1 जुलाई से पेट्रोल-डीजल की बिक्री पर लगी पाबंदियां खत्म: आम लोगों और उद्योगों को राहत
Petrol-Diesel New Rules
Petrol Diesel: केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर लगाई गई पाबंदियों को पूरी तरह से हटा लिया है. 1 जुलाई से वाणिज्यिक (Commercial) और औद्योगिक ग्राहकों को पेट्रोल-डीजल बेचने पर कोई रोक नहीं होगी.
Petrol Diesel: पेट्रोल पंपों से एक दिन में एक गाड़ी को अधिकतम 200 लीटर डीजल देने की जो सीमा तय की गई थी, वह भी अब समाप्त हो जाएगी. सरकार का यह फैसला साफ संकेत देता है कि देश में पेट्रोलियम उत्पादों की सप्लाई अब पूरी तरह सामान्य हो चुकी है.
पेट्रोलियम मंत्रालय ने वापस लिया अपना पुराना आदेश
केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने 29 जून को एक नया आदेश जारी कर 12 जून के अपने पिछले निर्देश को रद्द कर दिया है. 12 जून के आदेश में सरकार ने गाड़ियों के लिए 200 लीटर की दैनिक सीमा तय की थी. साथ ही बड़े औद्योगिक और वाणिज्यिक ग्राहकों के खुदरा पेट्रोल पंप से ईंधन खरीदने पर रोक लगा दी थी.
मंत्रालय ने क्या कहा?
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा- पेट्रोलियम उत्पादों की मौजूदा सप्लाई की समीक्षा के बाद सरकार इस बात से संतुष्ट है कि जनहित में इन पाबंदियों को आगे जारी रखना अब जरूरी नहीं है. इसलिए ‘मोटर स्पिरिट और हाई स्पीड डीजल आदेश, 2026’ के तहत 12 जून के आदेश को 1 जुलाई 2026 से वापस लिया जा रहा है.
क्यों लगानी पड़ी थी पाबंदी?
दरअसल मिडिल ईस्ट संकट के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की सप्लाई बाधित हो गई थी. इस दौरान अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें आसमान छू रही थीं, लेकिन सरकार ने आम लोगों को राहत देने के लिए खुदरा पेट्रोल पंपों पर दाम नहीं बढ़ाए. जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए सरकार ने यह पाबंदी लगााई थी.
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लेखक के बारे में
By अरबिंद कुमार मिश्रा
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झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.
करियर का सफरनामा
अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.
प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग
खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:
34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.
पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.
पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.
शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)
UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.
बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.
एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.
लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.
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