महिला आरक्षण पर राजनीति गरम, किरेन रिजिजू ने कहा- परिसीमन के नाम पर अफवाह न फैलाएं
Published by : Amitabh Kumar Updated At : 16 Apr 2026 10:54 AM
किरेन रिजिजू (Photo: ANI)
Women Reservation Bill : महिला आरक्षण लागू करने वाला बिल गुरुवार को लोकसभा में पेश होने वाला है. अगर ये पास हो जाता है, तो इसे आगे राज्यसभा भेजा जाएगा. वहीं, परिसीमन को लेकर पहले से ही माहौल गरम है. नीचे पढ़ें संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने क्या कहा.
Women Reservation Bill : महिला आरक्षण बिल पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है और ये कानून लंबे समय तक याद रखा जाएगा. उन्होंने कहा कि इस बिल से लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं को 33% आरक्षण मिलेगा, जो एक बड़ा कदम है. रिजिजू ने भरोसा जताया कि सभी पार्टियां इसका समर्थन करेंगी ताकि सालों से लंबित यह बिल अब पास हो सके.
उन्होंने विपक्ष से अपील की कि परिसीमन के नाम पर अफवाहें न फैलाएं और महिला आरक्षण का विरोध न करें. खासतौर पर दक्षिण भारत के लोगों को गुमराह न करने की बात कही. रिजिजू ने कहा कि इस अच्छे मकसद को किसी और मुद्दे से जोड़कर कमजोर न किया जाए. कोई बहाना बनाकर इसे रोका न जाए, बल्कि मिलकर इसे पास कराया जाए.
रिजिजू ने एमके स्टालिन पर साधा निशाना
रिजिजू ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन पर निशाना साधते हुए कहा कि वो राजनीति कर रहे हैं और कुछ लोगों के बहकावे में हैं. उन्होंने कहा कि कोई भी महिला आरक्षण के खिलाफ नहीं है, लेकिन कुछ लोग बहाने बनाकर इसे रोकने की कोशिश कर रहे हैं, जो ठीक नहीं है. रिजिजू ने कहा कि अगर किसी बहाने से महिला आरक्षण को रोका गया तो ये बेहद दुर्भाग्यपूर्ण होगा. उन्होंने तमिलनाडु समेत सभी राज्यों से अपील की कि लोगों को गुमराह न करें और चिंता न करें. सरकार हर राज्य और केंद्र शासित प्रदेश को बराबर मौका, सही प्रतिनिधित्व और अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है.
यह भी पढ़ें : कैसे दिया जाए महिलाओं को आरक्षण, 16 से 18 तक संसद में चर्चा; समझिए क्यों उबल रहे दक्षिण के राज्य?
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन ने परिसीमन बिल की कॉपी जलाकर इसका विरोध किया है. उनका आरोप है कि ये “काला कानून” तमिल लोगों को अपनी ही जमीन पर कमजोर कर देगा और उन्हें हाशिये पर धकेल देगा.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










