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वित्त वर्ष 2024-25 में 7.2 फीसदी रहेगी भारत की आर्थिक वृद्धि दर, फिच का अनुमान

Updated at : 18 Jun 2024 3:19 PM (IST)
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वित्त वर्ष 2024-25 में 7.2 फीसदी रहेगी भारत की आर्थिक वृद्धि दर, फिच का अनुमान

रेटिंग एजेंसी फिच का अनुमान.

Economic Growth: रेटिंग एजेंसी फिच ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि निवेश में वृद्धि जारी रहेगी, लेकिन हाल की तिमाहियों की तुलना में यह वृद्धि धीमी रहेगी. वहीं, उपभोक्ता विश्वास बढ़ने के साथ उपभोक्ता खर्च में सुधार होगा.

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Economic Growth: भारत का आर्थिक वृद्धि दर चालू वित्त वर्ष 2024-25 में 7.2 फीसदी रहने का अनुमान है. रेटिंग एजेंसी फिच ने मंगलवार को अपनी एक रिपोर्ट में उपभोक्ता खर्च में सुधार और निवेश में बढ़ोतरी का हवाला देते हुए यह अनुमान लगाया है. हालांकि, इससे पहले इस रेटिंग एजेंसी ने मार्च महीने के दौरान चालू वित्त वर्ष में आर्थिक वृद्धि दर सात फीसदी रहने का अनुमान जाहिर किया था. इस पर इसमें उसने मामूल 0.2 फीसदी की बढ़ोतरी की है.

आरबीआई के अनुमान का समर्थन

इसके साथ ही रेटिंग एजेंसी फिच ने वित्त वर्ष 2025-26 और 2026-27 के लिए 6.5 फीसदी और 6.2 फीसदी की वृद्धि दर का अनुमान लगाया है. फिच ने अपनी वैश्विक आर्थिक परिदृश्य रिपोर्ट में अनुमान लगाया है कि वित्त वर्ष 2024-25 में भारतीय अर्थव्यवस्था में 7.2 फीसदी की मजबूत वृद्धि होगी. रेटिंग एजेंसी की ओर से भारत की आर्थिक वृद्धि को लेकर लगाया गया यह अनुमान भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के अनुमान के अनुरूप ही है. आरबीआई ने जून महीने की शुरुआत में अनुमान लगाया था कि ग्रामीण मांग में सुधार और मुद्रास्फीति में नरमी से चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था 7.2 फीसदी की दर से बढ़ेगी. इस लिहाल से देखेंगे, तो फिच ने आरबीआई के अनुमान का समर्थन किया है.

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निवेश में जारी रहेगी वृद्धि

रेटिंग एजेंसी फिच ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि निवेश में वृद्धि जारी रहेगी, लेकिन हाल की तिमाहियों की तुलना में यह वृद्धि धीमी रहेगी. वहीं, उपभोक्ता विश्वास बढ़ने के साथ उपभोक्ता खर्च में सुधार होगा. क्रय प्रबंधकों के सर्वेक्षण के आंकड़े चालू वित्त वर्ष की शुरुआत में निरंतर वृद्धि की ओर इशारा करते हैं. रेटिंग एजेंसी ने कहा कि आने वाले मानसून के मौसम के सामान्य रहने के संकेत वृद्धि को बढ़ावा देंगे और मुद्रास्फीति को कम अस्थिर बनाएंगे. हालांकि हाल ही में भीषण गर्मी ने जोखिम उत्पन्न किया है. पिछले वित्त वर्ष 2023-24 में भारतीय अर्थव्यवस्था 8.2 फीसदी की रफ्तार से बढ़ी थी.

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KumarVishwat Sen

लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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