Best Place to Eat Rasgulla: भारत के इन जगहों के रसगुल्ले भी होते है काफी टेस्टी, एक बार जरूर चखें

Published by : Shaurya Punj Updated At : 31 Jul 2023 10:56 AM

विज्ञापन

Best Place to eat Rasgulla: छेना रसगुल्‍ला या रसोगुल्ला वैसे तो देश भर में म‍िलता है ले‍क‍िन कुछ जगहें ऐसी हैं जहां ये अपने लाजवाब स्‍वाद के ल‍िए फेमस है.

विज्ञापन

Best Place to eat Rasgulla: मिठाई जिक्र होते हैं यह में रसगुल्ला का नाम सबसे पहले आता है. इसका नाम सुनकर ही जब से पानी टपकने लगता है और खाने के बाद तो मानो क्या आनंद आता है.बंगाल में 18वीं सदी के दौरान डच और पुर्तगाली उपनिवेशकों ने छेना से मिठाई बनाने का तरीका न‍िकाला था, रसगुल्ला भारत के सभी जगहों पर आसानी से मिल जाता है. छेना रसगुल्‍ला या रसोगुल्ला वैसे तो देश भर में म‍िलता है ले‍क‍िन कुछ जगहें ऐसी हैं जहां ये अपने लाजवाब स्‍वाद के ल‍िए फेमस है.

बंगाल

कुछ सालों पहले छेना रसगुल्‍ला के ईजाद को लेकर इधर लंबे समय से उड़ीसा और पश्‍च‍िम बंगाल के बीच जंग छ‍िड़ी थी, पर म‍िठाई के ईजाद का क्रेड‍िट बंगाल को द‍िया गया है. बतादें क‍ि यहां का रसगुल्‍ला बहुत ही स्‍वाद‍िष्‍ट होता है. बंगाल में 18वीं सदी के दौरान डच और पुर्तगाली उपनिवेशकों ने छेना से मिठाई बनाने का तरीका न‍िकाला था. कोलकाता जैसे शहर बेस्‍ट हैं.

उड़ीसा

वहीं छेना रसगुल्‍ला खाने के ल‍िए उड़ीसा भी परफेक्‍ट प्‍लेस है. यहां पर भी आपको यह म‍िठाई हर गली में म‍िलेगी. खास बात है क‍ि आप इस रसगुल्‍ले को पूरे शहर में कहीं भी खाइए हर जगह का स्‍वाद कुछ कहता सा है. उड़ीसा में भी यह म‍िठाई काफी पुरानी है.

मध्‍यप्रदेश

वहीं अगर आप मध्‍यप्रदेश के इंदौर शहर घूमने जा रहे हैं तो फ‍िर यहां भी आप छेना रसगुल्‍लों का लाजवाब स्‍वाद चख सकते हैं. यहां गीता भवन मनोरमा गंज में म‍िलने वाले रसगुल्‍लों का स्‍वाद पयर्टकों को बहुत पसंद आता है.

उत्‍तर प्रदेश

उत्‍तर प्रदेश के वाराणसी में भी स्‍वाद‍िष्‍ट रसगुल्‍लों का स्‍वाद लि‍या जा सकता है. वैसे तो यहां भी इन रसगुल्‍लों के कई खास स्‍थान हैं लेक‍िन चौक एर‍िया इसके बेस्‍ट माना जाता है. यहां पर कई ऐसी बड़ी दुकाने हैं जहां पर स‍िर्फ रसगुल्‍ला अपने लाजबाब स्‍वाद के ल‍िए बड़ी तादाद में ब‍िकता है.

राजस्‍थान

राजस्‍थान का बीकानेर भी छेने के रसगुल्‍लों का स्‍वाद लेने के ल‍िए एक बेस्‍ट प्‍लेस है. यहां पर छेने के रसगुल्‍ले के अलग-अलग रूप देखने को म‍िलेगे. बीकानेर में बड़े स्‍तर पर छेना तैयार होता है. यहां से यह कई दूसरों शहरों में भी भेजा जाता है.

ऐसे पापुलर हुआ रसगुल्ला

एक बार एक सेठ रायबहादुर भगवानदास बागला अपने परिवार के कहीं जा रहे थे. बग्‍गी में बैठे उनके एक बेटे को प्यास लगी. उन्होंने नोबीन दास की दुकान के पास बग्गी रुकवा ली. नोबीन ने बच्चे को पानी के साथ रोसोगोल्ला भी दिया जो उसे काफी अच्छा लगा. उसने अपने पिता से इसे खाने को कहा. सेठ को भी ये मिठाई बहुत पसंद आई और उसने अपने परिवार और दोस्तों के लिए इसे खरीद लिया. बस फिर तो ये मिठाई शहर भर में प्रसिद्ध हो गई. और आज पूरी दुनिया इसका नाम जानती है.

अंग्रेज भी थे रसगुल्ले के दीवाने 

भारत में ब्रिटिश शासकों के रसगुल्ले के प्रति गहरे लगाव के बारे में एक दिलचस्प किस्सा है. विलियम हेरोल्ड एक प्रसिद्ध ब्रिटिश रसोइया था जिसे युद्ध के दौरान मदद के लिए भारत भेजा गया था. लेकिन उनके व्यंजन इतने स्वादिष्ट थे कि एक बड़े अधिकारी ने उन्हें अपने निजी रसोइया के रूप में पदोन्नत कर दिया. एक दिन, अधिकारी ने विलियम को रसगुल्ला की रेसिपी लाने को कहा क्योंकि उन्हें यह मिठाई बहुत पसंद थी. 

उस समय, रेसिपी लिखने का काम बहुत कम होता था. इसलिए विलियम खुद लोगों के घर-घर जाकर रेसिपी पूछने लगे. लेकिन वे जिस भी घर में गए, वहां उन्हें अलग- अलग तक तकनीक मिली. इससे विलियम को कभी भई रसगुल्ले की रेसिपी नहीं मिली. लेकिन रसगुल्ला उन्हें इतना प्यारा हुआ कि वह 10 बक्सों के साथ देश से गए. 

रसगुल्ला की सामग्री

  • (कम चिकनाई वाला, उबला हुआ और पूरी रात के लिए फ्रिज में रखा हुआ) 2 लीटर दूध

  • (¼ कप पानी में मिला हुआ)¼ कप नींबू का रस

  • (आप इसमें मैदा की जगह सूजी का भी इस्तेमाल कर सकते हैं) 1 टी स्पून मैदा

  • (गुलाब जल या इलायची का फ्लेवर डली) 4 कप चाश्नी

रसगुल्ला बनाने की वि​धि

1.दूध से सबसे पहले क्रीम या मलाई उतार लें. इसके बाद इसमें हल्की आंच पर रखकर एक बार उबाल लें. फिर इसमें नींबू का रस डालें. हल्का चलाएं.

2.जब दूध जमने लगे तो आंच बंद कर दें. पांच के लिए रखकर छोड़ दें.

3.फिर इसमें से पानी निकाल दें और पनीर को छलनी में करीब चार घंटे के लिए रखकर छोड़ दें.

4.इसके बाद पनीर को मैश कर लें. ध्यान रहे पनीर अच्छी तरह मैश हो जाना चाहिए.

5.इसमें मैदा या सूजी डालकर दोबारा मैश करें.

6.एक पैन में चार से छह कप पानी उबाल लें. पनीर की बॉल्स तैयार कर लें.

7.ध्यान रहे पनीर की बॉल्स एकदम स्मूद हो कहीं से भी टूटी न हों.

8.तैयार की बॉल्स को उबले हुए पानी में डालकर पैन को ढक दें.

9.करीब 20 मिनट के लिए इन्हें पकने दें. पक जाने के बाद इन्हें ठंडा होने के लिए रखें.

10.जब बॉल्स ठंडी हो जाएं, तो इनमें से पानी निकाल लें और चाश्नी में डालें. ठंडी करके सर्व करें.

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन