ePaper

Happy Shardiya Navratri 2023: हाथी पर सवार होकर आएंगी मां दुर्गा, जानिए इसके शुभ संकेत

Updated at : 15 Oct 2023 8:38 AM (IST)
विज्ञापन
Happy Shardiya Navratri 2023: हाथी पर सवार होकर आएंगी मां दुर्गा, जानिए इसके शुभ संकेत

Happy Shardiya Navratri 2023, Maa Durga will come riding on Elephant: 15 अक्तूबर से शुरू हो रहे शारदीय नवरात्रि में माता की सवारी का विशेष महत्व होता है. इस बार रविवार को नवरात्रि शुरू होने पर देवी हाथी पर सवार होकर आएंगीं,

विज्ञापन

Happy Shardiya Navratri 2023, Maa Durga will come riding on Elephant: 15 अक्तूबर से शुरू हो रहे शारदीय नवरात्रि में माता की सवारी का विशेष महत्व होता है. इस बार रविवार को नवरात्रि शुरू होने पर देवी हाथी पर सवार होकर आएंगीं, जो कि सुख-समृद्धि का संकेत है. वहीं सोमवार 23 अक्टूबर को नवरात्रि का आखिरी दिन रहेगा. इस दिन सर्वार्थसिद्धि और रवियोग बनने से देवी की विदाई भी शुभ रहेगी.

1. हाथी पर मां दुर्गा का आगमन

नवरात्रि में माता की सवारी का विशेष महत्व होता है. माता हाथी पर सवार होकर धरती पर आ रही हैं. हाथी पर मां दुर्गा का आगमन इस बात की ओर संकेत कर रहा है कि इस साल खूब अच्छी वर्षा होगी और खेती अच्छी होगी. यह एक शुभ संकेत होता है, जो अन्न धन के भंडार के बढ़ने की संकेत देता है.

2. नवरात्रि की शुरुआत और अंत

नवरात्रि इस बार रविवार को शुरू हो रही है और सोमवार को खत्म होगी. सोमवार को सर्वार्थसिद्धि और रवियोग के संयोग से देवी की विदाई भी शुभ रहेगी.

3. शुभ कलश स्थापना मुहूर्त

इस नवरात्रि, कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त 15 अक्टूबर को है, जो 11:48 मिनट से दोपहर 12:36 मिनट तक रहेगा. यह मुहूर्त केवल 48 मिनट की है, जिसमें आपको कलश स्थापना करनी होगी.

4. नवरात्रि की तिथियां

नवरात्रि के नौ दिनों में प्रत्येक दिन एक विशेष मां की पूजा की जाती है. यहां है उनकी तिथियां:

पहला दिन: मां शैलपुत्री

दूसरा दिन: मां ब्रह्मचारिणी

तीसरा दिन: मां चंद्रघंटा

चौथा दिन: मां कुष्मांडा

Also Read: Vastu tips for Negative Energy: घर के नकारात्मक शक्ति को करें दूर, पूजा में जरूर जलाएं कपूर

पांचवा दिन: मां स्कंदमाता

षष्ठी दिन: मां कात्यायनी

सातवां दिन: मां कालरात्रि

आठवां दिन: मां महागौरी

नौवां दिन: महानवमी

5. हर आयु की कन्या का महत्व

नवरात्रि में कन्याओं की आयु के अनुसार उन्हें विशेष देवी का स्वरूप माना जाता है और उनकी पूजा का महत्व होता है. प्रत्येक आयु की कन्या के लिए अलग महत्व होता है और उनकी पूजा से विभिन्न प्रकार की सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है.

ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा

ज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ

8080426594/9545290847

विज्ञापन
Shweta Pandey

लेखक के बारे में

By Shweta Pandey

Shweta Pandey is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola