devgarh

  • Jul 22 2019 6:25AM
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पहली सोमवारी आज : कड़ी धूप में भी डिग नहीं रही भक्तों की आस्था, बाबाधाम में 15 KM लंबी कतार

पहली सोमवारी आज : कड़ी धूप में भी डिग नहीं रही भक्तों की आस्था, बाबाधाम में 15 KM  लंबी कतार
देवघर :  सावन के प्रथम सोमवार पर देवाधिदेव महादेव के जलाभिषेक के लिए भोले भक्तों की लंबी कतार लगी है. बैरीकेडिंग में हजारों भोलेभक्त  अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं  तो जगह-जगह बोल बम के जयकारे गूंज रहे हैं. 'हर-हर, बम-बम' के बोल संग गूंजती कांवरियों की बोली के साथ आस्थावानों की टोली रविवार देर रात तक बाबा दरबार के पट खुलने का इंतजार करती रही ताकि सावन के पहले सोमवार पर बाबा दरबार में हाजिरी लगा सकें. मंदिर जाने वाली तमाम गलियों, सड़कों पर केसरिया रंग चढ़ा है.
 
देव नगरी में बाबाधाम में सावन के पहले सोमवारी पर भक्तों का जन सैलाब नजर आया. हर कदम बाबा का जयघोष करता हुआ मंदिर की ओर बढ़ता रहा. जलार्पण के लिये कांवरियों की कतार 15 किलोमीटर लंबी हो गयी. भी वहीं वाह्य अरघा की कतार भी मंदिर से बाहर निकल कर 4 किलोमीटर लंबी हो गई है.
 
सोमवार अहले सुबह 3:05 बजे खुलने के साथ कांचा जल पूजा के बाद सरदार पंडा गुलाब नंद ओझा ने दैनिक सरदारी पूजा संपन्न किया. उसके बाद सुबह3:40 बजे से आम कांवरियों के लिए अरघा से जलार्पण जारी है. भीड़ को कंट्रोल करने के लिये डीसी सहित जिले के आला अधिकारियों की टीम देर रात से ही रोड पर कतार को व्यवस्थित करने में लगी है.
 
रविवार को कांवरियों के उमड़े जनसैलाब ने जिला प्रशासन को पहली सोमवारी को होने वाली भीड़ का अहसास करा दिया था .  रात दो बजे तक कांवरियों की कतार कुमैठा तक पहुंच गयी थी. सोमवार सुबह 3ः40 बजे गेट आम कांवरियों के लिए खोला गया. अभी की जानकारी के मुताबिक, जलार्पण के लिए कांवरियों की कतार 15 किमी लंबी हो गयी है. वाह्य अरघा की कतार भी मंदिर से बाहर निकल कर चार किमी लंबी हो गयी है. अधिकारियों की टीम व्यवस्था नियंत्रण में मुस्तैद है. 
 
इससे पहले रविवार को मंदिर का पट खुलने के पहले ही कांवरियों की कतार बीएड कॉलेज के पार तक पहुंच गयी. रविवार को अहले सुबह पट खुलने के साथ ही बाबा भोले नाथ को सबसे पहले सरदार पंडा गुलाब नंद ओझा ने कांचा जल अर्पित किया. इसके बाद पुरोहित समाज के लोगों ने कांचा जल चढ़ाया. 10 मिनट बाद सरदार पंडा ने सरदारी पूजा प्रारंभ किया. पूजा करीब 25 मिनट तक चलने के बाद अरघा के माध्यम से आम कांवरियों के लिये जलार्पण प्रारंभ कर दी गयी. 
 
शाम पांच तक जलार्पण करने वाले कांवरियों का आंकड़ा एक लाख के पार हो गया. सूरज ढलते ही बाबाधाम आने वाले कांवरियों की भीड़ लगातार बढ़ते देखी गयी. रविवार कुल एक लाख 48 हजार 356 कांवरियों ने जलार्पण किया. बाह्य अरघा से 43 हजार 142 कांवरियों ने जलार्पण किया. 4367 कांवरिये शीघ्रदर्शनम् का कूपन लेकर जलार्पण किया. 
 
सोमवार को बंद रहेगा शीघ्रदर्शनम 

दुम्मा, कोठिया व बीएड कॉलेज कैंपस में मिलेगा एक्सेस कार्ड
 
देवघर : श्रावणी मेला की पहली सोमवारी को बाबा बैद्यनाथ पर जलार्पण कराने के लिए कांवरियों का उत्साह चरम पर था. रविवार को बाबाधाम आने वाले भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा था. शाम ढलते-ढलते कांवरियों की कतार बरमसिया तक पहुंच चुकी थी.
 
रात के करीब दस बजे कांवरियों की कतार नंदन पहाड़ के पार पहुंच गयी थी. देर रात लगभग 11:30 बजे तक कांवरिये कालीबाड़ी को भी पार कर चुके थे. इतनी रात में गर्मी के बावजूद कांवरियों की ऊर्जा में कोई कमी नहीं थी.
 
रात करीब 12:30 बजे कांवरियों की कता सिंघवा पार कर चुकी थी. बोल बम के नारे के साथ कांवरिये बाबा बैद्यनाथ का नाम लेते हुए आगे बढ़ते जा रहे थे. कांवरियों को शायद यह अंदाजा नहीं था कि वे रात के करीब दो बजे तक अंतिम पड़ाव कुमैठा तक पहुंच गये थे. रुट लाइन में जगह जगह ड्यूटी पर तैनात पदाधिकारियों के साथ पुलिस कर्मी भी कांवरियों को कतारबद्ध करने में लगे रहे. 
 
देर रात में सामाजिक संगठन व स्थानीय युवक कांवरियों की सेवा में लगे हुए थे. महिला, पुरुष व बच्चे सभी धैर्य रखे हुए थे. कई कांवरिये तो कतार में लगते ही वहीं बैठ गये, तो कई सोने लगे. रूट लाइन में रात भर बजता भक्ति गीत कांवरियों का उत्साह और बढ़ा रहा था. 
 
रूट लाइन में रात भर सुविधा व सुरक्षा का जायजा लेते रहे डीआइजी, डीसी व एसपी
 
कतारबद्ध कांवरियों को उपलब्ध कराये गये सुविधा व सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने डीआइजी राज कुमार लकड़ा रूट लाइन पहुंच गये. डीआइजी के साथ डीसी राहुल कुमार सिन्हा, एसपी नरेंद्र कुमार सिंह ने रूट लाइन बीएड कॉलेज, बरमसिया, नंदन पहाड़, कालीबाड़ी मोड़, सिंघवा, चमारडीह, कुमैठा तक गये. 
 
प्वाइंट पर उपलब्ध ऑन ड्यूटी अधिकारियों व पुलिस पदाधिकारियों को भी सुविधा व सुरक्षा के इंतजामों के बारे में आवश्यक निर्देश देते नजर आये. देर रात कुमैठा में डीसी, एसपी, नगर आयुक्त अशोक कुमार, रैफ कमांडेंट अनामी शरण भी अपनी टीम के साथ मुस्तैद दिखे. रैफ की महिला व पुरुष बटालियन के अलावा एटीएस भी कतार में सुरक्षा व्यवस्था में लगे रहे. रूट लाइन पर वे नजर बना रहे थे.
 
देवघर : दो लाख से भी ज्यादा भीड़ होने पर रात 9.30 बजे तक होगा जलाभिषेक
 
देवघर : सावन की पहली सोमवारी पर कांवरियों की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है. इसके लिए जिला प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है. प्रशासन का कहना है कि कांवरियों की भीड़ दो लाख से ज्यादा होगी, तो बाबा मंदिर में जलाभिषेक रात 9.30 बजे तक कराया जायेगा. अगर कांवरियों की भीड़ दो लाख से कम हुई, तो रात आठ से साढ़े आठ बजे तक जलाभिषेक कराया जायेगा, ताकि कांवरियों का कोई बैकलॉग नहीं बचे. इससे मंगलवार को बाबा मंदिर में कांवरियों का दबाव कम होगा. सोमवार को शीघ्रदर्शनम कूपन को बंद रखा गया है. 
 
जलाभिषेक करने वालों को सामान्य कतार में कतारबद्ध होकर गर्भगृह तक जाना होगा. कांवरियों को एक्सेस कार्ड देने के लिए झारखंड-बिहार का प्रवेश द्वार दुम्मा सहित कोठिया व बीएड कॉलेज कैंपस में काउंटर बनाये गये हैं.
 
देवघर : संस्कार मंडप से आगे निकलने के बाद ही क्यू कॉम्प्लेक्स से बढ़ायी जायेगी कतार

डीसी-एसपी की ब्रीफिंग. टीम वर्क की तरह काम कर दो दिन की अग्नि परीक्षा पास करें
 
देवघर : श्रावणी मेला की पहली सोमवारी को लेकर प्रशासन पूरी तरह से तैयार है. सावन की पहली सोमवारी को भक्तों को सुलभ व सहज तरीके से जलाभिषेक कराने के लिए बाबा मंदिर से रुटलाइन के टेल प्वाइंट कुमैठा तक दंडाधिकारी सहित अधिकारी, पदाधिकारी, पुलिस, रैफ के जवान आदि की ड्यूटी लगायी गयी है. 
 
कांवरिया पथ सहित रुटलाइन में आपात स्थिति से निबटने के लिए जगह-जगह एंबुलेंस, मेडिकल टीम की ड्यूटी लगायी गयी है. श्रावणी मेला के ओवर ऑल मॉनीटरिंग के लिए मानसिंघी तट पर बनाये गये इंट्रीग्रेटेड मेला कंट्रोल रूम से पल-पल की नजर रखी जा रही है. झारखंड-बिहार का प्रवेश द्वार दुम्मा बॉर्डर में कांवरियों के प्रवेश से लेकर बाबा मंदिर में जलाभिषेक करने वाले कांवरियों की अद्यतन स्थिति पर नजर रखी गयी है. 
 
बीएड कॉलेज कैंपस में डीसी राहुल कुमार सिन्हा व एसपी नरेंद्र कुमार सिंह ने श्रावणी मेला ड्यूटी में तैनात सभी पदाधिकारियों व कर्मियों को संयुक्त रूप से ब्रीफ किया. डीसी ने सभी से अपील की है कि सावन की पहली सोमवारी को टीम वर्क की तरह सबों को मिलकर काम करना होगा. तभी दो दिन की अग्नि परीक्षा पास कर पायेंगे. इसलिए सभी लोगों को पूरी मुस्तैदी के साथ ड्यूटी करनी होगी.कुमैठा से सिंघवा के बीच रेलवे ओवरब्रिज के समीप भगदड़ की स्थिति बनी रहती है. भगदड़ का वक्त सुबह सात बजे के करीब होता है. 
 
इसलिए इस वक्त सभी वायरलेस पर एक-दूसरे से संपर्क में रहेंगे. साथ ही कांवरियों को नियंत्रित करने के लिए उन्हें कतारबद्ध बना कर रखें. नंदन पहाड़ के समीप रात व सुबह के वक्त लोग अंधेरे में घूमने चले जाते हैं. जिससे सांप-बिच्छू के काटने का खतरा बना रहता है. यहां कांवरियों को नियंत्रित तरीके से कतारबद्ध रखना बड़ी चुनौती है. 
 
क्यू कॉम्प्लेक्स में ठहराव के लिए बनी छह लाइन
 
श्रावणी मेला की पहली सोमवारी को क्यू कॉम्प्लेक्स में कांवरियों के कतारबद्ध होने के लिए छह लाइन बनायी गयी है. जिसकी क्षमता एक-एक हजार की है. संस्कार मंडप से कांवरियों की कतार आगे बढ़ने के बाद ही क्यू कॉम्प्लेक्स से कांवरियों को ओवरब्रिज के माध्यम से आगे बढ़ाया जायेगा. नेहरू पार्क व जलसार पार्क के समीप कांवरियों को कीचड़ से निजात दिलाने के लिए बालू बिछाया जा रहा है. 
 
बाह्य अरघा में जलार्पण के लिए लगेगी अतिरिक्त कतार
 
बाबा मंदिर में लगाये गये बाह्य अरघा के माध्यम से जलाभिषेक करने वाले कांवरियों के लिए अलग से कतार लगायी जायेगी. यह कतार जलसार पार्क होते हुए भारती होटल मोड़, नाथबाड़ी होते हुए बाबा मंदिर में प्रवेश करेंगे. 
 
बरमसिया-परमेश्वर दयाल रोड में भीड़ को नियंत्रित रखें
 
बरमसिया-परमेश्वर दयाल रोड में कांवरियों का दबाव ज्यादा होता है. इसलिए इस रूट लाइन में कांवरियों के भीड़ को नियंत्रित करना बेहद जरूरी है. ऑन ड्यूटी दंडाधिकारी, अधिकारी व पुलिस के जवान समन्वय के साथ काम करें.
 
सोमवारी को लेकर प्रशासन के निर्देश
 
तिवारी चौक पर भीड़ होने पर कांवरियों की कतार को सिंगल चलायें
कोठिया स्टैंड के पीछे अंधेरा होने पर मेडल लाइट का प्रयोग अनिवार्य रूप से करें
कांवरियों को राहत पहुंचाने के लिए पीएन झा पथ में पानी का छिड़काव नियमित रूप से करें
मंदिर मोड़ पर ट्रैफिक समस्या नहीं हो, ऑन ड्यूटी पुलिस के जवान रहें अलर्ट
बसों की छतों व ऑटो में ओवरलोड रोकें
 
कांवरिया पथ पर सोमवारी का लगा रहा रेला

दोपहर दो बजे से शाम छह बजे तक 40 हजार कांवरियों को दिया गया प्रवेश कार्ड
 
देवघर : सावन की पहली सोमवारी को उमड़ने वाली भीड़ की झलक रविवार को ही कांवरिया पथ पर देखने लगी थी. दोपहर दो बजे से कांवरिया पथ पर कांवरियों का सैलाब उमड़ा पड़ा. दुम्मा गेट से कांवरियों का हुजूम बाबा नगरी की ओर बढ़ रहा था. शाम ढ़लते-ढ़लते कांवरियों का रैला बढ़ता गया. इससे दुम्मा टोल गेट में जाम का नजारा रहा. टोल गेट से प्रति घंटे आठ से 10 हजार कांवरिये को कार्ड दिया जा रहा था. 
 
जैसे-जैसे अंधेरा छा रहा था कांवरियों की भीड़ बढ़ती जा रही थी व रफ्तार भी तेज होती गयी. रविवार को कड़ी धूप का असर  बाबा के भक्तों पर नहीं दिखा. सभी पहली सोमवारी को बाबा बैद्यनाथ पर जलार्पण करने के लिए तेजी से चल रहे थे. सबके मन में  शाम ढ़लते ही पहले बाबा नगरी पहुंचने की इच्छा थी. 
 
दुम्मा व सोमनाथ भवन से प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की संख्या  अधिक रहने पर होल्डिंग प्वाइंट में ठहरने की अपील भी की जा रही थी. टोल गेट के आंकड़ों के अनुसार दोपहर दो बजे से शाम छह बजे तक 40 हजार कांवरियों को प्रवेश कार्ड दिया गया. पूरा कांवरिया पथ गेरुआ रंग से पट गया था व बोल बम के जयकारे से गूंज रहा था. छोटे बच्चों को कंधे पर बैठाकर, तो कई अपने साथी को सहारा देकर अपने मंजिल की ओर बढ़ रहे थे. 
 
कुछ हिस्सों में बालू पर पानी का छिड़काव 
 
तेज धूप में गर्म बालू पर रविवार को कुछ हिस्से में पानी का छिड़काव किया गया. जबकि खिजुरिया, सरासनी व नवाडीह के आसपास कई जगह पानी का छिड़काव अधूरा ही रहा. पानी छिड़काव पूरा नहीं होने से कांवरिये को कष्टों में गर्म बालू पर चलना पड़ रहा था. धूप की वजह से कई कांवरिये स्वास्थ्य उपकेंद्रों में पांव में दवा लगवा रहे थे. 
 
कारपेट को भींगा कर कांवरियों को पहुंचायी राहत
 
देवघर : पंडित बीएन झा पथ में कांवरियों के चलने के लिए बिछाये गये कारपेट के धूप में गर्म होने से कांवरियों काे परेशानी हो रही थी. इसे देखते हुए रविवार को समाजसेवी सूरज झा ने वाहन से पूरे कारपेट को पानी से भींगोया. इससे कांवरियों को काफी राहत मिली. वाहन के माध्यम से बीएन झा पथ व कांवरिया रुट में कांवरियों को पेयजल भी मुहैया कराया गया.
 
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