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Guru Purnima 2022 LIVE Updates: आज मनाया जा रहा है गुरु पूर्णिमा का त्योहार, यहां जानें पूजा विधि

Updated at : 13 Jul 2022 6:53 AM (IST)
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Guru Purnima 2022 LIVE Updates: आज मनाया जा रहा है गुरु पूर्णिमा का त्योहार, यहां जानें पूजा विधि

Guru Purnima 2022 Tithi, Shubh Time and Puja Vidhi: हिंदू कैलेंडर के अनुसार इस साल गुरु पूर्णिमा आज यानी 13 जुलाई 2022 को मनाई जा रही है. गुरु पूर्णिमा तिथि 13 जुलाई को सुबह 4 बजे प्रारंभ हो चुका है और 14 जुलाई को रात 12 बजकर 6 मिनट पर समाप्त होगी. पूर्णिमा के पावन दिन भगवान विष्णु की पूजा- अर्चना का विशेष महत्व होता है. इस दिन विष्णु भगवान के साथ माता लक्ष्मी की पूजा- अर्चना भी करें.

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6:53 AM. 13 Jul 226:53 AM. 13 Jul

गुरु पूर्णिमा शुभ मुहूर्त

गुरु पूर्णिमा बुधवार, जुलाई 13, 2022 को

पूर्णिमा तिथि प्रारम्भ – जुलाई 13, 2022 को 04:00 बजे सुबह

पूर्णिमा तिथि समाप्त – जुलाई 14, 2022 को 12:06 बजे दोपहर

6:53 AM. 13 Jul 226:53 AM. 13 Jul

गुरु का ध्यान करते हुए गुरु मंत्र का जाप करें

इस बार गुरु पूर्णिमा 13 जुलाई को सुबह चार बजे से शुरू होगी जो 14 जुलाई की रात 12 बजकर 06 मिनट तक रहेगी. इस दिन राजयोग बन रहा है, ऐसे में अगर आप चाहते हैं कि आपके जीवन में आ रही नौकरी में आ रही व्यवधान जैसी समस्याओं से निजात मिल जाये तो गुरु पूर्णिमा के दिन अपने गुरु का ध्यान करते हुए गुरु मंत्र का जाप करें.

6:53 AM. 13 Jul 226:53 AM. 13 Jul

विवाह मेंआ रही परेशानी को दूर करने के उपाय

जिन जातकों के वैवाहिक जीवन में दिक्कतें आ रही हैं अथवा शादी-विवाह नहीं हो रहा है ऐसे जातकों को गुरु पूर्णिमा के दिन गुरु यंत्र को स्थापित कर उसकी विधिवत पूजा करनी चाहिए. यह उपाय आपको कई क्षेत्रों में सफलता दिलाएगी और वैवाहिक जीवन से जुड़ी सभी परेशानियां खत्म हो जाएगी.

6:34 AM. 13 Jul 226:34 AM. 13 Jul

शुभ समय

गुरु पूर्णिमा का स्नान-दान: 13 जुलाई को सुबह करीब 4 बजे प्रारंभ

इन्द्र योग: 13 जुलाई को दोपहर 12:45 बजे तक

चन्द्रोदय समय: 13 जुलाई, शाम 07:20 बजे

भद्राकाल: 13 जुलाई को सुबह 05 बजकर 32 मिनट से दोपहर 02 बजकर 04 मिनट तक

राहुकाल: 13 जुलाई को दोपहर 12 बजकर 27 मिनट से दोपहर 02 बजकर 10 मिनट तक

6:34 AM. 13 Jul 226:34 AM. 13 Jul

गुरु पूर्णिमा का मुहूर्त

पंचांग के अनुसार, गुरु पूर्णिमा 12 जुलाई को रात्रि में 2 बजकर 35 मिनट से शुरू हो रही है. इसलिए उदया तिथि में 13 जुलाई को गुरु पूर्णिमा का पर्व मनाया जाएगा. गुरु पूर्णिमा का स्नान पूर्णिमा तिथि के प्रारंभ होते ही शुरू हो जाएगा. गुरु पूर्णिमा के स्नान – दान का उत्तम शुभ मुहूर्त सूर्योदय के पहले तक माना जाता है. वैसे पूर्णिमा तिथि 13 जुलाई को रात्रि के 12:06 बजे तक है. इसके उपरांत सावन का प्रवेश हो जाएगा और उदया तिथि में 14 जुलाई से सावन के महीने का प्रारंभ होगा.

6:34 AM. 13 Jul 226:34 AM. 13 Jul

आज के दिन गुरु को पूजने की परंपरा सदियो पुरानी

गुरु पूर्णिमा पर गुरु को पूजने की परंपरा आज से नहीं बल्कि सदियो पुरानी है.

6:34 AM. 13 Jul 226:34 AM. 13 Jul

ऐसे नाम पड़ा नाम वेदव्यास

वेदव्यास जी आदिगुरु हैं. सभी पुराणों के रचयिता महर्षि वेदव्यास को माना जाता है. इन्होंने वेदों को विभाजित किया है, जिसके कारण इनका नाम वेदव्यास पड़ा था.

6:34 AM. 13 Jul 226:34 AM. 13 Jul

आज ही के दिन हुआ था महर्षि वेदव्यास का जन्म

गुरु पूर्णिमा के दिन आदिगुरु, महाभारत के रचयिता और चार वेदों के व्याख्याता महर्षि कृष्ण द्वैपायन व्यास महर्षि वेदव्यास का जन्म हुआ था.

6:00 AM. 13 Jul 226:00 AM. 13 Jul

गुरु पूर्णिमा पर बन रहें ये 4 राजयोग

गुरु पूर्णिमा पर गुरु, मंगल, बुध और शनि ग्रह के शुभ संयोग से रुचक, शश, हंस और भद्र नामक राजयोग का निर्माण हो रहा है. इस राज योग के कारण यह गुरु पूर्णिमा विशिष्ट महत्त्व की हो गई है. धार्मिक मान्यता है कि गुरु पूर्णिमा के दिन गुरु पूजन से जातक की कुंडली में गुरु दोष व पितृदोष समाप्त होता है. उन्हें नौकरी, करियर व व्यापार में अत्यधिक लाभ मिलता है.

5:54 AM. 13 Jul 225:54 AM. 13 Jul

गुरु पूर्णिमा के दिन कई शुभ योग

इस बार गुरु पूर्णिमा 2022 के दिन कई शुभ योग बनने के कारण इसका महत्व बढ़ गया है. इस साल गुरु पूर्णिमा 13 जुलाई को पड़ रही है. ज्योतिष के अनुसार, इस दिन कई शुभ योग बन रहे हैं. इस दिन शश, हंस, भद्र और रुचक नामक 4 राज योग का निर्माण हो रहा है. इसके साथ ही इस दिन बुध ग्रह भी अनुकूल स्थिति में रहेंगे. जिससे बुधादित्य योग का निर्माण हो रहा है. शुक्र ग्रह मित्र ग्रहों के साथ हैं. जिसे बहुत शुभ माना जा रहा है. ज्योतिष के अनुसार इस दौरान लिए जाने वाले गुरु मंत्र और दीक्षा व्यक्ति के लिए बेहद शुभ साबित होंगे.

5:54 AM. 13 Jul 225:54 AM. 13 Jul

गुरु महाराज की आरती (Guru Purnima Aarti)

जय गुरुदेव अमल अविनाशी, ज्ञानरूप अन्तर के वासी,

पग पग पर देते प्रकाश, जैसे किरणें दिनकर कीं।

आरती करूं गुरुवर की॥

जब से शरण तुम्हारी आए, अमृत से मीठे फल पाए,

शरण तुम्हारी क्या है छाया, कल्पवृक्ष तरुवर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

ब्रह्मज्ञान के पूर्ण प्रकाशक, योगज्ञान के अटल प्रवर्तक।

जय गुरु चरण-सरोज मिटा दी, व्यथा हमारे उर की।

आरती करूं गुरुवर की।

अंधकार से हमें निकाला, दिखलाया है अमर उजाला,

कब से जाने छान रहे थे, खाक सुनो दर-दर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

संशय मिटा विवेक कराया, भवसागर से पार लंघाया,

अमर प्रदीप जलाकर कर दी, निशा दूर इस तन की।

आरती करूं गुरुवर की॥

भेदों बीच अभेद बताया, आवागमन विमुक्त कराया,

धन्य हुए हम पाकर धारा, ब्रह्मज्ञान निर्झर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

करो कृपा सद्गुरु जग-तारन, सत्पथ-दर्शक भ्रांति-निवारण,

जय हो नित्य ज्योति दिखलाने वाले लीलाधर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

आरती करूं सद्गुरु की

प्यारे गुरुवर की आरती, आरती करूं गुरुवर की।

5:54 AM. 13 Jul 225:54 AM. 13 Jul

इन गुरु मंत्रों का करें जाप (Guru Purnima Mantra)

ॐ गुं गुरवे नम:।

ॐ ऐं श्रीं बृहस्पतये नम:।

ॐ बृं बृहस्पतये नम:।

ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं स: गुरवे नम:।

ॐ क्लीं बृहस्पतये नम:।

5:36 AM. 13 Jul 225:36 AM. 13 Jul

गुरु पूर्णिमा शुभ मुहूर्त (Guru Purnima Shubh Muhurat)

गुरु पूर्णिमा बुधवार, जुलाई 13, 2022 को

पूर्णिमा तिथि प्रारम्भ – जुलाई 13, 2022 को 04:00 बजे सुबह

पूर्णिमा तिथि समाप्त – जुलाई 14, 2022 को 12:06 बजे दोपहर

4:50 PM. 12 Jul 224:50 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा तिथि पर शुभ चौघड़िया

लाभ और अमृत – सुबह 5.41 से सुबह 9.10 बजे तक

शुभ – सुबह 10.50 से दोपहर 12.30 बजे तक

चंचल और लाभ – सुबह 3.58 बजे से शाम 7.23 तक

4:50 PM. 12 Jul 224:50 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा तिथि पर शुभ चौघड़िया

लाभ और अमृत – सुबह 5.41 से सुबह 9.10 बजे तक

शुभ – सुबह 10.50 से दोपहर 12.30 बजे तक

चंचल और लाभ – सुबह 3.58 बजे से शाम 7.23 तक

4:50 PM. 12 Jul 224:50 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा पर क्या करें?

अपने गुरु का ध्यान करें और गुरु मंत्र का जाप करें जिन्होंने अभी तक अपना गुरु नहीं बनाया है. वे भगवन शिव जी को गुरु मानते हुए उनका ध्यान कर पंचाक्षर मंत्र का जप करें. जिन साधनों से ज्ञान मिलता है उनकी पूजा करनी चाहिए. गुरु के उपदेश का पालन करना चाहिए.

3:10 PM. 12 Jul 223:10 PM. 12 Jul

ग्रहों का शुभ संयोग

आषाढ़ पूर्णिमा पर ग्रहों की शुभ स्थिति के कारण कई राजयोग का निर्माण हो रहा है. इस बार गुरु पूर्णिमा पर गुरु, मंगल, बुध और शनि ग्रह के शुभ संयोग से रुचक, शश, हंस और भद्र योग बन रहे हैं। मान्यता है कि गुरु पूजन से जातक की कुंडली में गुरु दोष व पितृदोष समाप्त होता है। गुरु पूजन से नौकरी, करियर व व्यापार में लाभ मिलने की मान्यता है.

3:10 PM. 12 Jul 223:10 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा 2002 पूजन विधि

अगर आप भी गुरु पूर्णिमा प​र विधि-विधान से पूजन करना चाहते हैं तो आइए जानते हैं पूजन के बारे में डिटेल से. इस दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि कर भगवान सूर्य को जल चढ़ाएं. इसके बाद मंदिर को स्वच्छ कर वहां भगवान विष्णु और माता पार्वती के समक्ष घी का दीपक प्रज्वलित करें. यदि संभव हो तो इस दिन व्रत रखना भी लाभकारी होता है. इसके अलावा गुरु पूर्णिमा के दिन पवित्र नदियों में स्नान करने भी विशेष महत्व है. अगर स्नान करना संभव न हो तो घर पर स्नान करते समय पानी में थोड़ सा गंगाजल मिला लें.

3:10 PM. 12 Jul 223:10 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा 2022 शुभ मुहूर्त

हिंदू कैलेंडर के अनुसार गुरु पूर्णिमा इस साल 13 जुलाई, बुधवार के दिन मनाई जाएगी. पूर्णिमा तिथि 13 जुलाई को सुबह 4 बजे प्रारंभ होगी. इसका समापन 14 जुलाई, गुरुवार को रात 12 बजकर 6 मिनट पर होगा.

3:10 PM. 12 Jul 223:10 PM. 12 Jul

बन रहा है ग्रहों का शुभ संयोग

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार गुरु पूर्णिमा के दिन कई ग्रहों का शुभ संयोग बन रहा है. फिलहाल ग्रहों के राजा सूर्यदेव मिथुन राशि में हैं और बुध के साथ युति बनाए हुए हैं. सूर्य और बुध का एक राशि में होना बुधादित्य योग बनाता है. वहीं मंगल अपनी स्वराशि मेश में गोचर कर रहा है, जिसके कारण रुचक योग बन रहा है. जबकि गुरु अपनी स्वराशि वृषभ में मौजूद है जो कि मालव्य योग बना रहे हैं. वहीं शनि 12 जुलाई को कुंभ राशि से निकलकर मकर राशि में गोचर करेंगे जिससे शश योग बनेगा.

1:45 PM. 12 Jul 221:45 PM. 12 Jul

विवाह में आ रही परेशानी तो करें ये उपाय

जिन जातकों के विवाह संबंधी मामलों में परेशानी आ रही है, ऐसे जातकों को गुरु पूर्णिमा के दिन गुरु यंत्र को स्थापित कर उसकी विधिवत पूजा करनी चाहिए. इस उपाय से वैवाहिक जीवन से जुड़ी सभी परेशानियां खत्म हो जाएगी.

1:45 PM. 12 Jul 221:45 PM. 12 Jul

पढ़ाई में आ रही परेशानी को दूर करने के उपाय

जिन विद्यार्थियों को पढ़ाई में किसी भी तरह की परेशानी आ रही है, उनका पढ‍़ाई में मन नहीं लग रहा है. ऐसे जातकों को गुरु पूर्णिमा के दिन गीता पाठ करना चाहिए. इस उपाय से पढ़ाई में हो रही समस्याएं दूर हो सकती है.

12:16 PM. 12 Jul 2212:16 PM. 12 Jul

गुरु महाराज की आरती

जय गुरुदेव अमल अविनाशी, ज्ञानरूप अन्तर के वासी,

पग पग पर देते प्रकाश, जैसे किरणें दिनकर कीं।

आरती करूं गुरुवर की॥

जब से शरण तुम्हारी आए, अमृत से मीठे फल पाए,

शरण तुम्हारी क्या है छाया, कल्पवृक्ष तरुवर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

ब्रह्मज्ञान के पूर्ण प्रकाशक, योगज्ञान के अटल प्रवर्तक।

जय गुरु चरण-सरोज मिटा दी, व्यथा हमारे उर की।

आरती करूं गुरुवर की।

अंधकार से हमें निकाला, दिखलाया है अमर उजाला,

कब से जाने छान रहे थे, खाक सुनो दर-दर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

संशय मिटा विवेक कराया, भवसागर से पार लंघाया,

अमर प्रदीप जलाकर कर दी, निशा दूर इस तन की।

आरती करूं गुरुवर की॥

भेदों बीच अभेद बताया, आवागमन विमुक्त कराया,

धन्य हुए हम पाकर धारा, ब्रह्मज्ञान निर्झर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

करो कृपा सद्गुरु जग-तारन, सत्पथ-दर्शक भ्रांति-निवारण,

जय हो नित्य ज्योति दिखलाने वाले लीलाधर की।

आरती करूं गुरुवर की॥

आरती करूं सद्गुरु की

प्यारे गुरुवर की आरती, आरती करूं गुरुवर की।

12:16 PM. 12 Jul 2212:16 PM. 12 Jul

Guru Purnima Upay: सफलता प्राप्ति के उपाय

इस दिन मां लक्ष्मी- नारायण मंदिर में कटा हुआ गोल नारियल जरूर अर्पित करें. ऐसा करने से बिगड़े हुए कार्य बनने की मान्यता है. अगर आपके कुंडली में गुरु दोष है तो भगवान विष्णु की श्रद्धापूर्वक पूजा करें. इस दिन जरूरतमंदों को दान जरूर दें. आर्थिक समस्या चल रही है तो आप इस दिन जरूरतमंद लोगों को पीली मिठाई, पीले वस्त्र आदि दान में दें. इस दिन अपने से बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद जरूर लें.

12:16 PM. 12 Jul 2212:16 PM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा का महत्व (Guru Purnima Importance)

वेद व्यास का जन्म आषाढ़ माह पूर्णिमा तिथि को हुआ था. वह ऋषि पाराशर और देवी सत्यवती के पुत्र थे. वेद व्यास ने ही महाभारत महाकाव्य की रचना की थी. दिलचस्प बात यह है कि ऐसा कहा जाता है कि भगवान गणेश ने इसे सुनाया था जिसे वेद व्यास ने लिखा. कहा जाता है कि वेद व्यास ने वेदों को चार वर्ग में वर्गीकृत किया है – ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद और अथर्ववेद. उनकी विरासत को उनके शिष्यों पैला, वैशम्पायन, जैमिनी और सुमंतु ने आगे बढ़ाया. आषाढ़ पूर्णिमा को गुरु पूर्णिमा के रूप में वेद व्यास की जयंती मनाई जाती है.

6:46 AM. 12 Jul 226:46 AM. 12 Jul

13 जुलाई को मनाया जाएगा गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा का पर्व हर साल आषाढ़ माह की पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है. इस बार गुरु पूर्णिमा का त्योहार 13 जुलाई को मनाया जाएगा.

6:25 AM. 12 Jul 226:25 AM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा पर क्या न करें?

  • किसी को भी बिना अच्छी तरह से जानें अपना गुरु न बनाएं.

  • बुद्धिमान, विवेकवान और शास्त्रज्ञ को ही अपना गुरु बनायें ना कि किसी चमत्कारिक व्यक्ति को.

6:25 AM. 12 Jul 226:25 AM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा पर क्या करें?

अपने गुरु का ध्यान करें और गुरु मंत्र का जाप करें जिन्होंने अभी तक अपना गुरु नहीं बनाया है. वे भगवन शिव जी को गुरु मानते हुए उनका ध्यान कर पंचाक्षर मंत्र का जप करें. जिन साधनों से ज्ञान मिलता है उनकी पूजा करनी चाहिए. गुरु के उपदेश का पालन करना चाहिए.

6:25 AM. 12 Jul 226:25 AM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा पर बन रहा राजयोग

इस गुरु पूर्णिमा पर ग्रह नक्षत्रों की युति के हिसाब से 4 राजयोग का निर्माण हो रहा है. ये योग बेहद ख़ास है. जिनकी वजह से 13 जुलाई 2022 दिन बुधवार के दिन पड़ने वाली गुरु पूर्णिमा बेहद खास बन गई है. पंचांग के अनुसार, गुरु पूर्णिमा के दिन मंगल, बुध, गुरु और शनि की स्थिति राजयोग बना रही है. इन ग्रहों के कारण इस दिन रुचक, भद्र, हंस और शश नामक 4 राजयोग बन रहें हैं. इसके अलावा कई सालों बाद गुरु पूर्णिमा के दिन सूर्य-बुध की युति से बुधादित्य योग का निर्माण हो रहा है. ऐसे में हमें यह जान लेना जरुरी हो जाता है कि गुरु पूर्णिमा के दिन क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए.

6:25 AM. 12 Jul 226:25 AM. 12 Jul

पूजन सामग्री

गुरु पूर्णिमा वाले दिन गुरु की पूजा की जानी चाहिए. इस दिन गुरु पूजा में इन पूजा सामग्रियों का अवश्य ही शामिल करना चाहिए. मान्यताओं के अनुसार, इस दिन पूजन में पान का पत्ता, पीला कपड़ा, पीला मिष्ठान, नारियल, पुष्प, इलायची, कर्पूर, लौंग व अन्य सामग्री शामिल करना चाहिए.

5:53 AM. 12 Jul 225:53 AM. 12 Jul

विधि

इस पावन दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान कर लें. इस दिन पवित्र नदियों में स्नान करने का बहुत अधिक महत्व होता है. जो लोग पवित्र नदियों में स्नान के लिए नहीं जा सकते हैं वे नहाने के पानी में गंगा जल डालकर स्नान करें. नहाते समय सभी पावन नदियों का ध्यान कर लें। नहाने के बाद घर के मंदिर में दीप प्रज्वलित करें. अगर संभव हो तो इस दिन व्रत भी रखें।सभी देवी- देवताओं का गंगा जल से अभिषेक करें.

5:53 AM. 12 Jul 225:53 AM. 12 Jul

इस दिन क्या करें?

इस दिन सुबह जल्दी उठ कर पवित्र नदी में स्नान करना चाहिए या नहाने के पानी में गंगा जल छिड़क कर स्नान करना चाहिए. इसके बाद साफ-सुथरे वस्त्र धारण करने चाहिए. घर के मंदिर या पूजा स्थल की साफ-सफाई करनी चाहिए और गंगा जल छिड़कना चाहिए. इसके बाद गुरु का स्मरण करना और भगवान विष्णु की पूजा करनी चाहिए.

5:53 AM. 12 Jul 225:53 AM. 12 Jul

गुरु पूर्णिमा शुभ मुहूर्त (Guru Purnima Shubh Muhurat)

गुरु पूर्णिमा बुधवार,जुलाई 13, 2022 को
पूर्णिमा तिथि प्रारम्भ – जुलाई 13, 2022 को 04:00 बजे सुबह
पूर्णिमा तिथि समाप्त – जुलाई 14, 2022 को 12:06 बजे दोपहर

5:53 AM. 12 Jul 225:53 AM. 12 Jul

इन गुरु मंत्रों का करें जाप (Guru Purnima Mantra)

ॐ गुं गुरवे नम:।
ॐ ऐं श्रीं बृहस्पतये नम:।
ॐ बृं बृहस्पतये नम:।
ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं स: गुरवे नम:।
ॐ क्लीं बृहस्पतये नम:।

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