ePaper

जेएनयू प्रोफेसर ने कन्हैया से पूछा : क्या भाषण देने से पहले तथ्यों की जांच की थी

Updated at : 08 Mar 2016 9:09 AM (IST)
विज्ञापन
जेएनयू प्रोफेसर ने कन्हैया से पूछा : क्या भाषण देने से पहले तथ्यों की जांच की थी

नयी दिल्ली : जवाहर लाल नेहरु विश्वविद्यालय में अंग्रेजी के प्रोफेसर और कवि मकरंद परांजपे ने देशद्रोह के आरोप का सामना कर रहे छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार से आज सवाल किया कि उन्होंने अपने बहुचर्चित भाषण से पहले क्या तथ्यों की जांच की थी. परांजपे ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि कन्हैया […]

विज्ञापन

नयी दिल्ली : जवाहर लाल नेहरु विश्वविद्यालय में अंग्रेजी के प्रोफेसर और कवि मकरंद परांजपे ने देशद्रोह के आरोप का सामना कर रहे छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार से आज सवाल किया कि उन्होंने अपने बहुचर्चित भाषण से पहले क्या तथ्यों की जांच की थी. परांजपे ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि कन्हैया ने अपने मशहूर भाषण में गोलवरकर के मुसोलिनी से मुलाकात करने की बात की थी.

उन्होंने सवाल किया कि क्या उन्होंने अपने तथ्यों की जांच की थी और मुसोलिनी से मुंजे ने मुलाकात की थी. उन्होंने कहा, ‘मैं यह नहीं कह रहा हूं कि वे फासिस्ट से प्रभावित नहीं थे, वे थे.’ परांजपे ने कहा, ‘कृपया हमें इस पर सहमत होने दीजिए कि क्या तथ्य है और क्या नहीं.’

परांजपे ने जवाहर लाल विश्वविद्यालय के छात्रों को संबोधन के दौरान कहा कि फासीवाद लोकतंत्र के खिलाफ है और स्टालिनवाद भी. उन्होंने कहा, ‘मैं ऐसे देश का नागरिक होने में गर्व महसूस करता हूं, जहां एक तथाकथित न्यायिक हत्या ने इतना बडा हंगामा खडा कर दिया.’ उन्होंने कहा, ‘क्या आपको पता है कि स्टालिन के सोवियत संघ में 1920 से 1950 के दशक में कितनी न्यायिक हत्यायें हुयीं.’

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola