंक ने एक विशेष मौका दिया है.वैसे ऋणी अगला सप्ताह में बुधवार यानि 13 जून को बैंक परिसर में आयोजित ऋण समझौता शिविर में विशेष छूट के साथ लोन चुकता कर सकते हैं. उनके लिए अंतिम मौका दिया जा रहा है. उन्होंने बताया कि समझौता शिविर में बैंक के रुपये वापस नहीं करने के बाद ॠणियों के विरुद्ध पीडीआर दायर कर त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी जायेगी. गौरतलब है कि कुटुंबा प्रखंड में कई ऐसे लोनी है, जिनको खुद पत्ता नहीं है कि हम बैंक से कभी कर्ज भी लिए है. पहले के दिनों में दलालों ने उनसे आवश्यक दस्तावेज लेकर लोन करा दिया है. इसके बाद ऐन वक्त बिड्रावल पर सिग्नेचर कराकर लोन का रुपये निकासी कर लिया लिया है. ऐसे ॠणियों को अब लोन चुकता करने में काफी महंगा पड़ रहा है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










