दिल्ली में प्रतिबंध के बाद अब नजरें बिहार, तमिलनाडु व बंगाल पर, अमिताभ ने भी दी सफाई
Updated at : 03 Jun 2015 2:47 PM (IST)
विज्ञापन

नयी दिल्ली : ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, जब कोई खाद्य पदार्थ विवादों में घिरा है. इससे पहले भी देश में ऐसा एक से अधिक बार हो चुका है. बडी कंपनियों के खाद्य पदार्थों की विश्वसनीयता पर ताजा सवाल नेस्ले कंपनी के मैगी नूडल्स में लेड व एमएसजी यानी मोनो सोडियम ग्लाटेमेट की ज्यादा […]
विज्ञापन
नयी दिल्ली : ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, जब कोई खाद्य पदार्थ विवादों में घिरा है. इससे पहले भी देश में ऐसा एक से अधिक बार हो चुका है. बडी कंपनियों के खाद्य पदार्थों की विश्वसनीयता पर ताजा सवाल नेस्ले कंपनी के मैगी नूडल्स में लेड व एमएसजी यानी मोनो सोडियम ग्लाटेमेट की ज्यादा मात्रा मिलने के कारण हुई. केरल सरकार ने अपने आउटलेट मैगी पर प्रतिबंध लगा दिया. बिग बाजार ने अपने स्टोर में इस पर प्रतिबंध लगा दिया है. इसी तरह के कदम इजी डे, फेयर प्राइस भी उठा रहा है.
दिल्ली में केंद्रीय भंडारों में मैगी की बिक्री पर रोक लगा दी गयी है.दिल्ली सरकार ने आज शाम मैगी की बिक्री पर राज्य में बैन लगा दिया है. यह बैन फिलहाल 15 दिन के लिए लगाया गया है. उन्होंने कहा है कि 15 दिन बाद इसकी पुनसर्मीक्षा की जायेगी. राज्य के स्वास्थ्य मंत्री सत्यें्रद जैन ने कहा कि दिल्ली सरकार ने अपनी प्रयोगशाला में इसकी जांच करायी है.
उधर, बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने मैगी विवाद पर आज सफाई दी. उन्होंने कहा कि वे दो साल पहले ही ही इस कंपनी के विज्ञापन को छोड चुके हैं. उन्होंने यह भी कहा कि वे कानून का साथ देंगे और अबतक उन्हें इस मामले में कोई नोटिस नहीं मिला है.
उधर, बिहार सरकार ने इसके नमूने जांच के लिए भेजा है और ऐसा ही कदम पश्चिम बंगाल उठा रहा है. नमूने विपरीत आने पर हरियाणा, गुजरात,तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक, गोवा आदि राज्यों में भी इस पर बैन लगा सकते हैं. उधर, यूपी सरकार व दिल्ली सरकार पहले ही इसके खिलाफ सख्त तेवर दिखा चुकी है. सरकारों के कडे तेवर के कारण आज भारतीय शेयर बाजार में नेस्ले के शेयर में 11.5 प्रतिशत तक की गिरावट आयी है.
नेस्ले का 20 प्रतिशत मुनाफा सिर्फ मैगी नूडल्स से
1905 में स्थापित स्विटजरलैंड की कंपनी नेस्ले कई तरह के खाद्य पदार्थ बनाता है, जिनका विभिन्न सेगमेंट में बाजार के बडे हिस्से पर कब्जा है. पर, यह अकेले मैगी नूडल्स से 20 प्रतिशत मुनाफा कमाती है. नेस्ले का नारा है, टेस्ट भी, हेल्थ भी. यह कंपनी बडी मजबूती से यह दावा करती है कि उसके उत्पाद स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से फायदेमंड हैं और टेस्टी तो हैं ही.
नेस्ले का पक्ष
इस मामले में, नेस्ले इंडिया ने कहा है कि मीडिया इस पूरे मामले में भ्रमित कर रही है. कंपनी ने कहा है कि स्वास्थ्य की सुरक्षा करना हमारी प्राथमिकता है. नेस्ले कंपनी ने अपना पक्ष रखते हुए इस संबंध में दिल्ली सरकार को एक प्रेजेंटशन दिया है. नेस्ले का कहना है कि उसके खाद्य उत्पाद उसकी घरेलू प्रयोगशाला व बाहरी प्रयोगशाला दोनों जगह पर परखी गयी है.
तमिलनाडु मैगी में एमएसजी, लैड के स्तर का पता लगाने के लिए कराएगी जांच
तमिलनाडु सरकार ने नेस्ले के नूडल ब्रांड मैगी में मोनोसोडियम ग्लूटामेट Z(एमएसजी) और सीसा(लैड) के स्तर का पता लगाने के लिए प्रयोगशाला में जांच कराने का फैसला किया है. उत्तरप्रदेश और देश के कुछ अन्य भागों में जांच में मैगी के नूडल्स में निर्धारित स्तर से ज्यादा मात्रा में इनकी मौजूदगी के बारे आयी रिपोर्ट के बाद यह फैसला किया गया है. उत्तरप्रदेश और केरल पहले ही अपने-अपने राज्यों में रिटेलरों को उत्पाद वापस लेने के लिए कह चुके हैं. तमिलनाडु के खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस संबंध में कदम उठाते हुए नमूने एकत्र करने और इसे राज्य की प्रयोगशालाओं में भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी गयी है. उन्होंने बताया कि जांच से पता लगाया जाएगा कि क्या मैगी नूडल में तय सीमा से अधिक एमएसजी और लैड की मात्रा है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Tags
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




