सदर अस्पताल में इलाज के अभाव में महिला की मौत!

Updated at : 02 Sep 2017 12:49 PM (IST)
विज्ञापन
सदर अस्पताल में इलाज के अभाव में महिला की मौत!

परिजनों ने इलाज में लापरवाही का लगाया आरोप औरंगाबाद नगर : शुक्रवार को सदर अस्पताल में बच्ची की जन्म देने के बाद रिंकी देवी नामक महिला की मौत हो गयी़ मृतक महिला सदर प्रखंड के फेसर थाना क्षेत्र के बदरी बिगहा गांव निवासी प्रदीप राम की पत्नी थी़ रिंकी प्रसव पीड़ा से परेशान थी. परिजनों […]

विज्ञापन
परिजनों ने इलाज में लापरवाही का लगाया आरोप
औरंगाबाद नगर : शुक्रवार को सदर अस्पताल में बच्ची की जन्म देने के बाद रिंकी देवी नामक महिला की मौत हो गयी़ मृतक महिला सदर प्रखंड के फेसर थाना क्षेत्र के बदरी बिगहा गांव निवासी प्रदीप राम की पत्नी थी़ रिंकी प्रसव पीड़ा से परेशान थी.
परिजनों ने उसे शुक्रवार की सुबह इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया था़ चिकित्सकों ने महिला की हालत ठीक देखते हुए उसे प्रसव वार्ड में भर्ती कर दिया़ इसके बाद 12 बज कर 34 मिनट पर रिंकी ने एक बच्ची को जन्म दिया. इसके बाद महिला की हालत बिगड़ने लगी. तब चिकित्सकों ने महिला को बड़े चिकित्सालय रेफर कर दिया़ इधर, महिला के परिजनों ने बताया कि सदर अस्पताल में महिला का न तो किसी प्रकार का कोई उपचार किया गया और न ही बाहर जाने के लिए एंबुलेंस उपलब्ध कराया गया़ विवश होकर दो बज कर 15 मिनट में उसे एक निजी अस्पताल में इलाज के लिए ले जाने लगे़ इसी क्रम में जैसे ही महिला अस्पताल परिसर के टिकट काउंटर के समीप पहुंचते ही लड़खड़ा कर जमीन पर गिर गयी और तुरंत उसकी मौत हो गयी़ इधर, महिला के मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया़ पति प्रदीप राम ने कहा कि यदि पहले चिकित्सकों द्वारा बता दिया जाता कि रिंकी की हालत ठीक नहीं है, तो कहीं दूसरी जगह ले जाते़
हाल में प्रमंडलीय आयुक्त ने दिये थे सख्त निर्देश : हाल में मगध प्रमंडल के आयुक्त जितेंद्र कुमार ने सख्त निर्देश जारी किये हैं कि इलाज के दौरान किसी भी गर्भवती महिला की मौत नहीं होनी चाहिए.
इसके लिए प्रत्येक महीने की नौ तारीख को समुचित इलाज करने का निर्देश जारी किया गया है़ यही नहीं यह भी कहा है कि यदि महिला हाइ रिस्क की है और प्रसव के दौरान उसकी जान जाने की संभावना है, तो उसकी देखभाल चिकित्सक पहले से ही करेंगे़ जरूरत पड़ी, तो निजी क्लिनिक में भी प्रसव कराया जायेगा.
उपाधीक्षक करेंगे मामले की जांच : पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए सिविल सर्जन डॉ आरपी सिंह ने उपाधीक्षक राजकुमार प्रसाद को जांच करने की जिम्मेदारी दी है और कहा है कि जो भी लोग दोषी हैं, उन पर कार्रवाई करें. लापरवाही किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं की जायेगी़
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन