औरंगाबाद कार्यालय. औरंगाबाद जिले में शीतलहर ने जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है. पिछले कई दिनों से लगातार गिर रहे तापमान के कारण लोगों को भीषण ठंड का सामना करना पड़ रहा है. सोमवार की रात में तापमान सात डिग्री सेल्सियस तक रहा, जबकि मंगलवार की सुबह आठ डिग्री और दिन में अधिकतम तापमान 12 डिग्री के आसपास रहा. ठंडी हवाओं और कोहरे ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं. स्थानीय लोगों के अनुसार अत्यधिक ठंड के कारण जिले में दो बुजुर्ग व्यक्तियों की मौत होने की चर्चा है, हालांकि प्रशासन की ओर से इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गयी है. बावजूद इसके, ठंड से बीमार पड़ने वाले मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है. सदर अस्पताल सहित निजी क्लीनिकों में सर्दी, खांसी, बुखार और सांस से जुड़ी बीमारियों के मरीजों की भारी भीड़ देखी जा रही है. शीतलहर का सबसे ज्यादा असर गरीब और असहाय वर्ग पर पड़ रहा है. फुटपाथ पर रहने वाले लोग, रिक्शा चालक, मजदूर और किसान ठंड से सबसे अधिक परेशान हैं. कई इलाकों में लोग अलाव के सहारे ठंड से बचने की कोशिश करते नजर आ रहे हैं. ठंड के कारण सुबह-सुबह मजदूरी पर निकलने वाले श्रमिकों को काम मिलने में भी परेशानी हो रही है, जिससे उनकी रोजी-रोटी पर संकट गहराता जा रहा है.ठंड का असर बाजारों पर भी साफ दिखाई दे रहा है. सुबह के समय बाजारों में सन्नाटा पसरा रहता है और दोपहर बाद ही कुछ चहल-पहल नजर आती है. दुकानदारों का कहना है कि ग्राहकों की संख्या घटने से व्यापार प्रभावित हो रहा है. वहीं, शीतलहर और कोहरे के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग और ग्रामीण सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई है, जिससे आवागमन में भी दिक्कतें हो रही हैं.मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अभी अगले कुछ दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है. रात और सुबह के समय तापमान में और गिरावट आ सकती है. प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है और ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने, अलाव का सहारा लेने और बुजुर्गों व बच्चों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है.कुल मिलाकर, शीतलहर ने औरंगाबाद में आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. लोग राहत की उम्मीद में आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं कि कब इस कड़ाके की ठंड से निजात मिले.
दो व्यक्तियों की ठंड से हुई मौत
नवीनगर प्रखंड के हरिहर उरदाना गांव निवासी 60 वर्षीय पुत्र कृष्णा राम की ठंड से मौत होने का मामला प्रकाश में आया है. परिजनों ने बताया कि मंगलवार की सुबह काला पहाड़ गांव से वह यात्री बस में बैठकर नवीनगर बाजार जा रहे थे. नवीनगर बस स्टैंड में बस से उतरते ही अचानक गिर गये और उनकी मौत हो गयी. हालांकि, उन्हें रेफरल अस्पताल ले जाया गया जहां के डॉक्टर ललिता कुमारी द्वारा मृत घोषित कर दिया गया. प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ अभय कुमार ने बताया कि उक्त व्यक्ति को टीबी की बीमारी थी. इलाज के लिए रेफरल अस्पताल जा रहा था. ठंड लगने से मौत होने की संभावना है. वैसे परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया. इधर, ओबरा प्रखंड के गंगा बिगहा गांव के संतोष शर्मा नामक एक व्यक्ति की मौत ठंड से होने का मामला प्रकाश में आया है. अचानक तबीयत खराब होने के बाद परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. वैसे ठंड से मौत होने की पुष्टि नहीं की गयी है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

