फरवरी में कब है पहला प्रदोष व्रत? जानें तिथि, मुहूर्त और महत्व

Updated at : 10 Feb 2026 3:32 PM (IST)
विज्ञापन
Pradosh Vrat 2026.

भगवान शिव (फाइल फोटो)

Pradosh Vrat 2026: प्रदोष व्रत के दिन भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने के लिए भक्त विशेष पूजा करते हैं और व्रत रखते हैं. ऐसे में आइए जानते हैं कि साल 2026 में फरवरी महीने का पहला प्रदोष व्रत कब मनाया जाएगा.

विज्ञापन

Pradosh Vrat 2026: हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत का विशेष महत्व है. सप्ताह के जिस दिन प्रदोष व्रत पड़ता है, उसी दिन के अनुसार उसका नाम रखा जाता है. वर्ष 2026 में फाल्गुन माह का पहला प्रदोष व्रत शनिवार के दिन पड़ रहा है, इसलिए इसे शनि प्रदोष व्रत कहा जाएगा. इस दिन भगवान शिव की आराधना की जाती है. मान्यता है कि इस व्रत को करने से पापों का नाश होता है और मोक्ष की प्राप्ति होती है.

शनि प्रदोष व्रत 2026: तिथि और शुभ मुहूर्त

पंचांग के अनुसार, फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को यह व्रत रखा जाएगा.

  • तारीख: 14 फरवरी 2026 (शनिवार)
  • त्रयोदशी तिथि प्रारंभ: 14 फरवरी को दोपहर 04:02 बजे से
  • त्रयोदशी तिथि समाप्त: 15 फरवरी को शाम 05:04 बजे तक
  • प्रदोष काल पूजा मुहूर्त: शाम 06:10 बजे से 08:44 बजे तक
  • कुल अवधि: 2 घंटे 34 मिनट

क्यों खास है शनि प्रदोष?

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शनि प्रदोष व्रत करने से भगवान शिव के साथ-साथ शनि देव की कृपा भी प्राप्त होती है. जिन जातकों पर शनि की साढ़ेसाती या ढैय्या चल रही है, उनके लिए यह व्रत विशेष रूप से लाभदायक माना जाता है. कहा जाता है कि इस दिन व्रत और दान करने से शनि दोष का प्रभाव कम होता है. इसके अलावा शत्रुओं पर विजय और आर्थिक तंगी दूर करने के लिए भी यह दिन श्रेष्ठ माना जाता है.

पूजा विधि

प्रदोष व्रत की मुख्य पूजा प्रदोष काल यानी सूर्यास्त के समय की जाती है. इस दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और व्रत का संकल्प लें. प्रदोष काल में शिवलिंग का गंगाजल, दूध, दही, घी और शहद (पंचामृत) से अभिषेक करें. इसके बाद शिवजी को बेलपत्र, धतूरा, अक्षत, भस्म और सफेद चंदन अर्पित करें. चूंकि यह शनि प्रदोष है, इसलिए शाम को पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं और “ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र का जाप करें. इसके बाद प्रदोष व्रत की कथा पढ़ें और अंत में भगवान शिव की आरती करें.

विशेष संयोग

साल 2026 में 14 फरवरी को शनि प्रदोष है और 15 फरवरी को महाशिवरात्रि. ऐसे में शिव भक्तों के लिए ये दोनों दिन आध्यात्मिक ऊर्जा से भरपूर रहेंगे. इस दौरान ‘सिद्ध योग’ और ‘पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र’ का संयोग भी बन रहा है, जो पूजा के फल को कई गुना बढ़ा देता है.

यहां पढ़ें धर्म से जुड़ी बड़ी खबरें: Religion News in Hindi – Spiritual News, Hindi Religion News, Today Panchang, Astrology at Prabhat Khabar

विज्ञापन
Neha Kumari

लेखक के बारे में

By Neha Kumari

प्रभात खबर डिजिटल के जरिए मैंने पत्रकारिता की दुनिया में अपना पहला कदम रखा है. यहां मैं धर्म और राशिफल बीट पर बतौर जूनियर कंटेंट राइटर के तौर पर काम कर रही हूं. इसके अलावा मुझे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों से जुड़े विषयों पर लिखने में रुचि है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola