जून का महीना किसके लिए बनेगा वरदान, किसे रहना होगा सतर्क, जानें जून 2026 मासिक राशिफल

Published by : Shaurya Punj Updated At : 31 May 2026 12:45 PM

विज्ञापन

जून 2026 मासिक राशिफल

June 2026 Monthly Horoscope: जून 2026 कई राशियों के लिए नए अवसर, धन लाभ और करियर में प्रगति लेकर आ सकता है, जबकि कुछ राशियों को रिश्तों, स्वास्थ्य और खर्चों के मामलों में विशेष सावधानी बरतनी होगी.

विज्ञापन

June 2026 Monthly Horoscope: जून का महीना अंतरिक्ष में हो रही बड़ी हलचलों के कारण हर व्यक्ति के जीवन में बड़े बदलाव लेकर आ रहा है. इस महीने ग्रहों के साम्राज्य में एक बेहद महत्वपूर्ण फेरबदल होने जा रहा है, जिसका सीधा असर आपके भाग्य पर पड़ेगा. महीने की शुरुआत अधिक ज्येष्ठमास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि के शुभ संयोग से हो रही है. इस समय साहस के कारक मंगल अपनी स्वराशि मेष में, शनि देव मीन राशि में और ग्रहों के राजा सूर्य वृषभ राशि में विराजमान हैं. सबसे बड़ी हलचल मिथुन राशि में है, जहां बुध और शुक्र की देवगुरु बृहस्पति के साथ युति बनी हुई है. लेकिन असली बदलाव 2 जून को होगा, जब गुरु मिथुन राशि से निकलकर अपनी उच्च राशि कर्क में प्रवेश करेंगे, इसके बाद शुक्र कर्क राशि में गोचर करेंगे. पूरे महीने ग्रहों का यह गोचर आपकी सोच, निर्णय और किस्मत को प्रभावित करेगा. इस बड़े ग्रहीय फेरबदल के कारण कुछ राशि वालों के लिए जून का यह महीना शुभ और बेहद खास साबित होने वाला है, जहां उन्हें करियर और बिजनेस में बड़ी सफलताएं मिलेंगी. वहीं दूसरी ओर, कुछ राशियों के लिए ग्रहों की यह स्थिति और 29 जून से बुध की वक्री चाल इस समय को थोड़ा कष्टकारी, परेशानी भरा और टेंशन भरा बना सकती है. आइए जानते हैं मेष से लेकर मीन तक सभी 12 राशियों का पूरा सच. पढ़ें अपना मासिक राशिफल!

मेष राशि: जून के महीने की शुरुआत आपके लिए परेशानी भरी रह सकती है, क्योंकि आपकी राशि के स्वामी मंगल शुरुआत में प्रथम भाव में गोचर कर रहे हैं, जिससे स्वभाव में उग्रता रहेगी, लेकिन 21 जून को मंगल का वृषभ राशि (द्वितीय भाव) में जाना आर्थिक स्थिति में बदलाव लाएगा. करियर और बिजनेस की बात करें तो शुरुआत में सूर्य देव के वृषभ राशि (द्वितीय भाव) में होने से आपको धन लाभ होगा, लेकिन 16 जून को जब सूर्य का गोचर मिथुन राशि (तृतीय भाव) में होगा, तब कार्यक्षेत्र में अत्यधिक भागदौड़ और जिम्मेदारियां बढ़ेंगी. बुध और शुक्र के मिथुन राशि में रहने से व्यापार में नए संपर्क बनेंगे, परंतु 2 जून को बृहस्पति का कर्क राशि (चतुर्थ भाव) में जाना भूमि-भवन के कार्यों में लाभ देगा. शनि देव पूरे महीने मीन राशि (बारहवें भाव) में रहकर व्यापारिक खर्चों में बढ़ोतरी करेंगे. लव लाइफ में 8 जून को शुक्र के कर्क राशि में जाने से सुख बढ़ेगा. स्वास्थ्य के मामले में इस महीने मंगल के प्रभाव से सिरदर्द और रक्त संबंधी विकार होने की आशंका रहेगी, इसलिए सेहत के प्रति पूरी सावधानी बरतें.

वृषभ राशि: जून का महीना आपके लिए बेहद खास साबित होगा, क्योंकि सूर्य देव महीने के पूर्वार्ध में आपकी ही राशि (लग्न भाव) में विराजमान रहकर आपके मान-सम्मान और नेतृत्व क्षमता में जबरदस्त वृद्धि करेंगे. करियर और बिजनेस के दृष्टिकोण से एकादश भाव में शनि की उपस्थिति निरंतर आय के स्रोत बनाए रखेगी, जिससे व्यापार को नई गति मिलेगी. बुध और शुक्र का देवगुरु बृहस्पति के साथ मिथुन राशि (द्वितीय भाव) में होना धन भाव को मजबूत करेगा, जिससे अटके हुए पैसे वापस मिलेंगे, हालांकि 2 जून को बृहस्पति के कर्क राशि (तृतीय भाव) में जाने से पराक्रम में वृद्धि होगी. 16 जून को सूर्य का मिथुन राशि में जाना और 22 जून को बुध का कर्क राशि में जाना व्यावसायिक यात्राओं से लाभ दिलाएगा. लव लाइफ में शुक्र के शुभ प्रभाव से आपसी समझ और नजदीकियां बहुत मजबूत होंगी. स्वास्थ्य के मोर्चे पर यह महीना सामान्यतः अच्छा रहेगा, पुराने रोगों से मुक्ति मिलेगी, लेकिन 21 जून को मंगल के आपकी राशि में आते ही अचानक क्रोध बढ़ने से मानसिक तनाव हो सकता है.

मिथुन राशि: जून का महीना आपके लिए काफी टेंशन भरा रह सकता है, क्योंकि आपकी राशि (लग्न भाव) में बुध, शुक्र और बृहस्पति की युति बनी हुई है, जिससे मानसिक उलझनें बढ़ेंगी. करियर और बिजनेस के क्षेत्र में इस महीने दशम भाव में राहु की स्थिति कार्यक्षेत्र में अचानक कोई बड़ा बदलाव या काम में रुकावटें ला सकती है. 2 जून को बृहस्पति का कर्क राशि (द्वितीय भाव) में जाना संचित धन बढ़ाएगा, लेकिन 16 जून को सूर्य का आपकी राशि में आना और 29 जून से बुध का कर्क राशि में वक्री (उल्टी चाल) होना आर्थिक फैसलों में भ्रम पैदा कर सकता है. लव लाइफ के मामले में पंचम भाव पर मंगल की दृष्टि होने से पार्टनर के साथ वैचारिक मतभेद बड़े विवाद का रूप ले सकते हैं, इसलिए वाणी पर संयम रखें. स्वास्थ्य के लिहाज से चतुर्थ भाव में केतु और द्वादश में मंगल होने से यह महीना आपको मानसिक थकान, अनिद्रा और आंखों में परेशानी दे सकता है, जिसके कारण कार्यक्षमता प्रभावित होगी.

कर्क राशि: जून का महीना आपके लिए अत्यंत शुभ और उन्नतिदायक रहेगा, क्योंकि देवगुरु बृहस्पति 2 जून को आपकी ही राशि (लग्न भाव) में प्रवेश कर रहे हैं, जो आपके ज्ञान, बुद्धि और भाग्य को अपार बल देंगे. करियर और बिजनेस के मामले में यह महीना नई ऊंचाइयों को छूने का है, नवम भाव में शनि आपको निरंतर प्रगति देंगे और 16 जून को सूर्य के मिथुन राशि (बारहवें भाव) में जाने से विदेशी व्यापार या बाहरी स्रोतों से बड़ा लाभ होगा. 21 जून को मंगल के वृषभ राशि (एकादश भाव) में गोचर के बाद कार्यक्षेत्र में आपका वर्चस्व और आय दोनों बढ़ेंगे. लव लाइफ के लिहाज से 8 जून को शुक्र के आपकी ही राशि में आने से आपका आकर्षण बढ़ेगा और रिश्तों में मधुरता आएगी. स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से इस महीने आपको पुरानी शारीरिक परेशानियों से मुक्ति मिलेगी, लेकिन 22 जून को बुध के लग्न में आने और 29 जून से उनके वक्री होने से महीने के अंत में त्वचा संबंधी एलर्जी के प्रति सतर्क रहना होगा.

सिंह राशि: जून का महीना आपके लिए कुछ मोर्चों पर परेशानी भरा रहेगा, क्योंकि आपकी राशि में केतु की उपस्थिति आपको मानसिक रूप से भ्रमित और एकाकी रखेगी. करियर और बिजनेस के लिए दशम भाव में सूर्य की शुरुआती स्थिति सरकारी क्षेत्र से जुड़े लोगों को बड़ी सफलता दिलाएगी, लेकिन 2 जून को बृहस्पति का कर्क राशि (बारहवें भाव) में जाना व्यापारिक खर्चों और कर्ज को बढ़ा सकता है. 16 जून को सूर्य का मिथुन राशि (एकादश भाव) में गोचर होने से अचानक धन लाभ के योग बनेंगे, जिससे आर्थिक स्थिति सुधरेगी. लव लाइफ की बात करें तो सप्तम भाव में राहु की स्थिति और शनि की मीन राशि (अष्टम भाव) से दृष्टि के कारण जीवनसाथी या लव पार्टनर के साथ गंभीर वैचारिक मतभेद और अविश्वास की स्थिति पैदा हो सकती है, जिससे मन अशांत रहेगा. स्वास्थ्य के मोर्चे पर यह महीना केतु और शनि के प्रतिकूल प्रभाव के कारण हड्डियों में दर्द, शारीरिक कमजोरी और मानसिक व्याकुलता दे सकता है, इसलिए स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें.

कन्या राशि: जून का महीना आपके लिए बेहद शुभ और भाग्यशाली रहने वाला है, क्योंकि देवगुरु बृहस्पति का गोचर 2 जून को आपकी राशि से एकादश यानी लाभ भाव में होने जा रहा है, जो आपकी आमदनी में भारी वृद्धि करेगा. करियर और बिजनेस के मोर्चे पर दशम भाव में बुध और शुक्र की उपस्थिति नौकरीपेशा जातकों को बड़ी जिम्मेदारी या प्रमोशन दिला सकती है. सूर्य का नवम भाव (वृषभ) में होना भाग्य को बल देगा, और 16 जून को सूर्य का दशम भाव (मिथुन) में जाना व्यापारियों के लिए नए निवेश से बड़ा मुनाफा कमाने के द्वार खोलेगा. लव लाइफ के मामले में यह महीना रोमांस से भरपूर रहेगा; 8 जून को शुक्र के कर्क राशि में जाने से पार्टनर के साथ रिश्ते अधिक गहरे और परिपक्व होंगे. स्वास्थ्य के लिहाज से सप्तम भाव में शनि और लग्न पर केतु की उपस्थिति के कारण पैरों में दर्द और हल्की मानसिक बेचैनी रह सकती है, लेकिन गुरु की शुभ दृष्टि से कोई गंभीर समस्या नहीं होगी.

तुला राशि: जून का महीना आपके लिए काफी भागदौड़ भरा रहेगा, क्योंकि नवम भाव में सूर्य, बुध और शुक्र की युति आपको भाग्य का साथ तो दिलाएगी, लेकिन 2 जून को दशम भाव में बृहस्पति का जाना कार्यक्षेत्र में काम का बोझ और तनाव बढ़ाएगा. करियर और बिजनेस के लिहाज से छठे भाव में शनि के होने से आप शत्रुओं पर विजय प्राप्त करेंगे, लेकिन अष्टम भाव में सूर्य की शुरुआती स्थिति नौकरी में अधिकारियों के साथ तालमेल बिठाने में दिक्कत देगी. 16 जून को सूर्य के मिथुन राशि में जाने के बाद ही व्यापारिक यात्राएं सफल होंगी और अटका धन मिलेगा. लव लाइफ के मामले में भाग्य भाव का शुक्र और बुध पार्टनर के साथ आपके संबंधों को मधुर बनाए रखेंगे. स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से राहु के छठे भाव में होने और सूर्य के गोचर के प्रभाव के कारण इस महीने आपको पेट से संबंधित रोग, गैस, अपच या लीवर की समस्या परेशान कर सकती है, इसलिए खान-पान में पूरी सावधानी बरतें.

वृश्चिक राशि: जून का महीना आपके लिए अत्यंत कष्टकारी और बाधाओं से घिरा रह सकता है, क्योंकि आप पर शनि की ढैय्या का प्रभाव है और अष्टम भाव (मिथुन) में सूर्य, बुध व शुक्र की युति कार्यों में रुकावटें पैदा करेगी. करियर और बिजनेस के मोर्चे पर यह महीना काफी उतार-चढ़ाव लाएगा. सप्तम में सूर्य की शुरुआती स्थिति के बाद जब 16 जून को सूर्य अष्टम भाव में जाएंगे, तो कार्यक्षेत्र में सहकर्मियों की राजनीति का शिकार होना पड़ सकता है. व्यापारी वर्ग इस महीने किसी भी तरह के बड़े आर्थिक जोखिम से दूर रहें. हालांकि, 2 जून को बृहस्पति का नवम भाव (कर्क) में जाना संकटों से रक्षा करेगा. लव लाइफ के मामले में अष्टम भाव के शुक्र और 21 जून को मंगल के सप्तम भाव में आने के कारण गलतफहमियां और उग्रता बढ़ेगी, जिससे रिश्ता टूटने की कगार पर आ सकता है. स्वास्थ्य के लिहाज से यह महीना दुर्घटना का भय, त्वचा रोग या रक्त विकार दे सकता है, अतः वाहन चलाते समय अत्यधिक सावधानी रखें.

धनु राशि: जून का महीना आपके लिए शुभ और प्रगतिशील रहेगा, क्योंकि सप्तम भाव में सूर्य, बुध और शुक्र की युति आपके दांपत्य जीवन और व्यावसायिक साझेदारियों में तेजी लाएगी. करियर और बिजनेस के लिहाज से छठे भाव में सूर्य की शुरुआती स्थिति नौकरी में आपके विरोधियों को शांत करेगी, और 16 जून को सूर्य का सप्तम भाव में जाना व्यापारियों को नए बड़े कॉन्ट्रैक्ट दिलाएगा. हालांकि, 2 जून से बृहस्पति का अष्टम भाव (कर्क) में जाना अचानक गुप्त खर्च और पैतृक संपत्ति के विवाद ला सकता है. लव लाइफ के मामले में यह महीना शुक्र के प्रभाव से बेहद रोमांटिक रहेगा और आप पार्टनर के साथ यादगार पल बिताएंगे, विवाह के योग भी मजबूत होंगे. स्वास्थ्य के मोर्चे पर इस महीने आपको थोड़ा सचेत रहना होगा. चतुर्थ भाव में शनि की उपस्थिति और गुरु के अष्टम भाव में होने से पेट, लीवर और छाती से जुड़ी दिक्कतें या शारीरिक थकान आपको परेशान कर सकती है.

मकर राशि: जून का महीना आपके लिए बेहद खास और विजय दिलाने वाला रहेगा, क्योंकि छठे भाव में सूर्य, बुध और शुक्र की युति आपके सभी गुप्त शत्रुओं और प्रतियोगियों को पूरी तरह परास्त करेगी. करियर और बिजनेस के क्षेत्र में यह महीना आपके लिए वरदान साबित होगा. पंचम में सूर्य की शुरुआती स्थिति के बाद 16 जून को सूर्य का छठे भाव में जाना नौकरीपेशा जातकों को विभागीय परीक्षाओं या इंटरव्यू में बड़ी सफलता दिलाएगा. 2 जून को बृहस्पति का सप्तम भाव (कर्क) में आना व्यापार का तेजी से विस्तार करेगा और नए साझेदार जोड़ेगा. लव लाइफ के मामले में सप्तम का बृहस्पति और द्वितीय भाव का शनि जीवनसाथी के साथ चल रहे पुराने सभी विवादों को समाप्त कर आपसी प्रेम को बहुत मजबूत करेंगे. स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से यह महीना काफी उत्तम रहने वाला है, पुराने रोगों से पूरी तरह मुक्ति मिलेगी और आप खुद को मानसिक व शारीरिक रूप से बेहद शक्तिशाली महसूस करेंगे.

कुंभ राशि: जून का महीना आपके लिए थोड़ा परेशानी भरा रह सकता है, क्योंकि आपकी राशि में शनि देव विराजमान होकर साढ़ेसाती का दूसरा चरण चला रहे हैं, जिससे मानसिक तनाव और शारीरिक सुस्ती बनी रहेगी. करियर और बिजनेस के लिहाज से चतुर्थ भाव में सूर्य की शुरुआती स्थिति के बाद 16 जून को सूर्य का पंचम भाव में जाना कार्यक्षेत्र में कुछ राहत देगा, लेकिन नौकरी में सहकर्मियों का सहयोग न मिलने से काम का बोझ बढ़ा रहेगा. 2 जून को बृहस्पति का छठे भाव (कर्क) में जाना विरोधियों को मजबूत कर सकता है, इसलिए व्यापारियों को बड़े निवेश से बचना चाहिए. लव लाइफ के मामले में पंचम भाव में बुध और शुक्र की स्थिति पार्टनर के साथ आपके रिश्ते को जीवंत बनाए रखेगी, लेकिन लग्न के राहु के प्रभाव से बीच-बीच में अविश्वास की स्थिति आ सकती है. स्वास्थ्य के मोर्चे पर इस महीने शनि के प्रभाव से पैरों में दर्द, ऐंठन और मानसिक व्याकुलता परेशान कर सकती है.

मीन राशि: जून का महीना आपके लिए बेहद खास और आनंदमयी रहने वाला है, क्योंकि आपकी राशि के स्वामी देवगुरु बृहस्पति 2 जून को आपके पंचम भाव (कर्क राशि) में गोचर करने जा रहे हैं, जो संतान सुख, उच्च शिक्षा और बुद्धि का तीव्र विकास करेंगे. करियर और बिजनेस के मोर्चे पर तृतीय भाव में सूर्य की शुरुआती स्थिति आपके साहस को बढ़ाएगी, और 16 जून को सूर्य का चतुर्थ भाव (मिथुन) में बुध-शुक्र के साथ आना कार्यक्षेत्र में आपकी सुख-सुविधाएं और अधिकार बढ़ाएगा. व्यापारियों को गुरु की कृपा से बड़ा आर्थिक लाभ होगा. लव लाइफ की बात करें तो पंचम का गुरु आपके प्रेम संबंधों को पवित्रता और विवाह की दिशा देगा, जिससे आपसी तालमेल और गहरा होगा. स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से लग्न में शनि होने से साढ़ेसाती के कारण पैरों में हल्की तकलीफ या मौसमी बीमारियां हो सकती हैं, लेकिन गुरु के शुभ प्रभाव से कुल मिलाकर मानसिक शांति और सेहत अच्छी रहेगी.

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola