Parliament Monsoon Session: विपक्ष का जोरदार हंगामा, ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा नहीं हो सकी शुरू

Published by : Amitabh Kumar Updated At : 28 Jul 2025 1:11 PM

विज्ञापन

Lok Sabha

Parliament Monsoon Session: पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर पर लोकसभा और राज्यसभा में 16-16 घंटे चर्चा तय है. कांग्रेस ने अपने सांसदों को तीन दिन सदन में मौजूद रहने के लिए तीन लाइन का व्हिप जारी किया है. इस बीच लोकसभा और राज्यसभा में हंगामा सोमवार को भी जारी है. संसद से जुड़े हर अपडेट के लिए बने रहें हमारे साथ.

विज्ञापन

Parliament Monsoon Session: लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा दोेपहर 12 बजे से शुरू होनी थी. इससे पहले ही विपक्ष के सांसद हंगामा करने लगे. इसके बाद स्पीकर ओम बिरला ने लोकसभा की कार्यवाही 1 बजे तक के लिए स्थगित कर दी. जब तीसरी बार कार्यवाही शुरू हुई तो हंगामा जारी रहा. स्पीकर के समझाने के बाद भी विपक्षी सांसद नहीं माने तो सदन की कार्यवाही दोपहर दो बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई.

इस बीच, ऑपरेशन सिंदूर पर लोकसभा में कांग्रेस की ओर से बोलने वाले नेताओं की सूची सामने आई है. इसमें गौरव गोगोई, प्रियंका गांधी, दीपेंद्र हुड्डा, प्रणीति शिंदे, सप्तगिरि उलाका और बिजेंदर एस ओला शामिल हैं. ये नेता पार्टी का पक्ष सदन में रखेंगे. 21 जुलाई से शुरू हुए मानसून सत्र के दौरान अब तक कई बार कार्यवाही बाधित हुई है, लेकिन आज संसद में जोरदार बहस की उम्मीद थी.

लोकसभा और राज्यसभा में एसआईआर मुद्दे पर हंगामा

बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के मुद्दे पर विपक्षी दलों के सदस्यों के हंगामे के कारण सोमवार को लोकसभा की कार्यवाही शुरू होने के 12 मिनट बाद दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई. दोबारा सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद भी हंगामा जारी रहा. विपक्षी दलों के सदस्यों के हंगामे के कारण लोकसभा की कार्यवाही एक बार के स्थगन के बाद दोपहर 12 बजकर 10 मिनट पर एक बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई. राज्यसभा की कार्यवाही भी दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई.

जब रावण ने लक्ष्मण रेखा पार की… : किरेन रिजिजू

बहस के पहले सांसदों के बयान सामने आ रहे हैं. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल  मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर लिखा– जब रावण ने लक्ष्मण रेखा पार की, तो लंका जल गई. जब पाकिस्तान ने भारत द्वारा खींची गई लाल रेखा पार की, तो पाकिस्तान को आग का सामना करना पड़ा.

एसआईआर के खिलाफ प्रदर्शन किया

विपक्षी गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) के कई घटक दलों के सांसदों ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का विरोध करते हुए सोमवार को संसद भवन परिसर में प्रदर्शन किया. संसद के ‘मकर द्वार’ के निकट आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी, राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव और कई अन्य दलों के सांसद शामिल हुए.

कांग्रेस को पाकिस्तान का पक्ष लेने की क्या मजबूरी है?

ऑपरेशन सिंदूर पर पी. चिदंबरम की टिप्पणी को लेकर बीजेपी सांसद अनुराग ठाकुर ने कहा, “जब बात पाकिस्तान और आतंकवाद की होती है, तब पाकिस्तान भी अपनी वकालत उतनी नहीं करता, जितनी राहुल गांधी की अधीन कांग्रेस करती है. कांग्रेस को पाकिस्तान का पक्ष लेने की क्या मजबूरी है? एक पूर्व गृह मंत्री की ओर से ऐसा बयान कांग्रेस की मानसिकता को उजागर करता है.”

क्या था पी. चिदंबरम का बयान?

पूर्व गृह मंत्री पी. चिदंबरम ने ऑपरेशन सिंदूर को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि सरकार यह बताने को तैयार नहीं है कि एनआईए ने पिछले कुछ हफ्तों में क्या किया. क्या आतंकियों की पहचान हुई? वे कहां से आए थे? चिदंबरम ने आशंका जताई कि वे आतंकी देश के भीतर ही पनपे “होम ग्रोन” हो सकते हैं. उन्होंने कहा कि सरकार ने बिना किसी पुख्ता सबूत के मान लिया कि आतंकी पाकिस्तान से आए थे. साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार भारत को हुए नुकसान को भी छिपा रही है और देश को भरोसे में नहीं लिया. चिदंबरम ने यह भी पूछा कि प्रधानमंत्री ने कहा था ऑपरेशन रोका गया है, खत्म नहीं हुआ – तो आगे क्या कदम उठाए गए?

विज्ञापन
Amitabh Kumar

लेखक के बारे में

By Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola