ePaper

Defence: वीर गाथा 5.0 के सुपर-100 विजेताओं को मिला सम्मान

24 Jan, 2026 8:57 pm
विज्ञापन
Defence: वीर गाथा 5.0 के सुपर-100 विजेताओं को मिला सम्मान

वीर गाथा केंद्र सरकार की एक राष्ट्रीय पहल है, जिसका उद्देश्य स्कूली छात्रों को देश के स्वतंत्रता सेनानियों, वीर सैनिकों और वीरता पुरस्कार विजेताओं के शौर्य और बलिदान से परिचित कराना है. यह कार्यक्रम रक्षा मंत्रालय और शिक्षा मंत्रालय के सहयोग से सीबीएसई के माध्यम से आयोजित किया जाता है.

विज्ञापन

Defence: भारत सरकार की एक राष्ट्रीय पहल “वीर गाथा” के तहत शनिवार को सुपर -100 विजेताओं को सम्मानित किया गया. पहली बार, विदेशों में सीबीएसई स्कूलों में पढ़ रहे 28,005 विदेशी छात्रों ने भी इस प्रतियोगिता में भाग लिया.सुपर-100 विजेताओं में से 64 देश के विभिन्न हिस्सों से आई छात्राएं हैं. प्रत्येक विजेता को 10,000 रुपये का नकद पुरस्कार, एक पदक और एक प्रमाणपत्र प्रदान किया गया. ये सुपर-100 विजेता उन विशेष अतिथियों में शामिल हैं जो 26 जनवरी, 2026 को कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस परेड देखेंगे. 

वीर गाथा केंद्र सरकार की एक राष्ट्रीय पहल है, जिसका उद्देश्य स्कूली छात्रों को देश के स्वतंत्रता सेनानियों, वीर सैनिकों और वीरता पुरस्कार विजेताओं के शौर्य और बलिदान से परिचित कराना है. यह कार्यक्रम रक्षा मंत्रालय और शिक्षा मंत्रालय के सहयोग से सीबीएसई के माध्यम से आयोजित किया जाता है. इसमें छात्र निबंध लेखन, चित्रकला, कविता, पेंटिंग और लघु वीडियो जैसी रचनात्मक गतिविधियों के जरिए देश के वीर नायकों को श्रद्धांजलि देते हैं. ‘वीर गाथा’ छात्रों में देशभक्ति, राष्ट्रीय चेतना और नागरिक जिम्मेदारी को मजबूत करने का माध्यम है. 

विकसित भारत 2047 के ब्रांड एंबेसडर

रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ और शिक्षा एवं कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी ने शनिवार को नयी दिल्ली में वीर गाथा 5.0 के सुपर-100 विजेताओं को सम्मानित किया. रक्षा राज्य मंत्री ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि आप विकसित भारत 2047 के ब्रांड एंबेसडर हैं. वीर गाथा जैसी पहल से यह सुनिश्चित होगा कि आने वाली पीढ़ियां भारत के महान स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदानों को याद रखें और उनका सम्मान करें. उन्होंने युवा प्रतिभागियों से सरदार पटेल, बिरसा मुंडा, साहिबजादे और स्वामी विवेकानंद जैसे राष्ट्रीय व्यक्तित्वों से प्रेरणा लेने का आग्रह किया, जिनके साहस, समर्पण और बलिदान राष्ट्र को प्रेरित करते रहेंगे और इतिहास में अंकित रहेंगे.

शिक्षा राज्य मंत्री जयंत चौधरी ने इस बात पर जोर दिया कि वीर गाथा जैसी पहल स्कूली छात्रों को वीर योद्धाओं के शौर्य और बलिदानों के बारे में शिक्षित करने और साथ ही युवा प्रतिभाओं को पोषित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं. उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात, कतर और मलेशिया के अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागियों सहित दो लाख से अधिक विद्यालयों के 19 लाख छात्रों की रिकॉर्ड भागीदारी का जिक्र किया. इन छात्रों ने चित्रकला, पेंटिंग, निबंध लेखन और लघु वीडियो निर्माण जैसी गतिविधियों में भाग लेकर राष्ट्र के नायकों की अनुकरणीय सेवा और बलिदान को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की.

राष्ट्र सर्वोपरि की भावना बनाये रखें

कार्यक्रम के दौरान, शौर्य और वीर चक्र से सम्मानित ग्रुप कैप्टन मनीष अरोरा ने ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े अपने प्रेरणादायक अनुभव साझा किए. उन्होंने छात्रों को साहस, दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत जैसे मूल्यों को आत्मसात करने और ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ की भावना को बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित किया. इस अवसर पर चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, चीफ ऑफ नेवल स्टाफ एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी, चीफ ऑफ एयर स्टाफ एयर चीफ मार्शल एपी सिंह, स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के सचिव  संजय कुमार, सचिव (पूर्व सैनिक कल्याण) सुकीर्ति लेखी, रक्षा अनुसंधान एवं विकास विभाग के सचिव और डीआरडीओ के अध्यक्ष डॉ. समीर वी कामत और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहें.

विज्ञापन
Anjani Kumar Singh

लेखक के बारे में

By Anjani Kumar Singh

Anjani Kumar Singh is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola

अपने पसंदीदा शहर चुनें

ऐप पर पढ़ें