जिले के 110 एकड़ में सामुदायिक नर्सरी में लगा धान का बिचड़ा
Updated at : 02 Aug 2018 4:11 AM (IST)
विज्ञापन

डीएम ने जलालपुर प्रखंड में धान की सामुदायिक नर्सरी का किया निरीक्षण छपरा (सदर) : जिले में प्रत्येक प्रखंड में निर्धारित लक्ष्य दो सौ एकड़ के बदले 110 एकड़ में धान के सामुदायिक नर्सरी को लगाया गया है जिसका किसान भरपूर फायदा उठा रहे हैं. डीएम सुब्रत कुमार सेन ने गुरुवार को जलालपुर प्रखंड के […]
विज्ञापन
डीएम ने जलालपुर प्रखंड में धान की सामुदायिक नर्सरी का किया निरीक्षण
छपरा (सदर) : जिले में प्रत्येक प्रखंड में निर्धारित लक्ष्य दो सौ एकड़ के बदले 110 एकड़ में धान के सामुदायिक नर्सरी को लगाया गया है जिसका किसान भरपूर फायदा उठा रहे हैं. डीएम सुब्रत कुमार सेन ने गुरुवार को जलालपुर प्रखंड के नवादा पंचायत में धान के सामुदायिक नर्सरी का स्थल निरीक्षण करने के बाद कहीं. डीएम ने स्थानीय किसानों से मिलकर यह जाना की किसी के विकास के लिए सरकार की चलायी जा रही योजनाओं उन्हें है कि नहीं. डीएम श्री सेन ने प्रखंड कृषि पदाधिकारी को निर्देश दिया कि किसान सलाहकार या कृषि समन्वयक के साथ समन्वय स्थापित कर सरकारी योजनाओं को किसानों तक पहुंचाएं.
जलालपुर प्रखंड में महज 30 फीसदी धान की रोपनी ही हो पाने तथा महज 15 किसानों के ही डीजल सब्सिडी के लिए आवेदन मिलने पर नाराजगी जताते हुए जवाब तलब किया. वहीं लोगों से अधिक से अधिक संख्या में आवेदन देने का निर्देश दिया. डीएम ने कहा कि सारण में 54 फीसदी धान की रोपनी हो पायी है. यदि मौसम अनुकूल रहा तो धान की रोपनी के प्रति किसानों में उत्सुकता के कारण लक्ष्य को पूरा किया जा सकता है.
हालांकि राज्य सरकार ने अभी भी सारण जिले को बिहार के पांच वैसे जिलों में रखा है जहां सबसे कम बारिश हुई है. ऐसी स्थिति में यदि बारिश बेहतर नहीं हुई तो अभी भी रोपनी प्रभावित होगी. जिला कृषि पदाधिकारी से भी डीएम ने विभिन्न प्रखंडों से सामुदायिक नर्सरी के स्थल निरीक्षण का विस्तृत ब्योरा मांगा. डीएम ने बताया कि एक एकड़ में सामुदायिक नर्सरी करने वाले किसानों को 5820 रुपये कृषि इनपुट के रूप में दिया जाता है जिसमें धान के उत्तम किस्म के बीज, खाद, कंपोस्ट आदि शामिल है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




