आरटीआइ के जवाब का लंबा इंतजार

Published at :12 Aug 2014 3:59 AM (IST)
विज्ञापन
आरटीआइ के जवाब का लंबा इंतजार

सूचना के अधिकार के रूप में भारत सरकार ने भारतीय नागरिकों को भ्रष्टाचार के विरुद्ध लड़ने का एक बहुत बड़ा अस्त्र दे दिया है, लेकिन कई विभागों में सूचना का अधिकार मांगनेवाले नागरिकों को असहयोग का भी सामना करना पड़ रहा है. इसी संदर्भ में मैं यह बताना चाहता हूं कि मैंने अपने इलाके के […]

विज्ञापन

सूचना के अधिकार के रूप में भारत सरकार ने भारतीय नागरिकों को भ्रष्टाचार के विरुद्ध लड़ने का एक बहुत बड़ा अस्त्र दे दिया है, लेकिन कई विभागों में सूचना का अधिकार मांगनेवाले नागरिकों को असहयोग का भी सामना करना पड़ रहा है.

इसी संदर्भ में मैं यह बताना चाहता हूं कि मैंने अपने इलाके के एक सरकारी स्कूल के बारे में पिछले साल दिसंबर में कुछ जनकारियां मांगी थी. विद्यालय के तत्कालीन टीचर इनचार्ज ने अपने कार्यालय में आवेदन-पत्र स्वीकार भी किया था, लेकिन आज आठ महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी विद्यालय के तरफ से मुझे किसी भी प्रकार की जानकारी मुहैया नहीं करायी गयी है और न ही अभी तक कोई कारण ही बताया गया है. इससे साफ है कि सरकारी नीतियों पर सरकारी महकमे ही काम नहीं करते तो और कौन, क्या करेंगे?

धनंजय कु पांडेय, रिशड़ा, कोलकाता

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola