चरपोखरी.
सरकारी आवास की आस में बैठे गरीबों के सब्र का बांध सोमवार को टूट गया. प्रखंड के मधुरी गांव में आवास चयन और वितरण में हो रही भारी धांधली और भ्रष्टाचार के खिलाफ दर्जनों ग्रामीणों ने प्रखंड मुख्यालय पहुंचकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया. ग्रामीणों का नेतृत्व कर रहे सुदर्शन राम, रमाकांत पासवान और प्रमिला देवी आदि ने सीधे तौर पर आवास सहायक पर वसूली कराने का आरोप लगाते हुए कहा कि गांव में पात्र गरीबों का हक मारा जा रहा है. कई ऐसे लोग हैं जिनके घर एक ही परिवार में तीन-तीन सदस्यों का चयन कर दिया गया है. प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने बीडीओ के कार्यालय के समक्ष अपनी व्यथा सुनायी और बताया कि आवास की राशि जारी करने के बदले सरकारी कर्मचारियों द्वारा मोटी रकम की मांग की जा रही है. ग्रामीणों ने दो टूक शब्दों में कहा कि एक ओर जहां पात्र लोगों को योजना से वंचित रखा जा रहा है. वहीं, दूसरी ओर जो लोग लिस्ट में हैं, उनसे सुविधा शुल्क के बिना काम नहीं किया जा रहा. इस संबंध में प्रदर्शनकारियों ने बीडीओ चरपोखरी को लिखित आवेदन देकर धरातल पर जांच कर पत्र लागू को लाभ दिलाने तथा संबंधित कर्मी के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की. इस संबंध में जानकारी लेने के लिए चरपोखरी बीडीओ को कॉल किया गया, लेकिन उनके द्वारा कॉल नहीं रिसीव करने कारण उनकी प्रतिक्रिया नहीं मिल पायी.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

